(डेली न्यूज़ स्कैन - DNS हिंदी) जम्मू-कश्मीर में नए डोमिसाइल नियम (New Domicile Rule in Jammu and Kashmir)


(डेली न्यूज़ स्कैन - DNS हिंदी) जम्मू-कश्मीर में नए डोमिसाइल नियम (New Domicile Rule in Jammu and Kashmir)



जम्मू-कश्मीर सरकार ने एक एतिहासिक कदम उठाते हुए...नया डोमिसाइल रूल लागू करते हुए....बीते सोमवार को डोमिसाइल सर्टिफिकेट (प्रोसीजर) रूल्स, 2020 का नोटिफिकेशन जारी किया है...इसके जरिए जारी होने वाले प्रमाण पत्र से लोगों को राज्य में नौकरी और अन्य सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा.....

आज DNS कार्यक्रम में बात करेंगे जम्मू कश्मीर में लागू हुए डोमिसाइल सर्टिफिकेट (प्रोसीजर) रूल्स, 2020 की....समझेंगे डोमिसाइल प्रमाणपत्र के लिए योग्य लोग और नियमों को..

जम्मू कश्मीर सरकार ने अधिवास प्रमाणपत्र (domicile certificate ) नियमों को मंजूरी दे दी है....जम्मू कश्मीर प्रशासन के प्रवक्ता रोहित कंसल ने कहा, जिन लोगों के पास राज्य विषय प्रमाण पत्र है, वे स्वचालित रूप से अधिवास प्रमाण पत्र प्राप्त करेंगे. वहीं, विस्थापित कश्मीरी पंडित जो पंजीकृत नहीं हैं, वे स्थायी प्रमाणपत्र होने पर भी अधिवास प्रमाण पत्र प्राप्त कर सकते हैं…

डोमिसाइल सर्टिफिकेट जारी करने के लिए एक आसान प्रक्रिया शुरू की गई है. प्रमाण पत्र जारी करने के लिए 15 दिनों की समयावधि होगी, जिसके बाद आवेदक एक अपीलीय प्राधिकारी के पास जा सकता है. अपीलीय प्राधिकारी का फैसला प्रमाण पत्र जारी करने वाले प्राधिकारी को मानना ही होगा और अपीलीय प्राधिकारी के आदेशों का सात दिनों के भीतर पालन करना होगा. ऐसा ना करने पर 50,000 रुपए का जुर्माना लगेगा....

अपीलीय प्राधिकरण के पास भी रिविजनल पावर्स भी होंगी यानी वह जारी किये गए डोमिसाइल प्रमाण पत्र को संशोधित भी कर सकता है...प्राधिकरण या तो स्वतः संज्ञान ले सकता है या प्रमाण पत्र के लिए किये गये आवेदन का रिकॉर्ड मांग सकता है, किसी भी कार्यवाही की वैधता की जांच कर सकता है और संदर्भ में उचित आदेश पारित कर सकता है. प्रावधान है कि डोमिसाइल सर्टिफिकेट देने के लिए भौतिक या इलेक्ट्रॉनिक रूप में आवेदन प्रस्तुत किए जा सकते हैं.

जम्मू-कश्मीर के पूर्ववर्ती स्थायी निवासी जिनके लिए स्थायी निवासी प्रमाण पत्र (पीआरसी) 31 अक्टूबर, 2019 से पहले सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी किए गए हैं, अकेले पीआरसी के आधार पर उनके डोमिसाइल प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए पात्र होंगे और ऐसे निवासियों के लिए कोई अन्य अतिरिक्त दस्तावेज जरूरी नहीं होगा...

कश्मीरी प्रवासियों को पीआरसी या प्रवासी के पंजीकरण का प्रमाण पत्र दिखा कर डोमिसाइल प्रमाण पत्र पा सकता है. नए नियमों और प्रक्रिया के परिणामस्वरूप, वेस्ट पाकिस्तान रिफ्यूजी (डब्ल्यूपीआर), सफाई कर्मचारी और जम्मू और कश्मीर से बाहर शादी करने वाली महिलाओं के बच्चे भी अब डोमिसाइल सर्टिफिकेट के लिए पात्र होंगे.

नोटिफिकेशन के अनुसार वे सभी लोग जो 15 वर्षों से केंद्रशासित प्रदेश में रह रहे हैं. या जिन्होंने सात वर्षों तक पढ़ाई की है और यहां के एक शैक्षणिक संस्थान में कक्षा 10 वीं या 12 वीं की परीक्षा में उपस्थित हुए हैं और उनके बच्चे, डोमिसाइल रूल के अंतर्गत आएंगे..

इसके अलावा राहत और पुनर्वास आयुक्त के यहां पंजीकृत सभी प्रवासियों और उनके बच्चों को डोमिसाइल सर्टिफिकेट दिया जाएगा. जम्मू-कश्मीर के उन निवासियों के बच्चे जो व्यवसाय या अन्य व्यावसायिक कारणों से रोजगार के सिलसिले में केंद्रशासित प्रदेश से बाहर रहते हैं, वे भी निवासी होने पात्र हो गए हैं.

जिन लोगों ने 31 अक्टूबर 2019 से पहले स्थायी निवास प्रमाणपत्र बनवाए हैं, उन्हें डोमिसाइल प्रमाणपत्र बनवाने के लिए सिर्फ यही इकलौता स्थायी निवास प्रमाणपत्र देना होगा....

जम्मू कश्मीर में दस साल या इससे अधिक नौकरी करने वाले केंद्र सरकार के अधिकारियों, अखिल भारतीय सेवा के अधिकारियों, सार्वजनिक उपक्रमों, स्वायत्त, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों, केंद्रीय विश्वविद्यालयों या केंद्र सरकार के मान्यता प्राप्त शोध संस्थानों के अधिकारियों व कर्मचारियों के बच्चे भी डोमिसाइल के दायरे में आएंगे।

केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर में रहने वाले लोगों के अन्य प्रदेशों में रोजगार, व्यवसाय के सिलसिले में रहे बच्चे भी डोमिसाइल हासिल कर पाएंगे।

बता दें जो लोग इसके योग्य होंगे, वे संबंधित अधिकारियों के समक्ष पेश होकर या ऑनलाइन आवेदन कर पाएंगे... अगर कोई दिव्यांग है या बच्चा है, तो उनके लिए अधिकृत किया गया व्यक्ति डोमिसाइल का आवेदन कर सकता है...

डोमिसाइल सर्टिफिकेट प्राप्त करने के लिए राशन कार्ड, अचल संपत्ति रिकॉर्ड शिक्षा प्रमाण पत्र, बिजली बिल या सत्यापित लेबर कार्ड / नियोक्ता प्रमाण पत्र जमा करना होगा.....

जम्मू- कश्मीर में किसी भी श्रेणी की नौकरियों में आवेदन करने के लिए डोमिसाइल प्रमाणपत्र जरूरी होंगे...भारत के संविधान के अनुच्छेद 309 और जम्मू कश्मीर सिविल सर्विस (डिसेंट्रललाइजेशन एंड रिक्रूटमेंट) एक्ट 2010 के तहत जम्मू कश्मीर सरकार ने डोमिसाइल सर्टिफिकेट प्रोसीजर रूल्स- 2020 को जारी कर दिया है....

आपको बता दें डोमिसाइल प्रमाणपत्र विस्थापितों को डोमिसाइल प्रमाणपत्र राहत और पुनर्वास आयुक्त माइग्रेंट जारी करेंग....- केंद्रीय विभागों या संस्थानों के कर्मचारियों के बच्चों को डोमिसाइल प्रमाणपत्र सामान्य प्रशासनिक विभाग के अतिरिक्त सचिव या डिवीजनल कमिश्नर कार्यालयों में अतिरिक्त कमिश्नर जारी करेंगे...