होम > Daily-mcqs

Daily-mcqs 20 Jun 2026

यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs 20 Jun 2026

image
यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs

Q1:

भारत में डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के नियामक ढाँचे के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम, 2000 की धारा 69A के अंतर्गत भारत सरकार, संप्रभुता, सुरक्षा तथा लोक व्यवस्था के हित में ऑनलाइन सामग्री को अवरुद्ध (ब्लॉक) कर सकती है।

2.   सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यस्थ दिशानिर्देश एवं डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021 के अनुसार, महत्वपूर्ण संदेश-प्रेषण (मैसेजिंग) प्लेटफ़ॉर्मों को ऐसी व्यवस्था उपलब्ध करानी होती है जिससे किसी सूचना के "प्रथम स्रोतकर्ता" (First Originator) का पता लगाया जा सके।

3.   यदि कोई सोशल मीडिया मध्यस्थ (Social Media Intermediary) सरकार के वैध सामग्री-हटाने (Takedown) संबंधी निर्देशों का पालन करने में विफल रहता है, तो उसे IT अधिनियम की धारा 79 के अंतर्गत प्राप्त "सेफ हार्बर" (Safe Harbour) संरक्षण से वंचित कर दिया जाता है।

उपरोक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: D

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
IT
अधिनियम, 2000 की धारा 69A केंद्र सरकार या उसके द्वारा अधिकृत अधिकारियों को किसी भी ऑनलाइन सूचना तक सार्वजनिक पहुँच को अवरुद्ध (ब्लॉक) करने का अधिकार प्रदान करती है। यह शक्ति भारत की संप्रभुता एवं अखंडता, राष्ट्रीय रक्षा, राज्य की सुरक्षा, विदेशी राज्यों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंधों तथा लोक व्यवस्था के हित में प्रयोग की जा सकती है।


कथन 2 सही है:
IT
नियम, 2021 के अंतर्गत, वे महत्वपूर्ण सोशल मीडिया मध्यस्थ जो मुख्य रूप से संदेश-सेवा (Messaging Service) प्रदान करते हैं, उन्हें ऐसी तकनीकी व्यवस्था उपलब्ध करानी होती है जिससे किसी संदेश के प्रथम स्रोतकर्ता (First Originator) की पहचान की जा सके। यह जानकारी न्यायालय या अधिकृत सरकारी एजेंसी के अनुरोध पर प्रदान की जा सकती है, विशेषकर संप्रभुता, लोक व्यवस्था या गंभीर अपराधों से संबंधित मामलों में।


कथन 3 सही है:
IT
अधिनियम की धारा 79 मध्यस्थों को "सेफ हार्बर" (Safe Harbour) सुरक्षा प्रदान करती है। इसका अर्थ है कि यदि वे आवश्यक सावधानी (Due Diligence) का पालन करें और सरकारी निर्देशों के अनुसार आपत्तिजनक सामग्री को हटाएँ, तो वे उपयोगकर्ताओं द्वारा पोस्ट की गई तृतीय-पक्ष सामग्री के लिए कानूनी रूप से उत्तरदायी नहीं होंगे।
यदि कोई मध्यस्थ सरकार के वैध हटाने संबंधी आदेशों का पालन नहीं करता है, तो वह इस सुरक्षा को खो देता है और उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।


                            

Q2:

भारत में डिजिटल अनुप्रयोगों (Digital Applications) के प्रत्यक्ष अवरोधन (Direct Blocking) तंत्र के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   IT अधिनियम की धारा 79(3)(b) के अंतर्गत "प्रत्यक्ष अवरोधन तंत्र" (Direct Blocking Mechanism) कुछ नामित मंत्रालयों को आपातकालीन परिस्थितियों में समिति की समीक्षा के बिना सीधे सामग्री हटाने (Takedown) के आदेश जारी करने की अनुमति देता है।

2.   धारा 69A एक विस्तृत प्रक्रिया निर्धारित करती है, जिसमें किसी एजेंसी द्वारा अवैध सामग्री की पहचान, एक नामित समिति द्वारा उसकी समीक्षा तथा अंततः इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) द्वारा अंतिम अनुमोदन शामिल होता है।

उपरोक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

A: केवल 1

B: केवल 2

C: 1 व 2 दोनों

D: कोई नहीं

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
IT
अधिनियम की धारा 79(3)(b) आपातकालीन परिस्थितियों में एक प्रत्यक्ष अवरोधन तंत्र (Direct Blocking Mechanism) के रूप में कार्य करती है। यह कुछ विशिष्ट मंत्रालयों या एजेंसियों को मध्यस्थों (Intermediaries) को सीधे सामग्री हटाने (Takedown) के आदेश जारी करने की अनुमति देती है। अक्सर यह प्रक्रिया सहयोग (Sahyog) पोर्टल जैसे प्लेटफ़ॉर्मों के माध्यम से संचालित की जाती है, ताकि अवैध गतिविधियों को तुरंत रोका जा सके।


कथन 2 सही है:
धारा 69A के अंतर्गत सामग्री को अवरुद्ध करने की प्रक्रिया अत्यंत सुव्यवस्थित और संस्थागत जाँच एवं संतुलन (Checks and Balances) से युक्त है। यह प्रक्रिया अधिकृत मंत्रालयों या एजेंसियों द्वारा आपत्तिजनक सामग्री की पहचान से शुरू होती है, फिर विशेषज्ञों की एक नामित समिति द्वारा विस्तृत समीक्षा की जाती है, और अंत में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) द्वारा अंतिम अवरोधन आदेश जारी किया जाता है।


                            

Q3:

हाल ही में खोजी गई पतंगा (Moth) प्रजाति Mimeusemia kali के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   यह पतंगा Noctuidae कुल (Family) से संबंधित है।

2.   यह भारत में Mimeusemia वंश (Genus) में वर्ष 1995 के बाद पहली प्रमुख नई वृद्धि (Addition) का प्रतिनिधित्व करती है।

3.   इस कुल के पतंगे पारिस्थितिकी तंत्र के स्वास्थ्य तथा आवासीय व्यवधान (Habitat Disturbance) के महत्वपूर्ण जैव-संकेतक (Bio-indicators) के रूप में कार्य करते हैं।

उपरोक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 2

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: D

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
Mimeusemia kali
पतंगा Noctuidae कुल (जिसे सामान्यतः Owlet Moths कहा जाता है) तथा Agaristinae उपकुल (Subfamily) से संबंधित है।


कथन 2 सही है:
Zoological Survey of India (ZSI)
द्वारा की गई यह खोज एक महत्वपूर्ण वर्गीकरणीय (Taxonomic) उपलब्धि है। यह लगभग 30 वर्षों में भारत में Mimeusemia वंश में पहली प्रमुख नई वृद्धि मानी जाती है।


कथन 3 सही है:
पारिस्थितिकीय अध्ययनों से पता चलता है कि पतंगे पर्यावरणीय परिवर्तनों के प्रति अत्यंत संवेदनशील होते हैं। आवासीय परिवर्तनों और जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के प्रति उनकी संवेदनशीलता के कारण इन्हें व्यापक रूप से जैव-संकेतक (Bio-indicators) के रूप में उपयोग किया जाता है, जो किसी पारिस्थितिकी तंत्र के स्वास्थ्य का आकलन करने में सहायता करते हैं।


                            

Q4:

काली टाइगर रिजर्व (Kali Tiger Reserve) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   यह कर्नाटक के उत्तर कन्नड़ (Uttara Kannada) जिले में स्थित है।

2.   इसे पहले दांदेली-अंशी टाइगर रिजर्व (Dandeli-Anshi Tiger Reserve) के नाम से जाना जाता था और वर्ष 2015 में काली नदी (Kali River) के नाम पर इसका नाम बदलकर काली टाइगर रिजर्व रखा गया।

3.   इसे वर्ष 2007 में दांदेली वन्यजीव अभयारण्य (Dandeli Wildlife Sanctuary) और अंशी राष्ट्रीय उद्यान (Anshi National Park) के विलय के बाद प्रोजेक्ट टाइगर (Project Tiger) के अंतर्गत टाइगर रिजर्व घोषित किया गया।

4.   यह पूर्वी घाट (Eastern Ghats) में स्थित है और आंध्र प्रदेश के साथ एक वन्यजीव गलियारा (Wildlife Corridor) बनाता है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1,3 और 4

C: केवल 1,2 और 3

D: 1, 2, 3 और 4

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
Kali Tiger Reserve
कर्नाटक के उत्तर कन्नड़ जिले में स्थित है।


कथन 2 सही है:
इस रिजर्व को पहले Dandeli-Anshi Tiger Reserve के नाम से जाना जाता था। वर्ष 2015 में इसका नाम बदलकर काली टाइगर रिजर्व रखा गया, जिसका नाम Kali River से लिया गया है।


कथन 3 सही है:
वर्ष 2007 में Dandeli Wildlife Sanctuary और Anshi National Park के विलय के बाद इसे Project Tiger के अंतर्गत टाइगर रिजर्व घोषित किया गया।


कथन 4 गलत है:
यह रिजर्व पूर्वी घाट (Eastern Ghats) में नहीं, बल्कि Western Ghats में स्थित है। यह गोवा और महाराष्ट्र तक फैले विस्तृत वन क्षेत्र का हिस्सा है, जो एक महत्वपूर्ण वन्यजीव गलियारा (Wildlife Corridor) बनाता है।


                            

Q5:

पश्चिमी घाट (Western Ghats) और भारतीय प्राणी सर्वेक्षण (Zoological Survey of India - ZSI) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   पश्चिमी घाट लगभग 1,600 किमी तक फैला हुआ है और इसे यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल (UNESCO World Heritage Site) के रूप में मान्यता प्राप्त है।

2.   पश्चिमी घाट भारत के कुल भू-क्षेत्र के 6% से भी कम भाग पर स्थित है, लेकिन यह देश की 30% से अधिक जैव-विविधता का समर्थन करता है।

3.   भारतीय प्राणी सर्वेक्षण (ZSI) की स्थापना वर्ष 1916 में हुई थी और यह पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय (MoEFCC) के अधीन कार्य करता है।

4.   ZSI का मुख्य दायित्व भारत में टाइगर रिजर्वों और राष्ट्रीय उद्यानों का प्रबंधन करना है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1,2 और 4

C: केवल 1,2 और 3

D: 1, 2, 3 और 4

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
Western Ghats (
सह्याद्रि पर्वतमाला) लगभग 1,600 किलोमीटर तक फैली हुई है और भारत के छह राज्यों में विस्तृत है। इसे UNESCO विश्व धरोहर स्थल के रूप में मान्यता प्राप्त है।


कथन 2 सही है:
यद्यपि पश्चिमी घाट भारत के कुल भू-क्षेत्र के 6% से भी कम भाग पर फैला है, फिर भी यह देश की 30% से अधिक जैव-विविधता को आश्रय प्रदान करता है। यही कारण है कि इसे विश्व के आठ प्रमुख जैव-विविधता हॉटस्पॉट्स में से एक माना जाता है।


कथन 3 सही है:
Zoological Survey of India (ZSI)
की स्थापना 1916 में हुई थी। इसका मुख्यालय Kolkata में स्थित है और यह Ministry of Environment, Forest and Climate Change (MoEFCC) के अधीन कार्य करता है।


कथन 4 गलत है:
ZSI
टाइगर रिजर्वों या राष्ट्रीय उद्यानों के प्रबंधन के लिए उत्तरदायी नहीं है। इसका मुख्य कार्य प्राणी वर्गीकरण (Animal Taxonomy), जैव-विविधता आकलन, पारिस्थितिकीय अनुसंधान तथा संरक्षण के लिए वैज्ञानिक परामर्श प्रदान करना है।


                            
Aliganj Gomti Nagar Prayagraj