होम > Blog

Blog / 04 Oct 2025

तूफ़ान बुअलॉय: दक्षिण‑पूर्व एशिया में तबाही – करेंट अफेयर्स | Dhyeya IAS

संदर्भ:

हाल ही में वियतनाम में टायफून बुआलोई और उससे उत्पन्न बाढ़ के कारण जान माल की हानि हुई है। देश की आपदा प्रबंधन एजेंसी की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, 2,10,000 से अधिक घर या तो क्षतिग्रस्त हुए हैं या पूरी तरह पानी में डूब गए हैं। प्रारंभिक आकलन में आर्थिक नुकसान लगभग 435.8 मिलियन अमेरिकी डॉलर अनुमानित है।

टायफून बुआलोई के बारे में:

टायफून बुआलोई उत्तर-पश्चिमी प्रशांत महासागर क्षेत्र में उत्पन्न एक उष्णकटिबंधीय चक्रवात था। फिलीपींस में इसे टायफून ओपोंग के नाम से जाना गया। अपने चरम पर इसकी तीव्रता कैटेगरी–2 (सैफिर-सिम्पसन स्केल के अनुसार) के बराबर पहुँच गई थी। यह 2025 प्रशांत चक्रवात मौसम का 20वाँ नामित तूफ़ान और 9वाँ टायफून था। बाद में यह भूमि पर पहुँचते ही कमजोर हो गया।

उत्पत्ति और मार्ग:

·         टायफून बुआलोई की शुरुआत पश्चिमी प्रशांत महासागर में याप द्वीप के उत्तर में बने एक वायुमंडलीय विक्षोभ से हुई।

·         फिलीपींस की मौसम एजेंसी PAGASA ने इसे ओपोंग नाम दिया, जबकि जापान मौसम विज्ञान एजेंसी (JMA) ने इसे बुआलोई नाम प्रदान किया।

·         यह तूफ़ान फिलीपींस के कई द्वीपों से टकराया, जहाँ इसने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई और हजारों लोगों को विस्थापित कर दिया।

·         इसके बाद यह और अधिक शक्तिशाली हुआ तथा वियतनाम की ओर बढ़ा। वहाँ इसने मूसलधार वर्षा, समुद्री लहरों (स्टॉर्म सर्ज) और तेज़ हवाओं के कारण भीषण बाढ़ और भूस्खलन को जन्म दिया।

उष्णकटिबंधीय चक्रवात क्या है?

·         उष्णकटिबंधीय चक्रवात एक विशाल, घूमने वाला निम्न दाब तंत्र होता है, जो गर्म उष्णकटिबंधीय या उप-उष्णकटिबंधीय समुद्र की सतह पर विकसित होता है।

·         इसमें संगठित मेघ-गर्जन (थंडरस्टॉर्म), केंद्र के चारों ओर हवाओं का तेज़ चक्रवातीय घूमाव और भारी वर्षा शामिल होती है। शक्तिशाली चक्रवातों में बीच में एक आँख वाली आकृति भी दिखाई देती है।

·         इसका मुख्य ऊर्जा स्रोत गर्म समुद्र का पानी होता है। समुद्र की सतह से वाष्पित हुआ पानी ऊपर उठकर ठंडा होता है, फिर संघनित होकर बादल बनाता है। इस प्रक्रिया में निकलने वाली गुप्त ऊष्मा (Latent Heat) चक्रवात को लगातार ऊर्जा प्रदान करती रहती है।

·         उष्णकटिबंधीय चक्रवात बनने और विकसित होने के कुछ चरण इस प्रकार हैं:

1.        उष्णकटिबंधीय अवदाब (Tropical Depression): जब हवाओं की गति 34 नॉट्स (62 किमी/घं.) से कम होती है।

2.      उष्णकटिबंधीय तूफ़ान (Tropical Storm): जब हवाओं की गति 34–63 नॉट्स (62–117 किमी/घं.) के बीच होती है।

3.      पूर्ण चक्रवात / हुर्रिकेन / टायफून: जब हवाओं की गति 64 नॉट्स (≈119 किमी/घं. या 74 मील/घं.) या उससे अधिक हो जाती है, तो इसे प्रबल चक्रवात कहा जाता है। अलग-अलग क्षेत्रों में इसके नाम “हुर्रिकेन, टायफून और साइक्लोन” बदल जाते हैं।

4.      

शब्दावली: हुर्रिकेन, टायफून, साइक्लोन

शब्द

क्षेत्र / महासागर बेसिन

उपयोग / विवरण

हुर्रिकेन (Hurricane)

उत्तर अटलांटिक, पूर्वी एवं मध्य उत्तरी प्रशांत

इन क्षेत्रों में जब हवाओं की गति 74 मील/घं. (119 किमी/घं.) या अधिक होती है।

टायफून (Typhoon)

उत्तर-पश्चिमी प्रशांत (इंटरनेशनल डेट लाइन के पश्चिम)

इन्हीं हवाओं की गति सीमा पर जब तूफ़ान इस क्षेत्र में आता है तो इसे टायफून कहा जाता है।

साइक्लोन (Cyclone)

हिंद महासागर और दक्षिण प्रशांत

इन क्षेत्रों में किसी भी तीव्रता का उष्णकटिबंधीय चक्रवात सामान्यतः साइक्लोन या गंभीर चक्रवाती तूफ़ान कहलाता है।

 

 

Aliganj Gomti Nagar Prayagraj