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Daily-mcqs 29 Jun 2026

Current Affairs MCQs for UPSC & State PSC Exams- यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs 29 Jun 2026

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Current Affairs MCQs for UPSC & State PSC Exams- यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs

Q1:

भारत–बांग्लादेश तीस्ता जल विवाद के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. वर्ष 2011 में वार्ता के माध्यम से तैयार किए गए तीस्ता जल बंटवारा समझौते का भारत और बांग्लादेश दोनों द्वारा औपचारिक रूप से अनुमोदन (Ratification) किया जा चुका है।
  2. संयुक्त नदी आयोग (Joint Rivers Commission - JRC) की स्थापना वर्ष 1972 में भारत और बांग्लादेश के बीच साझा नदियों के प्रबंधन हेतु की गई थी।
  3. तीस्ता नदी समग्र प्रबंधन एवं पुनर्स्थापन परियोजना (TRCMRP) में चीन की भागीदारी को लेकर भारत ने, इसके सिलीगुड़ी कॉरिडोर के निकट होने के कारण, सामरिक चिंताएँ व्यक्त की हैं।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1,2 और 3

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

कथन 1 – गलत।
यद्यपि वर्ष 2011 में तीस्ता जल बंटवारा समझौते का एक प्रारूप (Draft Agreement) तैयार किया गया था, किंतु इसे अब तक हस्ताक्षरित नहीं किया गया है। इसका मुख्य कारण पश्चिम बंगाल सरकार की आपत्तियाँ थीं, जिसने राज्य के किसानों के लिए जल उपलब्धता को लेकर चिंता व्यक्त की थी।


कथन 2 – सही।
संयुक्त नदी आयोग (Joint Rivers Commission - JRC) की स्थापना वर्ष 1972 में भारत और बांग्लादेश के बीच लगभग 54 साझा नदियों के प्रबंधन एवं सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से की गई थी।


कथन 3 – सही।
भारत ने तीस्ता नदी समग्र प्रबंधन एवं पुनर्स्थापन परियोजना (TRCMRP) में चीन की भागीदारी को लेकर चिंता व्यक्त की है, क्योंकि तीस्ता नदी बेसिन सामरिक दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील सिलीगुड़ी कॉरिडोर (चिकन नेक) के निकट स्थित है। यह संकीर्ण भू-भाग भारत के मुख्य भू-भाग को उसके उत्तर-पूर्वी राज्यों से जोड़ता है।


                            

Q2:

भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) द्वारा डिजिटल भुगतान धोखाधड़ी के पीड़ितों के लिए संशोधित मुआवजा ढाँचे के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. संशोधित मुआवजा ढाँचा 1 जनवरी, 2027 या उसके बाद किए गए इलेक्ट्रॉनिक बैंकिंग लेन-देन पर लागू होगा।
  2. मुआवजे के पात्र होने के लिए ग्राहक को धोखाधड़ी की सूचना राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल/हेल्पलाइन 1930 तथा संबंधित बैंक—दोनों को पाँच कैलेंडर दिनों के भीतर देनी होगी।
  3. इस ढाँचे के अंतर्गत मुआवजे का लाभ एक से अधिक बार लिया जा सकता है, बशर्ते प्रत्येक धोखाधड़ी की सूचना निर्धारित समय सीमा के भीतर दी गई हो।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1,2 और 3

उत्तर: A

स्पष्टीकरण:

कथन 1 – सही।
RBI ने RBI (Commercial Banks — Responsible Business Conduct) Third Amendment Directions, 2026 के अंतर्गत संशोधित मुआवजा ढाँचा अधिसूचित किया है। इसके प्रावधान 1 जनवरी, 2027 या उसके बाद किए गए इलेक्ट्रॉनिक बैंकिंग लेन-देन (Electronic Banking Transactions - EBTs) पर लागू होंगे।


कथन 2 – सही।
मुआवजे के पात्र होने के लिए वास्तविक (गंभीर) ग्राहक को निम्नलिखित कार्य करने होंगे:



  • धोखाधड़ी की सूचना राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल अथवा हेल्पलाइन 1930 पर देना।

  • संबंधित बैंक को भी इसकी सूचना देना।

  • यह दोनों सूचनाएँ धोखाधड़ी वाले लेन-देन की तिथि से पाँच कैलेंडर दिनों के भीतर देनी होंगी।


यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर सूचना नहीं दी जाती है, तो मुआवजे की पात्रता प्रभावित हो सकती है।


कथन 3 – गलत।
इस मुआवजा ढाँचे के अंतर्गत लाभ एक से अधिक बार नहीं लिया जा सकता। इसे ग्राहक के जीवनकाल में केवल एक बार ही दावा किया जा सकता है।


                            

Q3:

नेत्र (Netra) एयरबोर्न अर्ली वार्निंग एंड कंट्रोल (AEW&C) प्रणाली के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. नेत्र AEW&C का विकास सेंटर फॉर एयरबोर्न सिस्टम्स (CABS) द्वारा किया गया है, जो DRDO की एक प्रयोगशाला है।
  2. यह स्वदेशी HAL तेजस विमान प्लेटफ़ॉर्म पर स्थापित (Mounted) है।
  3. इसका एक्टिव इलेक्ट्रॉनिकली स्कैन्ड एरे (AESA) रडार 240 डिग्री तक निगरानी (Surveillance) कवरेज प्रदान करता है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1,2 और 3

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 – सही।
नेत्र AEW&C प्रणाली का विकास सेंटर फॉर एयरबोर्न सिस्टम्स (CABS) द्वारा किया गया है, जो रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) की बेंगलुरु स्थित एक प्रयोगशाला है।


कथन 2 – गलत।
नेत्र AEW&C प्रणाली HAL तेजस विमान पर नहीं, बल्कि ब्राज़ील निर्मित एम्ब्रेयर EMB-145I (Embraer EMB-145I) विमान प्लेटफ़ॉर्म पर एकीकृत (Integrated) की गई है।


कथन 3 – सही।
इसका स्वदेशी AESA (Active Electronically Scanned Array) रडार 240 डिग्री तक निगरानी कवरेज प्रदान करता है। इसके कारण विमान के पीछे की दिशा में एक ब्लाइंड स्पॉट (Blind Spot) रह जाता है।


                            

Q4:

भौगोलिक संकेतक (Geographical Indication - GI) टैग के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. भौगोलिक संकेतक (GI) उन उत्पादों की पहचान करता है जिनकी गुणवत्ता, प्रतिष्ठा अथवा अन्य विशेषताएँ उनके भौगोलिक मूल स्थान से संबंधित होती हैं।
  2. भारत में GI पंजीकरण Geographical Indications of Goods (Registration and Protection) Act, 1999 के अंतर्गत होता है तथा इसका प्रशासन चेन्नई स्थित GI रजिस्ट्री द्वारा किया जाता है।
  3. GI पंजीकरण 20 वर्षों तक वैध रहता है तथा इसका नवीनीकरण नहीं किया जा सकता।

उपरोक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1,2 और 3

उत्तर: A

स्पष्टीकरण:

कथन 1 – सही


भौगोलिक संकेतक (GI) एक बौद्धिक संपदा अधिकार (Intellectual Property Right) है, जो उन उत्पादों की पहचान करता है जिनकी गुणवत्ता, प्रतिष्ठा अथवा विशिष्ट विशेषताएँ उनके भौगोलिक क्षेत्र से जुड़ी होती हैं।


 


कथन 2 – सही


भारत में GI संरक्षण:



  • Geographical Indications of Goods (Registration and Protection) Act, 1999 के अंतर्गत प्रदान किया जाता है।

  • यह अधिनियम वर्ष 2003 से प्रभावी है।

  • इसका प्रशासन GI Registry, Chennai द्वारा किया जाता है।


 


कथन 3 – गलत


GI पंजीकरण:



  • 10 वर्षों के लिए वैध होता है।

  • प्रत्येक 10 वर्ष के बाद इसका नवीनीकरण (Renewal) कराया जा सकता है।


अतः 20 वर्ष एवं नवीनीकरण न होने का कथन गलत है।


                            

Q5:

हाल ही में GI टैग प्राप्त मध्य प्रदेश की जनजातीय फसलों के संबंध में निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए:

फसल

विशेषता

1. सिताही कुटकी

लघु बाजरा (Little Millet) की पारंपरिक किस्म, जिसका मुख्यतः बैगा एवं गोंड जनजातियों द्वारा उत्पादन किया जाता है।

2. बैगानी अरहर

अरहर (Pigeon Pea) की पारंपरिक किस्म, जिसकी खेती जनजातीय जैविक कृषि पद्धति से की जाती है।

3. महाकौशल छत्रिया चावल

पॉलिश किया हुआ चावल, जो मुख्यतः उच्च स्टार्च मात्रा के लिए प्रसिद्ध है।

4. नागदमन कुटकी

सूखा-प्रतिरोधी एवं जलवायु-अनुकूल लघु बाजरा (Little Millet) की किस्म।

उपरोक्त युग्मों में से कितने सही सुमेलित हैं?

A: केवल एक

B: केवल दो

C: केवल तीन

D: सभी चार

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

युग्म 1 – सही


सिताही कुटकी



  • लघु बाजरा (Little Millet) की पारंपरिक किस्म।

  • मुख्यतः डिंडोरी जिले में उगाई जाती है।

  • बैगा एवं गोंड जनजातियाँ इसकी खेती करती हैं।

  • यह प्राकृतिक रूप से जैविक, सूखा-प्रतिरोधी एवं वर्षा आधारित कृषि के लिए उपयुक्त है।


 


युग्म 2 – सही


बैगानी अरहर



  • अरहर (Pigeon Pea) की पारंपरिक किस्म।

  • डिंडोरी क्षेत्र की स्थानीय फसल।

  • बैगा जनजाति से विशेष रूप से जुड़ी हुई।

  • पारंपरिक जैविक कृषि पद्धति से उगाई जाती है।

  • इसमें सामान्य किस्मों की तुलना में अधिक प्रोटीन, फाइबर, आयरन एवं कैल्शियम पाया जाता है।


 


युग्म 3 – गलत


महाकौशल छत्रिया चावल



  • यह पॉलिश किया हुआ चावल नहीं है।

  • इसमें चोकर (Bran Layer) सुरक्षित रहती है, जिससे इसका पोषण मूल्य अधिक होता है।

  • यह विटामिन B1 (थायमिन), आवश्यक खनिज, स्वस्थ वसा तथा संतुलित अमीनो अम्लों से भरपूर होता है।



युग्म 4 – सही


नागदमन कुटकी



  • लघु बाजरा (Little Millet) की पारंपरिक किस्म।

  • प्राकृतिक रूप से सूखा-प्रतिरोधी।

  • वर्षा आधारित कृषि के लिए उपयुक्त।

  • जलवायु परिवर्तन के प्रति अधिक सहनशील।

  • इसमें फाइबर, आयरन, मैग्नीशियम एवं एंटीऑक्सीडेंट प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।

  • इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (Glycaemic Index) कम होता है।


अतः तीन युग्म सही हैं।


                            
Aliganj Gomti Nagar Prayagraj