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Daily-mcqs 04 Sep 2026

यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs 04 Sep 2026

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यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs

Q1:

मतदाता सूची से नाम हटाने तथा इससे संबंधित वैधानिक व्यवस्था के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) क्षेत्रीय सत्यापन के बाद मतदाता का नाम हटाने से संबंधित दावों और आपत्तियों पर स्वतंत्र रूप से निर्णय लेने के लिए अधिकृत हैं।

2. फॉर्म 7 का उपयोग या तो किसी अन्य व्यक्ति के नाम को मतदाता सूची में शामिल किए जाने पर आपत्ति दर्ज करने के लिए या स्वयं का नाम मतदाता सूची से हटाने का अनुरोध करने के लिए किया जा सकता है।

3. जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 22 के अंतर्गत निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) उचित जाँच करने तथा संबंधित व्यक्ति को सुनवाई का अवसर देने के बाद ही किसी प्रविष्टि को हटा सकता है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: C

स्पष्टीकरण:

कथन 1 गलत है:
बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) जमीनी स्तर पर कार्य करने वाले अधिकारी होते हैं। उनकी प्रमुख भूमिका निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) की सहायता करना, क्षेत्रीय सत्यापन करना, विभिन्न फॉर्म उपलब्ध कराने/भरवाने में सहायता करना तथा मृत, स्थानांतरित या डुप्लीकेट मतदाताओं की पहचान करना है।


BLO के पास दावों और आपत्तियों पर स्वतंत्र रूप से निर्णय लेने का वैधानिक अधिकार नहीं होता मतदाता सूची में नाम जोड़ने, सुधार करने या हटाने से संबंधित निर्णय लेने का अधिकार निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) के पास होता है।


कथन 2 सही है:
पंजीकरण नियमों के अंतर्गत फॉर्म 7 का उपयोग किसी व्यक्ति के नाम को मतदाता सूची में शामिल किए जाने पर आपत्ति दर्ज करने के लिए किया जाता है। इसके आधारों में मृत्यु, स्थायी रूप से स्थानांतरित हो जाना, निर्धारित आयु से कम होना या भारतीय नागरिक होना आदि शामिल हो सकते हैं।


इसके अतिरिक्त, स्वयं का नाम मतदाता सूची से हटाने के लिए भी फॉर्म 7 का उपयोग किया जा सकता है।


कथन 3 सही है:
जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 22 के तहत निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी (ERO) को मतदाता सूची में प्रविष्टियों को सुधारने, एक स्थान से दूसरे स्थान पर स्थानांतरित करने या हटाने का अधिकार है।


हालाँकि, इस शक्ति का प्रयोग उचित प्रक्रिया का पालन करते हुए किया जाना आवश्यक है। इसके लिए उचित जाँच करना तथा प्रभावित व्यक्ति को अपनी बात रखने या सुनवाई का उचित अवसर देना आवश्यक है।


                            

Q2:

भारत में चुनावी तंत्र और चुनावों के संवैधानिक ढाँचे के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. संसद और राज्य विधानमंडलों के सभी चुनावों के अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण की शक्तियाँ संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत भारत निर्वाचन आयोग में निहित हैं।

2. भारत निर्वाचन आयोग पंचायतों और नगरपालिकाओं सहित स्थानीय निकायों के चुनाव कराने के लिए भी संवैधानिक रूप से उत्तरदायी है।

3. लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 निर्वाचन पंजीकरण से संबंधित झूठे कथन या घोषणाएँ करने पर दंडात्मक प्रावधान करती है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
भारत के संविधान का अनुच्छेद 324 संसद, राज्य विधानमंडलों, राष्ट्रपति के पद और उपराष्ट्रपति के पद के लिए निर्वाचन नामावलियों (Electoral Rolls) की तैयारी तथा चुनावों के संचालन के अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण की शक्ति भारत निर्वाचन आयोग (ECI) में निहित करता है।


कथन 2 गलत है:
भारत निर्वाचन आयोग पंचायत और नगरपालिका चुनाव नहीं कराता है। संविधान के अनुच्छेद 243K और 243ZA के तहत पंचायतों और नगरपालिकाओं के चुनावों का अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण संबंधित राज्य निर्वाचन आयोगों (State Election Commissions—SECs) के पास होता है।


कथन 3 सही है:
लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 निर्वाचन पंजीकरण से संबंधित झूठे कथन या घोषणाएँ करने को दंडनीय अपराध बनाती है। उदाहरण के लिए, फॉर्म 7 के माध्यम से धोखाधड़ीपूर्ण आपत्तियाँ प्रस्तुत करना इसके अंतर्गत सकता है, जिसके लिए कारावास या जुर्माने का प्रावधान है।


                            

Q3:

हाल ही में जारी किए गए ‘RAKSHA’ दस्तावेज़ के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. यह भारत की रक्षा कूटनीति (Defence Diplomacy) के लिए 10 वर्षीय रणनीतिक रोडमैप है।

2. परमाणु हथियारों का विस्तार (Nuclear Arms Race Expansion) इसके प्रमुख स्तंभों में से एक है।

3. यह हिंद महासागर क्षेत्र (Indian Ocean Region) में समुद्री सुरक्षा को मजबूत करने पर केंद्रित है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 3 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में RAKSHA दस्तावेज़ जारी किया। इसमें भारत की वैश्विक रक्षा साझेदारियों (Global Defence Partnerships) के लिए 10 वर्षीय दृष्टिकोण प्रस्तुत किया गया है।


कथन 2 गलत है:
इस रूपरेखा में परमाणु हथियारों के विस्तार को कोई प्रमुख स्तंभ नहीं बनाया गया है। इसके चार प्रमुख स्तंभ हैं:


1.   रणनीतिक साझेदारियाँ (Strategic Partnerships)


2.   क्षमता निर्माण (Capacity Building)


3.   स्वदेशी रक्षा निर्यात (Indigenous Defence Exports)


4.   समुद्री सुरक्षा (Maritime Security)


कथन 3 सही है:
समुद्री सुरक्षा इसका एक प्रमुख केंद्रबिंदु है। इसका उद्देश्य भारत को हिंद महासागर क्षेत्र में नेट सिक्योरिटी प्रोवाइडर’ (Net Security Provider) और फर्स्ट रिस्पॉन्डर’ (First Responder) के रूप में प्रभावी भूमिका निभाने में सक्षम बनाना है।


                            

Q4:

7वीं स्टेटस ऑफ कोरल रीफ्स ऑफ वर्ल्ड (Status of Coral Reefs of the World)’ रिपोर्ट के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. वैश्विक हार्ड कोरल कवर (Hard Coral Cover) में संदर्भ अवधि की तुलना में लगभग 9.5% की कमी आई है।

2. जलवायु परिवर्तन के कारण उत्पन्न समुद्री हीटवेव (Marine Heatwaves) को वैश्विक स्तर पर कोरल कवर में गिरावट का प्रमुख कारण माना गया है।

3. ग्लोबल कोरल रीफ मॉनिटरिंग नेटवर्क (Global Coral Reef Monitoring Network—GCRMN), इंटरनेशनल कोरल रीफ इनिशिएटिव (International Coral Reef Initiative—ICRI) के एक ऑपरेशनल नेटवर्क के रूप में कार्य करता है।

उपरोक्त में से कौन-से कथन सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 2

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: D

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
नवीनतम GCRMN रिपोर्ट के अनुसार, ऐतिहासिक आधाररेखा/संदर्भ अवधियों की तुलना में वैश्विक हार्ड कोरल कवर में लगभग 9.5% की कमी आई है।


कथन 2 सही है:
जलवायु परिवर्तन से प्रेरित समुद्री हीटवेव ने बड़े पैमाने पर कोरल ब्लीचिंग (Coral Bleaching) की घटनाओं को जन्म दिया है। इसलिए, जलवायु परिवर्तन को दुनिया भर में कोरल के नुकसान का सबसे मजबूत और व्यापक कारण माना गया है।


कथन 3 सही है:
GCRMN,
वास्तव में International Coral Reef Initiative (ICRI) का एक ऑपरेशनल नेटवर्क है। इसे वैश्विक स्तर पर कोरल रीफ पारिस्थितिकी तंत्रों की स्थिति और उनमें होने वाले बदलावों/रुझानों की निगरानी के लिए समर्थन प्राप्त है।


                            

Q5:

प्रवाल भित्तियों (Coral Reefs) के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. रीफ बनाने वाले प्रवाल (Reef-building Corals), ज़ूज़ैंथेली (Zooxanthellae) नामक सूक्ष्म शैवाल के साथ पारस्परिक सहजीवी संबंध (Mutualistic Symbiotic Relationship) साझा करते हैं।

2. प्रवाल भित्तियाँ केवल उथले उष्णकटिबंधीय जल तक ही सीमित होती हैं और ठंडे या गहरे समुद्री क्षेत्रों में जीवित नहीं रह सकतीं।

3. प्रवाल पॉलीप (Coral Polyps) जंतु जगत (Animal Kingdom) से संबंधित होते हैं, जबकि ज़ूज़ैंथेली प्रकाश संश्लेषण करने वाले जीव होते हैं।

उपरोक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
प्रवाल और ज़ूज़ैंथेली के बीच पारस्परिक सहजीवी संबंध होता है। ज़ूज़ैंथेली प्रवाल के ऊतकों के अंदर रहते हैं और प्रकाश संश्लेषण के माध्यम से ऊर्जा प्रदान करते हैं। इसके बदले प्रवाल उन्हें आश्रय तथा प्रकाश संश्लेषण के लिए आवश्यक यौगिक प्रदान करता है।


कथन 2 गलत है:
यद्यपि अधिकांश रीफ बनाने वाले प्रवाल गर्म, उथले और स्वच्छ उष्णकटिबंधीय जल में पनपते हैं, लेकिन गहरे समुद्र में पाए जाने वाले ठंडे जल के प्रवाल (Deep-water/Cold-water Corals) भी मौजूद हैं। ये महासागर के ठंडे और अधिक गहरे क्षेत्रों में पाए जाते हैं।


कथन 3 सही है:
प्रवाल पॉलीप छोटे समुद्री जंतु (अकशेरुकी) होते हैं, जबकि ज़ूज़ैंथेली सूक्ष्म प्रकाश संश्लेषी शैवाल होते हैं, जिन्हें पारंपरिक रूप से पौधों/प्रोटिस्ट के रूप में वर्णित किया जाता है।


 


                            
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