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Daily-mcqs 03 Sep 2026

यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs 03 Sep 2026

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यूपीएससी और राज्य पीएससी परीक्षाओं के लिए समसामयिकी MCQs

Q1:

शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के राष्ट्राध्यक्षों की परिषद की 26वीं बैठक के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   यह शिखर सम्मेलन बिश्केक में आयोजित किया गया, जो SCO की स्थापना की 25वीं वर्षगांठ के अवसर पर हुआ।

2.   इस शिखर सम्मेलन के दौरान SCO चार्टर में एक प्रोटोकॉल संशोधन के माध्यम से अंग्रेजी को SCO की आधिकारिक एवं कार्यकारी भाषा के रूप में मंजूरी दी गई।

3.   तुर्कमेनिस्तान उन दस पूर्ण सदस्य देशों में से एक है, जिन्होंने इस शिखर सम्मेलन में बिश्केक घोषणा-पत्र पर हस्ताक्षर किए।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 2

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: A

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
SCO
राष्ट्राध्यक्षों का 26वां शिखर सम्मेलन 31 अगस्त से 1 सितंबर 2026 तक किर्गिस्तान के बिश्केक में आयोजित हुआ। यह सम्मेलन SCO की घूर्णन अध्यक्षता के अंतर्गत आयोजित किया गया। यह आयोजन 2001 में संगठन की औपचारिक स्थापना की 25वीं वर्षगांठ के अवसर पर भी हुआ।


कथन 2 सही है:
2026
के बिश्केक शिखर सम्मेलन के दौरान नेताओं ने SCO चार्टर में संशोधन करने वाले एक प्रोटोकॉल को मंजूरी दी, जिसके तहत अंग्रेजी को संगठन की आधिकारिक एवं कार्यकारी भाषा के रूप में शामिल किया गया।


कथन 3 गलत है:
तुर्कमेनिस्तान SCO का सदस्य देश नहीं है। वह स्थायी तटस्थता की नीति बनाए रखता है।


वर्तमान में SCO के 10 सदस्य देश हैं:



  • भारत

  • चीन

  • रूस

  • पाकिस्तान

  • कजाकिस्तान

  • किर्गिस्तान

  • ताजिकिस्तान

  • उज्बेकिस्तान

  • ईरान

  • बेलारूस


तुर्कमेनिस्तान इस सूची में शामिल नहीं है।


                            

Q2:

शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   SCO का पूर्ववर्ती संगठन "शंघाई फाइव (Shanghai Five)" के नाम से जाना जाता था, जिसकी स्थापना 1996 में उज्बेकिस्तान की भागीदारी के बिना हुई थी।

2.   भारत और पाकिस्तान को संगठन के पूर्ण सदस्य के रूप में उसी वर्ष शामिल किया गया, जिस वर्ष 2001 में इसका औपचारिक रूप से नाम बदलकर SCO किया गया था।

3.   बेलारूस 2026 के बिश्केक शिखर सम्मेलन से पहले संगठन का दसवां पूर्ण सदस्य देश बन गया था।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
SCO
की शुरुआत 1996 में "शंघाई फाइव (Shanghai Five)" के रूप में हुई थी। इसमें चीन, रूस, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान और ताजिकिस्तान शामिल थे।


बाद में उज्बेकिस्तान इस समूह में शामिल हुआ और 2001 में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की औपचारिक घोषणा एवं स्थापना की गई।


कथन 2 गलत है:
SCO
की स्थापना जून 2001 में हुई थी। हालांकि, भारत और पाकिस्तान संगठन के पूर्ण सदस्य जून 2017 में अस्ताना शिखर सम्मेलन के दौरान बने। इसलिए दोनों देश 2001 में SCO के सदस्य नहीं बने थे।


कथन 3 सही है:
बेलारूस आधिकारिक रूप से जुलाई 2024 में SCO का दसवां पूर्ण सदस्य देश बना। इससे पहले 2023 में ईरान संगठन का पूर्ण सदस्य बना था। बेलारूस ने 2026 के बिश्केक शिखर सम्मेलन में पूर्ण सदस्य के रूप में भाग लिया।


                            

Q3:

हाल ही में राष्ट्रीय महत्व के स्मारक (Monument of National Importance) घोषित किए गए गोल्लाला गुड़ी के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   यह तेलंगाना के मुलुगु जिले में स्थित है और यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल रामप्पा मंदिर के निकट स्थित है।

2.   स्थापत्य की दृष्टि से यह त्रिकूटालय (Trikutalaya) शैली में निर्मित है, जिसमें पूर्व दिशा की ओर मुख वाला एक मंडप है और उसके चारों ओर तीन गर्भगृह स्थित हैं।

3.   इस स्थल को वैधानिक संरक्षण और अधिसूचना प्राचीन स्मारक तथा पुरातात्त्विक स्थल एवं अवशेष अधिनियम (AMASR Act), 1958 के तहत प्रदान की गई है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

A: केवल 1 और 2

B: केवल 1 और 3

C: केवल 2 और 3

D: 1, 2, और 3

उत्तर: D

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने हाल ही में तेलंगाना के मुलुगु जिले के पालमपेट गांव में स्थित गोल्लाला गुड़ी को राष्ट्रीय महत्व का स्मारक घोषित किया है। यह काकतीय रुद्रेश्वर (रामप्पा) मंदिर के ठीक दक्षिण-पश्चिम में स्थित है।


कथन 2 सही है:
गोल्लाला गुड़ी त्रिकूटालय (Trikutalaya) का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। यह एक त्रि-गर्भगृह मंदिर संरचना है, जिसमें तीन गर्भगृह (sanctums) एक साझा पूर्वाभिमुख मंडप (east-facing mandapa) से जुड़े हुए हैं।


कथन 3 सही है:
इस स्थल की औपचारिक घोषणा भारत के राजपत्र (Gazette of India) में संस्कृति मंत्रालय द्वारा प्राचीन स्मारक तथा पुरातात्त्विक स्थल एवं अवशेष अधिनियम, 1958 (Ancient Monuments and Archaeological Sites and Remains Act, 1958) की धारा 4(3) के तहत अधिसूचित की गई।


                            

Q4:

मध्यकालीन दक्कन में काकतीय राजवंश और उनकी मंदिर स्थापत्य शैली के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   काकतीय शासकों ने अपनी जटिल स्थापत्य संरचनाओं के लिए मुख्य रूप से ग्रेनाइट और बलुआ पत्थर (Sandstone) का प्रयोग किया।

2.   त्रिकूटालय (Trikutalaya) मंदिर शैली केवल वारंगल की शाही राजधानियों तक ही सीमित थी और इसे पालमपेट जैसे छोटे ग्रामीण क्षेत्रों में कभी नहीं अपनाया गया।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A: केवल 1

B: केवल 2

C: 1 व 2 दोनों

D: कोई नहीं

उत्तर: A

स्पष्टीकरण:

कथन 1 सही है:
काकतीय स्थापत्य अपनी उल्लेखनीय इंजीनियरिंग तकनीकों के लिए प्रसिद्ध है। इनमें सैंडबॉक्स नींव तकनीक, जिसका उद्देश्य भूकंपीय झटकों को अवशोषित करना था, तथा फ्लोटिंग ब्रिक्स (तैरने वाली ईंटों) जैसी तकनीकें शामिल हैं।


काकतीय शिल्पकारों ने डोलराइट, ग्रेनाइट और बलुआ पत्थर जैसी चट्टानों का उपयोग किया। इनका प्रयोग विशेष रूप से स्तंभों और दीवारों पर बारीक नक्काशी के लिए किया गया।


कथन 2 गलत है:
त्रिकूटालय (Trikutalaya) यानी तीन गर्भगृह वाला मंदिर प्रारूप केवल शाही राजधानियों तक सीमित नहीं था। यह काकतीय क्षेत्र में विभिन्न स्तरों पर अपनाई जाने वाली एक लोकप्रिय क्षेत्रीय स्थापत्य शैली थी।


इसे शाही केंद्रों के साथ-साथ पालमपेट जैसे ग्रामीण और अर्ध-शहरी मंदिर समूहों में भी देखा जाता है। इसके उदाहरणों में रामप्पा मंदिर के आसपास के क्षेत्र और गोल्लाला गुड़ी शामिल हैं।


विभिन्न देवताओंविशेषकर शिव, विष्णु और सूर्यको समर्पित बहु-गर्भगृह मंदिर काकतीय क्षेत्रों में प्रचलित क्षेत्रीय स्थापत्य परंपरा का हिस्सा थे।


                            

Q5:

मातृत्व अवकाश और कार्यस्थल के अधिकारों पर दिल्ली उच्च न्यायालय के हालिया निर्णय के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1.   भारत में वैधानिक मातृत्व संरक्षण केवल रोजगार की निरंतरता और अवकाश की अवधि के दौरान वेतन के भुगतान तक ही सीमित है।

2.   मातृत्व अवकाश से वापस लौटने वाली महिला को सामान्यतः उसके पूर्व पद या समकक्ष पद पर पुनः नियुक्त किया जाना चाहिए, जिसमें वेतन, प्रबंधकीय अधिकार और करियर में उन्नति की संभावनाएं समान हों।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से सही हैं?

A: केवल 1

B: केवल 2

C: 1 व 2 दोनों

D: कोई नहीं

उत्तर: B

स्पष्टीकरण:

कथन 1 गलत है:
दिल्ली उच्च न्यायालय ने स्पष्ट रूप से कहा कि वैधानिक मातृत्व संरक्षण केवल नौकरी की निरंतरता या वेतन के भुगतान तक सीमित नहीं है। यह महिला की पेशेवर स्थिति, जिम्मेदारियों, प्रबंधकीय अधिकार और करियर में उन्नति की संभावनाओं तक व्यापक रूप से विस्तारित होता है।


कथन 2 सही है:
न्यायालय ने कहा कि मातृत्व अवकाश से लौटने वाली महिला को सामान्यतः उसी पद पर पुनः नियुक्त किया जाना चाहिए, जिस पर वह अवकाश पर जाने से पहले कार्यरत थी।


यदि संगठनात्मक कारणों से वह विशेष पद उपलब्ध नहीं है और इसका उचित प्रमाण प्रस्तुत किया जा सकता है, तो महिला को वेतन, ग्रेड, पदस्थिति, भूमिका और करियर में विकास की संभावनाओं की दृष्टि से लगभग समान पद पर नियुक्त किया जाना चाहिए।


 


                            
Aliganj Gomti Nagar Prayagraj