यूपीएससी और राज्य पीसीएस परीक्षा के लिए ब्रेन बूस्टर (विषय: लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण विनियमन, 2021 (Lakshadweep Development Authority Regulation, 2021)

यूपीएससी और राज्य पीसीएस परीक्षा के लिए ब्रेन बूस्टर (Brain Booster for UPSC & State PCS Examination)


यूपीएससी और राज्य पीसीएस परीक्षा के लिए करेंट अफेयर्स ब्रेन बूस्टर (Current Affairs Brain Booster for UPSC & State PCS Examination)


विषय (Topic): लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण विनियमन, 2021 (Lakshadweep Development Authority Regulation, 2021)

लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण विनियमन, 2021 (Lakshadweep Development Authority Regulation, 2021)

चर्चा में क्यों?

  • हाल ही में लक्षद्वीप के प्रशासक प्रफुल्ल खोड़ा पटेल ने लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण विनियमन, 2021 (LDAR) का मसौदा पेश किया, जिस पर लक्षद्वीप के लोगों द्वारा व्यापक रूप से रोष व्यक्त किया गया है।

लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण का गठन

  • यह विनियमन सरकार को, जिसे सामान्य तौर पर प्रशासक के रूप में पहचाना जाता है, को लक्ष्यद्वीप में योजना और विकास प्राधिकरणों का गठन करने का अधिकार देता है, ताकि ‘खराब लेआउट या अप्रचलित विकास’ (bad layout or obsolete development) के रूप में पहचाने गए किसी भी क्षेत्र के विकास की योजना बनाई जा सके। हालांकि छावनी क्षेत्रों (cantonment areas) को इससे छूट दी गई है।
  • इस प्रकार बनाया गया एक प्राधिकरण सरकार द्वारा नियुक्त अध्यक्ष, एक नगर नियोजन अधिकारी और दो स्थानीय प्राधिकरण प्रतिनिधियों के अलावा तीन ‘विशेषज्ञ’ सरकारी नामितों के साथ एक निगमित निकाय होगा।
  • यह मसौदा विनियमन ‘विकास’ को परिभाषित करता है। विकास को भवन, इंजीनियरिंग, खनन, उत्खनन या अन्य कार्यों में संलग्न ऊपरी या निचली भूमि पर किसी पहाड़ी या उसके किसी भाग को काटने या किसी भवन या भूमि में किसी भी भौतिक परिवर्तन या किसी भवन या भूमि के उपयोग के रूप में परिभाषित करता है।

दंड का प्रावधान

  • यह विनियमन प्रशासक को विकास के उद्देश्य से किसी भी संपत्ति को जब्त करने और उसके मालिकों को स्थानांतरित करने या हटाने की अनुमति देता है। इसके अलावा, मसौदा पंचायत चुनाव अधिसूचना भी है जो किसी ऐसे व्यक्ति को पंचायत चुनाव लड़ने से रोकती है जिसके दो से अधिक बच्चे हैं।

लक्षद्वीप के मसौदे पर विरोध क्यों?

  • स्थानीय लोगों का मानना है कि प्रशासक द्वारा क्षेत्र की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान नष्ट करने के प्रयास किए जा रहे हैं। द्वीपसमूह की 60,000 से अधिक आबादी के साथ अच्छी तरह से न्याय नहीं गया है, जिनमें से 90% मुस्लिम हैं और लगभग 95% अनुसूचित जनजाति के रूप में वर्गीकृत हैं। एलडीए विनियमन को वापस लेने की मांग करने वाली याचिकाओं में से एक में कहा गया है कि कानून इस अधिकार के साथ ऐसी शक्तियां निहित करता है कि यह किसी भी क्षेत्र के लिए व्यापक विकास योजनाएं तैयार कर सकता है और लोगों को उनकी इच्छा की परवाह किए बिना स्थानांतरित कर सकता है।
  • यह जबरन बेदखली का प्रावधान करता है। मालिक को प्राधिकरण द्वारा तैयार की गई योजना के अनुसार अपनी संपत्ति विकसित करने का दायित्व डालता है और साथ ही गैर-अनुपालन की स्थिति में उन्हें भारी दंड देने का भी प्रावधान करता है। द्वीप के समुदायों का एक घनिष्ठ समूह है जिसमें परिवार निकटता में रहते हैं। लोगों का मानना है कि यह विनियमन उनके द्वारा पीढि़यों से चली आ रही तौर-तरीकों को नष्ट कर देगा।
  • लक्षद्वीप पशु संरक्षण विनियमन भी लाया गया है, जो स्कूलों में मांसाहारी भोजन परोसने पर प्रतिबंध के साथ-साथ गोमांस की बिक्री, खरीद या खपत पर प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव है। साथ ही प्रशासक की ओर से प्रस्तावित नए मसौदा कानून के तहत लक्षद्वीप में शराब के सेवन पर रोक हटाई गई है।
  • कठोर विनियमन न तो पारिस्थितिक रूप से टिकाऊ है और न ही सामाजिक रूप से व्यवहार्य है और इसका मसौदा तैयार करने से पहले लोगों के प्रतिनिधियों से सलाह नहीं ली गई थी।

लक्षद्वीप की भौगोलिक स्थिति

  • लक्षद्वीप समूह में 36 द्वीप हैं। यह सभी द्वीप 32 वर्ग किलोमीटर समुद्री क्षेत्र में फैले हुए हैं। लक्षद्वीप की राजधानी कवरत्ती है और यह यहां का प्रमुख शहर भी है। लक्षद्वीप समूह के सभी द्वीप प्राकृतिक परिदृश्य, रेतीले समुद्र तट, वनस्पतियों और जीवों की बहुतायत और एक आरामदायक जीवन शैली के साथ लक्ष्यद्वीप की शोभा और आकर्षण को बढ़ाती है।
  • लक्षद्वीप की आबादी 2011 की जनगणना के अनुसार 64,473 है। लक्षद्वीप की साक्षरता दर 91.82% है। प्रशासनिक आधार पर लक्षद्वीप को एक जिला माना जाता है।