(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (24 मई 2020)

दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर


(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (24 मई 2020)


:: राष्ट्रीय समाचार ::

मिजोरम ने खेल को उद्योग का दर्जा दिया

  • मिजोरम मंत्रिमंडल ने राज्य में खेल क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए ने शुक्रवार को खेलों को उद्योग का दर्जा दिया। मंत्रिमंडल की बैठक के बाद राज्य के खेल मंत्री रॉबर्ट रोमाविया रॉयटे ने कहा मंत्रिमंडल ने खेल और युवा मामले के विभाग के प्रस्ताव ‘खेल को उद्योग का दर्जा देने’ को मंजूरी दे दी।

क्या होंगें लाभ?

  • इससे राज्य में खेल और इससे जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर विकास की शुरूआत होगी। यह खेलों के समग्र विकास के प्रति राज्यों की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। खेल गतिविधियों में निवेश के लिए निजी कंपनियों को आकर्षित होंगी।

"हुनर हाट" सितम्बर 2020 से पुनः शुरू

  • "हुनर हाट" सितम्बर 2020 से "लोकल से ग्लोबल" थीम एवं पहले से ज्यादा दस्तकारों की भागीदारी के साथ पुनः शुरू होने जा रहा है।
  • केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री श्री मुख्तार अब्बास नकवी ने आज यहाँ बताया कि पिछले पांच वर्षों में 5 लाख से ज्यादा भारतीय दस्तकारों, शिल्पकारों को रोजगार के अवसर प्रदान करने वाले "हुनर हाट" के दुर्लभ हस्तनिर्मित स्वदेशी सामान लोगों में काफी लोकप्रिय हुए हैं। देश के दूर-दराज के क्षेत्रों के दस्तकारों, शिल्पकारों, कारीगरों, हुनर के उस्तादों को मौका-मार्किट देने वाला "हुनर हाट" स्वदेशी हस्तनिर्मित उत्पादनों का "प्रामाणिक ब्रांड" बन गया है।
  • इस बार के "हुनर हाट" का डिजिटल और ऑनलाइन प्रदर्शन भी होगा। साथ ही लोगों को "हुनर हाट" में प्रदर्शित सामान को ऑनलाइन खरीदने की भी सुविधा दी जा रही है। "हुनर हाट" के दस्तकारों और उनके स्वदेशी हस्तनिर्मित उत्पादों को "जेम" (गवर्नमेंट ई मार्केटप्लेस) में रजिस्टर करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके अलावा विभिन्न निर्यात कौंसिल्स दस्तकारों, शिल्पकारों के स्वदेशी उत्पादों को अंतर्राष्ट्रीय मार्किट मुहैया कराने हेतु रूचि दिखा रही हैं, जिससे इन दस्तकारों, शिल्पकारों के स्वदेशी उत्पादों को बड़े पैमाने पर अंतर्राष्ट्रीय मार्किट मिल सकेगा।

पृष्ठभूमि

  • केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय द्वारा अभी तक देश के विभिन्न भागों में दो दर्जन से अधिक "हुनर हाट" का आयोजन किया जा चुका है, जिसमें लाखों दस्तकारों, शिल्पकारों, कारीगरों को रोजगार-रोजगार के अवसर मिले हैं। आने वाले दिनों में चंडीगढ़, दिल्ली, प्रयागराज, भोपाल, जयपुर, हैदराबाद, मुंबई, गुरुग्राम, बेंगलुरु, चेन्नई, कोलकाता, देहरादून, पटना, नागपुर, रायपुर, पुडुचेर्री, अमृतसर, जम्मू, शिमला, गोवा, कोच्चि, गुवाहाटी, भुबनेश्वर, अजमेर, अहमदाबाद, इंदौर, रांची, लखनऊ आदि स्थानों पर "हुनर हाट" का आयोजन किया जायेगा।

:: अंतर्राष्ट्रीय समाचार ::

मिशन सागर

चर्चा में क्यों?

  • प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने मॉरीशस के प्रधानमंत्री महामहिम प्रविंद जगन्नाथ से टेलीफोन पर बातचीत की। चक्रवात अम्फान द्वारा भारत में हुए नुकसान के लिए प्रधानमंत्री जगन्नाथ ने शोक व्यक्त किया। उन्होंने भारतीय नौसेना के जहाज 'केसरी' को 'ऑपरेशन सागर' के हिस्से के रूप में मॉरीशस भेजने के लिए प्रधानमंत्री श्री मोदी को धन्यवाद दिया।

पृष्ठभूमि

  • मिशन सागर के तहत भारतीय नौसेना पोत केसरी ने 23 मई 2020 को मॉरीशस के पोर्ट लुइस में प्रवेश किया। भारत सरकार कोविड-19 वैश्विक महामारी से निपटने के लिए मित्रवत देशों को सहायता प्रदान कर रही है और उसी इस दिशा में आगे बढ़ते हुए भारतीय नौसेना पोत केसरी मॉरीशस के लोगों के लिए कोविडसे संबंधित आवश्यक दवाओं और आयुर्वेदिक दवाओं की एक विशेष खेप के साथ पहुंचा है।
  • इसके अलावा एक 14-सदस्यीय विशेषज्ञ मेडिकल टीम को भी इस जहाज के जरिये भेजा गया जो मॉरीशस में अपने समकक्षों के साथ काम करेगी और कोविड-19 से संबंधित आपात स्थितियों से निपटने में सहायता करेगी। इस मेडिकल टीम में भारतीय नौसेना के डॉक्टर और पैरामेडिक्स शामिल हैं।इसके अलावा इस टीम में एक सामुदायिक चिकित्सा विशेषज्ञ, एक पुल्मोनोलॉजिस्ट और एक एनेस्थेसियोलॉजिस्ट भी शामिल हैं।

क्या है सागर मिशन?

  • समुद्री कूटनीति को प्राथमिकता देते हुए भारत सरकार के द्वारा कई नीतियां चलाई गई हैं। भारत सरकार के द्वारा 2015 में मिली अर्थव्यवस्था पर ध्यान देते हुए सागर (Security And Growth for All in the Region- SAGAR)कार्यक्रम की शुरुआत की गई। सागर नीति के तहत भारत हिंद महासागर क्षेत्र में शांति, स्थिरता और समृद्धि भी सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहा है।

यूएससीआईआरएफ की सिफारिशें

चर्चा में क्यों?

  • अमेरिकी संसद की वर्चुअल ब्रीफिंग के दौरान विशेषज्ञों के एक दल ने भारत में ‘‘धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ बढ़ती हिंसा’’ पर चिंता जताते हुए अमेरिका सरकार से अपील की है कि वह ‘अमेरिका अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता आयोग’ (यूएससीआईआरएफ) की सिफारशें लागू करे। यह कार्यक्रम ‘इंटरनेशनल क्रिश्चियन कन्सर्न और ‘‘हिंदूज फॉर ह्यूमन राइट्स’ के सहयोग से आयोजित किया गया।

पृष्ठभूमि

  • अमेरिकी आयोग ने पिछले महीने विदेश मंत्रालय से भारत समेत 14 देशों को ‘खास चिंता वाले देशों’ (सीपीसी) के रूप में नामित करने की सिफारिश की थी और आरोप लगाया था कि इन देशों में धार्मिक अल्पसंख्यकों पर हमले बढ़ते जा रहे हैं। जिन 13 अन्य देशों को सीपीसी के रूप में नामित करने की सिफारिश की गई थी, उनमें म्यांमा, चीन, एरिट्रिया, ईरान, उत्तर कोरिया, पाकिस्तान, सऊदी अरब, ताजिकिस्तान, तुर्कमेनिस्तान, नाईजीरिया, रूस, सीरिया और वियतनाम शामिल हैं।

:: विज्ञान और प्रौद्योगिकी ::

दुनिया की पहली 3D न्यूज एंकर

  • चीन ने दुनिया की पहली 3डी न्यूज एंकर को लांच कर दिया है। चीन की सरकारी न्यूज एजेंसी शिन्हुआ एक अन्य एजेंसी ने मिलकर इस 3डी एंकर को लांच किया है, इसका एक वीडियो भी इसी एजेंसी के ट्वीटर हैंडल से ट्वीट किया गया है।
  • आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करते हुए चीन अपने यहां 3 डी तकनीक से चलने वाली पहली न्यूज एंकर को डेवलप करने में कामयाब हो गया है।

3D न्यूज एंकर की विशेषता

  • ये 3डी न्यूज एंकर आसानी से घूम सकती है, इसी के साथ जैसी खबर होती है ये अपने चेहरे के हावभाव को भी वैसे ही बदल सकती है। ये अपने सिर के बालों और ड्रेस में भी परिवर्तन कर सकती है। अभी एक वीडियो के ट्रायल के तौर पर इसे न्यूज पढ़ते और अन्य कई मुद्राओं में दिखाया गया है। आने वाले समय में ये 3 डी न्यूज एंकर ऐसे ही चैनलों पर खबर पढ़ते हुए नजर आ सकती है।
  • फिलहाल ये एंकर एक महिला की आवाज में ही न्यूज पढ़ेगी मगर इसमें एक खासियत ये भी डाली गई है कि ये इंसानी आवाज की नकल भी कर सकती है। ये सामने वाली व्यक्ति की आवाज की नकल भी कर सकने में सक्षम है।
  • ये पहला मौका नहीं है जब चीन ने कोई एंकर उतारी हो, इससे पहले 2018 में शिन्हुआ क्यू हाउ नाम से डिजिटल एंकर को न्यूज की दुनिया में उतारा जा चुका है। इस डिजिटल एंकर को मशीन लर्निंग तकनीक के जरिए आवाज की नकल करने के लायक बनाया गया था।

गंगनयान मिशन

चर्चा में क्यों?

  • भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन गगनयान के लिए चयनित चार अंतरिक्ष यात्रियों का रूस में फिर प्रशिक्षण शुरू हो गया है। कोरोना वायरस महामारी के चलते इनके प्रशिक्षण को रोक दिया गया था। इस साल 10 फरवरी को इनका प्रशिक्षण शुरू हुआ था।
  • रूसी अंतरिक्ष निगम रोस्कोस्मोस ने एक बयान में कहा है कि भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों को 12 मई से दोबारा प्रशिक्षण देने का काम शुरू हो गया है। गैगरीन रिसर्च एंड टेस्ट कॉस्मोनाट्स सेंटर (जीसीटीसी) ने ग्लैवकोस्मोस, जेएससी (स्टेट स्पेस कॉरपोरेशन रोस्कोस्मोस) और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के ह्यूमैन स्पेसफ्लाइट सेंटर के बीच हुए समझौते के मुताबिक प्रशिक्षण देना शुरू किया है।

क्या है गगनयान मिशन?

  • गगनयान परियोजना के लिए केन्‍द्रीय मंत्रिमंडल पहले ही 10 हजार करोड़ रुपये की मंजूरी दे चुका है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने पिछले वर्ष स्‍वाधीनता दिवस पर घोषणा की थी कि गगनयान का प्रक्षेपण भारत की आजादी के 75वें वर्ष में किया जाएगा।
  • हालांकि, पहले अंतरिक्ष यात्री राकेश शर्मा 1984 में अंतरिक्ष में गए थे, लेकिन जिस अंतरिक्ष यान में वह गए थे, वह भारतीय नहीं था। अत: गगनयान पहला मानवयुक्‍त मिशन होगा, जिसे प्रधानमंत्री के ‘मेक इन इंडिया’ संकल्‍प के रूप में भारत में विकसित किया गया है।

डार्क वेब पर 2.9 करोड़ भारतीयों की निजी जानकारियां लीक

चर्चा में क्यों?

  • साइबर अपराधियों ने 2.9 करोड़ भारतीयों की निजी जानकारियां डार्क वेब पर लीक कर दी है। ऑनलाइन इंटेलीजेंस कंपनी साइबिल ने यह खुलासा किया है। साइबर अपराधियों पर नजर रखने वाली ऑनलाइन इंटेलीजेंस कंपनी साइबिल ने हाल ही में फेसबुक और तकनीकी शिक्षा से जुड़ी फर्म अनएकेडेमी को हैक किए जाने की जानकारी दी थी।
  • इस बार नौकरी की तलाश कर रहे 2.91 करोड़ भारतीय लोगों के डाटा लीक किए गए हैं। हालांकि, इस तरह की जानकारी अमूमन लीक होती रहती है, लेकिन इस बार बड़ी संख्या में डाटा की चोरी हुई है और उसे डार्क वेब पर डाला गया है। इसमें शिक्षा और निवास संबंधी निजी जानकारियां हैं। जानकारियों में शिक्षा, पता, ईमल, फोन, योग्यता, कार्य अनुभव आदि भी शामिल हैं। नौकरी संबंधी जानकारी देने वाले कई नामी भारतीय वेबसाइट के स्क्रीनशॉट भी साइबिल ने पोस्ट किए हैं। कंपनी उस स्रोत का पता लगा रही है, जहां से डाटा लीक किया गया है।
  • साइबल ने अपने बयान में कहा है कि साइबर अपराधी इस तरह की निजी जानकारियों की ताक में रहते हैं ताकि लोगों के नाम पर वह घोटाला या फिर जासूसी करने जैसे कार्यों को अंजाम दे सकें।

क्या है डार्क वेब?

  • डार्क वेब इंटरनेट का ही हिस्सा है, लेकिन इसे सामान्य रूप से सर्च इंजन पर नहीं ढूंढा जा सकता। इस तरह की साइट को खोलने के लिए विशेष तरह के ब्राउजर की जरूरत होती है, जिसे टोर कहते हैं।

कुछ और चिंताजनक आकड़ें

  • अभी हाल ही में एक रिपोर्ट में खुलासा किया था कि भारतीय फर्मों ने अपने कामकाज पर रैंसमवेयर वायरस के दुष्प्रभाव को खत्म करने के लिए औसतन आठ करोड़ रुपये से अधिक की फिरौती दी है। यही नहीं बीते 12 महीनों में कुल मिलाकर 82 फीसद भारतीय फर्मों पर फिरौती के लिए रैंसमवेयर वायरस के हमले भी किए गए हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, साल 2017 से अब तक रैंसमवेयर के हमलों में 15 फीसद की बढोतरी दर्ज की गई है

:: पर्यावरण और पारिस्थितिकी ::

गंगा, यमुना की जल गुणवत्ता में सुधार पर रिपोर्ट

चर्चा में क्यों?

  • कोरोना वायरस को काबू करने के लिए देशभर में लागू लॉकडाउन के दौरान गंगा और यमुना की जल गुणवत्ता में सुधार संबंधी रिपोर्टों का संज्ञान लेते हुए राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) को निर्देश दिया है कि वह नदियों एवं अन्य जलाशयों समेत पर्यावरण में औद्योगिक एवं अपशिष्ट जल से होने वाले प्रदूषण में आई कमी का अध्ययन और विश्लेषण करे।
  • एनजीटी ने इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगते हुए निर्देश दिया कि औद्योगिक और अन्य गतिविधियां पुन: आरंभ होने के बाद यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि पर्यावरण संबंधी सभी नियमों का पालन किया जाए।
  • एनजीटी ने सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को भी यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि जलाशयों में प्रवेश करने वाले अपशिष्ट जल का शत-प्रतिशत उपचार किया जाए और उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

पृष्ठभूमि

  • एनजीटी के अध्यक्ष न्यायाधीश आदर्श कुमार गोयल की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा, ‘‘इस प्रकार की रिपोर्ट मिली हैं कि लॉकडाउन के दौरान नदी के जल की गुणवत्ता में सुधार हुआ है। सीपीसीबी को इसके कारणों का अध्ययन एवं विश्लेषण करना चाहिए और अधिकरण को रिपोर्ट सौंपनी चाहिए।’’

राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण NGT क्या है?

  • दिनांक 18.10.2010 को राष्ट्रीय हरित अधिकरण की स्थापना राष्ट्रीय हरित अधिकरण अधिनियम 2010 के तहत पर्यावरण बचाव और वन संरक्षण और अन्य प्राकृतिक संसाधन सहित पर्यावरण से संबंधित किसी भी कानूनी अधिकार के प्रवर्तन और क्षतिग्रस्त व्यक्ति अथवा संपत्ति के लिए अनुतोष और क्षतिपूर्ति प्रदान करना और इससे जुडे़ हुए मामलों का प्रभावशाली और तीव्र गति से निपटारा करने के लिए किया गया है।
  • यह एक विश्ष्टि निकाय है जो कि पर्यावरण विवादों बहु-अनुशासनिक मामलों सहित, सुविज्ञता से संचालित करने के लिए सभी आवश्यक तंत्रों से सुसज्जित है।
  • यह अधिकरण 1908 के नागरिक कार्यविधि के द्वारा दिए गए कार्यविधि से प्रतिबद्ध नहीं है लेकिन प्रकृतिक न्याय सिद्धांतों से निर्देशित होगा। अधिकरण की प्रधान पीठ नई-दिल्ली में और भोपाल, पुणे, कोलकाता और चेन्नई अधिकरण के अन्य चार पीठ होंगे।

सीपीसीबी क्या है?

  • केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी), एक सांविधिक संगठन है। इसका गठन जल (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1974 के अधीन सितंबर, 1974 में किया गया था। इसके अलावा, केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को वायु (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम,1981 के अधीन भी शक्तियां और कार्य सौंपे गए।
  • यह पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के एक फील्ड संघटन का काम करता है तथा मंत्रालय को पर्यावरण (संरक्षण) अधिनियम, 1986 के उपबंधों के बारे में तकनीकी सेवाएं भी प्रदान करता है। जल (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1974 तथा वायु (प्रदूषण, निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम,1981 में निर्धारित किए गए अनुसार, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के प्रमुख कार्य हैं,
  1. जल प्रदूषण के निवारण, नियंत्रण तथा न्यूनीकरण द्वारा राज्यों के विभिन्न क्षेत्रों में नदियों और कुओं की स्वच्छता को बढ़ावा देना, और
  2. देश की वायु गुणवत्ता में सुधार करना तथा वायु प्रदूषण का निवारण, नियंत्रण और न्यूनीकरण करना।

राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF)

चर्चा में क्यों?

  • पश्चिम बंगाल सरकार के आपदा प्रबंधन एवं नागरिक सुरक्षा विभाग में प्रधान सचिव से अतिरिक्त टीमों की तैनाती के लिए लिखित अनुरोध प्राप्त होने पर एनडीआरएफ की दस अतिरिक्त टीमों की व्‍यवस्‍था करने के बाद उन्‍हें जल्द से जल्द पश्चिम बंगाल के बाहर स्थित एनडीआरएफ स्थानों या केंद्रों से रवाना किया जा रहा है।
  • वर्तमान में एनडीआरएफ की 26 टीमें पश्चिम बंगाल के चक्रवाती तूफान प्रभावित क्षेत्रों में विभिन्‍न सेवाओं की बहाली से जुड़े कार्यों के लिए तैनात हैं। 10 अतिरिक्त टीमों की तैनाती से चक्रवाती तूफान अम्फान से प्रभावित पश्चिम बंगाल के 6 जिलों में एनडीआरएफ की कुल 36 टीमों की तैनाती सुनिश्चित हो जाएगी।

क्या है NDRF?

  • आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 के तहत 2006 में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल(एनडीआरएफ) का गठन किया गया था। राष्ट्रीय आपदा राहत बल एक पुलिस बल है। राष्ट्रीय आपदा राहत बल (एनडीआरएफ) राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अथॉरिटी (एनडीएमए) के अधीन कार्य करती है। इस पुलिस बल का मुख्य काम किसी आपातकाल या आपदा के समय खास तरीके से संगठित होकर प्रभावित लोगों को बचाना, उचित और सुरक्षित स्थान पर ले जाना है। यही नहीं आपदा के समय प्रभावित लोगों के जान माल की रक्षा करना भी होता है।
  • भारत में आपदा प्रबंधन की शीर्ष संस्था राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अथॉरिटी (एनडीएमए) है। इस संस्था का मुखिया देश का प्रधानमंत्री होता है। हांलाकि भारतीय गणराज्य में आपदा प्रबंधन का जिम्मा वहां की राज्य सरकार पर होता है। किसी राज्य में आपदा की स्थिति में भारत सरकार का गृह मंत्रालय उन राज्य इकाइयों के साथ समन्वय का काम करता है।

:: विविध ::

भारतीय अर्थशास्त्री आभास झा

  • भारतीय अर्थशास्त्री आभास झा को विश्व बैंक (World Bank) ने अहम पद पर नियुक्त किया है। उनकी क्षमता का उपयोग दक्षिण एशिया में जलवायु परिवर्तन और आपदा जोखिम प्रबंधन के लिए किया जाएगा। उनके अधिकार क्षेत्र में भारत, बांग्लादेश, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, श्रीलंका, नेपाल और मालदीव शामिल हैं।
  • आभास झा की शीर्ष प्राथमिकताओं में से एक दक्षिण एशिया क्षेत्र (SAR) आपदा जोखिम प्रबंधन और जलवायु परिवर्तन टीम को जोड़ने और सहयोग करने के लिए प्रोत्साहित और मदद करना होगा। विश्व बैंक ने कहा है कि झा अन्य प्रैक्टिस मैनेजरों और ग्लोबल सॉल्यूशंस ग्रुप्स के साथ मिलकर काम करेंगे, ताकि बड़े पैमाने पर ना केवल अभिनव और उच्च गुणवत्ता वाले समाधान पेश किए जा सकें, बल्कि इन देशों के सहयोग के लिए वैश्विक ज्ञान और उसके प्रवाह को बढ़ावा दिया जा सके।

:: प्रिलिम्स बूस्टर ::

  • रूस में भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों के प्रशिक्षण के प्रारंभ होने से चर्चा में रहे ‘गगनयान’ क्या है? (2022 में प्रस्तावित भारत का अंतरिक्ष में मानव मिशन)
  • हाल ही में किस देश के द्वारा दुनिया का पहला 3D न्यूज़ एंकर लांच किया गया है? (चीन)
  • 2.9 करोड़ भारतीयों की जानकारी लीक होने से चर्चा में रहे ‘डार्क वेब’ क्या है? (सामान्य सर्च इंजन/ब्राउजिंग से परे इंटरनेट का भाग, विशेष सॉफ्टवेयर/ब्राउज़र से ही पहुंच)
  • हाल ही में भारत की दवा नियामक प्रणाली में सुधार की अनुशंसा के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति के अध्यक्ष कौन हैं? (राजेश भूषण)
  • दस्तकारों-शिल्पकारों के सशक्तिकरण हेतु समर्पित “हुनर हाट” को पुनः किस थीम के साथ प्रारंभ किया जाएगा? (लोकल से ग्लोबल)
  • अम्फान चक्रवात में राहत कार्य से चर्चा में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की स्थापना किस अधिनियम के द्वारा एवं कब की गई? (आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005, NDRF 2006 में स्थापित)
  • मॉरीशस प्रधानमंत्री अनिरुद्ध द्वारा आभार प्रकट करने से चर्चा में रहे सागर नीति का उद्देश्य क्या है एवं यह कब शुरू हुई थी? (हिंद महासागर में शांति, सुरक्षा और समृद्धि, 2015)
  • हाल ही में भारत के किस राज्य ने खेलों को उद्योग का दर्जा प्रदान किया है? (मिजोरम)
  • किस देश के विशेषज्ञों ने भारत समेत 14 देशों की सूची वाले ‘खास चिंता वाले देशों(सीपीसी)’ के लिए यूएससीआईआरएफ की सिफारिशों को लागू करने का आग्रह किया है? (अमेरिका)
  • एनजीटी द्वारा जलीय स्रोतों में कम प्रदूषण के अध्ययन के निर्देश से चर्चा में रहे केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की स्थापना कब हुई थी? (1974)
  • अपने स्थापना दिवस से चर्चा में रहे मुहम्मदीन एंग्लो ओरिएंटल स्कूल(अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय) की स्थापना किसने की थी? (सैयद अहमद खान)
  • रूस में भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों के प्रशिक्षण के प्रारंभ होने से चर्चा में रहे ‘गगनयान’ क्या है? (2022 में प्रस्तावित भारत का अंतरिक्ष में मानव मिशन)

स्रोत साभार: Dainik Jagran (Rashtriya Sanskaran), Dainik Bhaskar (Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara (Rashtriya Sanskaran) Hindustan Dainik (Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times (Hindi & English), PTI, PIB

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