(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (17 जून 2020)

दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर


(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (17 जून 2020)


:: राष्ट्रीय समाचार ::

प्रधानमंत्री वन धन योजना (PMVDY)

  • हाल ही में प्रधानमंत्री वन धन योजना की सफलताओं के उपरान्त सरकार ने इस योजना को विस्तार देने की कवायद शुरु कर दी है। अनुच्छेद 275 (1) के तहत जनजातीय कार्य मंत्रालय के कोविड19 राहत योजना के माध्यम से आगामी लक्ष्य 18,000 एसएचजी के मौजूदा कवरेज को 50,000 वन धन एसएचजी और आदिवासी संग्रहकर्ताओं के कवरेज को तीन गुना 10 लाख करना है। इसके साथ ही मुख्य उद्देश्य एमएफपी के संदर्भ में वन धन योजना को अगली 'अमूल क्रांति' के रूप में स्थापित करके देशभर में जनजातीय पारिस्थितिकी तंत्र को बदलना है। इस दिशा में आगे बढ़ने के लिए अन्य मंत्रालयों, विभागों और प्रमुख संस्थानों के साथ सहयोग और साझेदारी की योजना बनाई जा रही है।

प्रधानमंत्री वन धन योजना (PMVDY) क्या है?

  • जनजातीय समुदाय के लोगों सशक्तिकरण हेतु प्रधानमंत्री मोदी ने 14 अप्रैल 2018 ने बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर के जन्‍मदिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ के बीजापुर में वन धन विकास योजना को लांच किया था। प्रधानमंत्री वन धन योजना का उद्देश्य जनजातीय उद्यम का सृजन करना है। ट्राइफेड इसकी नोडल एजेंसी है एवं ट्राइफेड ने अब तक 26 राज्यों और एक केन्द्र शासित प्रदेश में 1101 वन धन केन्द्रों की स्थापना से जुड़े प्रस्तावों को मंजूरी दी है।

क्या है PMVDY का उद्देश्य?

  • वन संपदा अर्थात वन धन का दोहन कर जनजातीय समुदाय के लोगों के लिए आजीविका का सृजन करना
  • जनजातीय लोगों के पारम्परिक ज्ञान एवं कौशल को ब्रांडिंग, पैकेजिंग एवं विपणन से संबंधित कौशल देकर बाजार की अगुवाई वाले उद्यम मॉडल के जरिए उनकी आय को अधिक करना
  • प्राथमिक स्‍तर पर लघु वन उत्पादों में मूल्य संवर्धन कर ज़मीनी स्‍तर पर जनजातीय समुदाय का उन्नयन करना
  • इससे 3 वर्षों के दौरान 45 लाख जनजातीय लोगों के रोजगार एवं उद्यमिता विकास के लिए जनजातीय उद्यमों का सृजन करने की परिकल्पना की गई है।

‘घर पर योग, परिवार के साथ योग’ अभियान

चर्चा में क्यों?

  • कोविड-19 महामारी की वर्तमान स्थिति, दैनिक गतिविधियों या चहल-पहल में आई सुस्‍ती और लोगों की आवाजाही पर लगी पाबंदियों के मद्देनजर इस वर्ष मनाए जा रहे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का उद्देश्‍य योग के स्वास्थ्य-वर्धन और तनाव से राहत देने वाले पहलुओं पर प्रकाश डालना है।
  • नए परिदृश्य में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) मनाने के लिए जो माहौल उभर कर सामने आया है, उसके मद्देनजर योग के स्वास्थ्य-वर्धन पहलू पर फोकस करने के साथ- साथ इस बार योग दिवस पर लोगों को अपने-अपने घरों में ही योगाभ्यास करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। आयुष मंत्रालय अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस से जुड़े अपने कार्यकलापों में ‘घर पर योग, परिवार के साथ योग’ थीम को बढ़ावा देकर इसी दृष्टिकोण का समर्थन कर रहा है।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के बारे में

  • हर साल 21 जून को विश्‍व भर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाया जाता है। 11 दिसंबर, 2014 को संयुक्त राष्ट्र महासभा ने एक संकल्प द्वारा 21 जून ने एक संकल्प द्वारा 21 जून को प्रतिवर्ष ‘इस दिवस को मनाने की घोषणा की थी।

कामगार और श्रमिक (सेवायोजन एवं रोजगार) आयोग

  • उत्तर प्रदेश सरकार ने श्रमिकों के हितों का संरक्षण करने के उद्देश्य से कामगार और श्रमिक (सेवायोजन एवं रोजगार) आयोग के गठन का प्रस्ताव मंगलवार को मंजूर किया । मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में यह महत्वपूर्ण फैसला लिया गया । मुख्यमंत्री ने तय किया था कि श्रमिक एवं कामगार, चाहे प्रवासी हों या निवासी, हमारे समाज के अल्प सुविधा प्राप्त इस वर्ग के हितों का संरक्षण प्रदेश सरकार करेगी । इसी कड़ी में राज्य मंत्रिपरिषद ने प्रदेश कामगार और श्रमिक (सेवायोजन एवं रोजगार) आयोग के गठन के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी ।

कामगार और श्रमिक (सेवायोजन एवं रोजगार) आयोग की संरचना

  • आयोग के अंतर्गत कार्यकारी परिषद या बोर्ड बनेगा । जिला स्तरीय एक समिति भी बनेगी, जो इनके हितों की रक्षा करेगी । प्रदेश स्तर पर बनने वाले बोर्ड के अध्यक्ष खुद मुख्यमंत्री होंगे । इसमें श्रम एवं सेवायोजन मंत्री संयोजक होंगे । औद्योगिक विकास मंत्री एवं एमएसएमई मंत्री उपाध्यक्ष होंगे । कृषि मंत्री, ग्राम विकास मंत्री, पंचायत राज मंत्री एवं नगर विकास मंत्री सदस्य होंगे ।’’

:: अंतर्राष्ट्रीय समाचार ::

पशुपतिनाथ मंदिर

चर्चा में क्यों?

  • नेपाल से चल रहे तनाव के बावजूद भारत ने यहां विश्‍व प्रसिद्ध पशुपतिनाथ मंदिर परिसर में 2.33 करोड़ रुपये की लागत से स्वच्छता केंद्र के निर्माण की प्रतिबद्धता जताई है। श्रद्धालुओं के लिए इस पवित्रस्थल पर इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर में सुधार करने के मकसद से स्‍वच्‍छता केंद्र का निर्माण होगा।
  • इस परियोजना का निर्माण ‘नेपाल-भारत मैत्री: विकास साझेदारी’ के तहत भारत के उच्च प्रभाव वाले सामुदायिक विकास योजना के तौर पर होगा।
  • इसके मुताबिक पहल के तहत, भारत ने स्वच्छता केंद्र के लिए 3.72 करोड़ नेपाली रुपये (2.33 करोड़ भारतीय रुपये) की आर्थिक सहायता देने की प्रतिबद्धता जताई है। इसका क्रियान्वयन काठमांडू महानगरीय शहर नेपाल सरकार के निर्धारित नियमों के अनुरूप 15 माह में करेगा।

पशुपतिनाथ मंदिर के बारे में

  • विश्व में दो पशुपतिनाथ मंदिर प्रसिद्ध है एक नेपाल के काठमांडू का और दूसरा भारत के मंदसौर का। दोनों ही मंदिर में मुर्तियां समान आकृति वाली है। नेपाल का मंदिर बागमती नदी के किनारे काठमांडू में स्थित है और इसे यूनेस्को की विश्व धरोहर में शामिल किया गया है। यह मंदिर भव्य है और यहां पर देश-विदेश से पर्यटक आते हैं।
  • अप्रैल 2015 में आए विनाशकारी भूकंप में पशुपतिनाथ मंदिर के विश्व विरासत स्थल की कुछ बाहरी इमारतें पूरी तरह नष्ट हो गयी थी जबकि पशुपतिनाथ का मुख्य मंदिर और मंदिर की गर्भगृह को किसी भी प्रकार की हानि नहीं हुई थी।

:: राजव्यवस्था ::

जम्मू-कश्मीर की ‘मीडिया नीति- 2020’

चर्चा में क्यों?

  • भारतीय प्रेस परिषद् (पीसीआई) ने जम्मू-कश्मीर की नयी मीडिया नीति पर वहां की सरकार से जवाब मांगा और कहा कि इसके प्रावधान प्रेस के स्वतंत्र कार्यों को प्रभावित करने वाले हैं। पीसीआई ने बयान जारी कर कहा कि जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव और सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सचिव से भी जवाब मांगा गया है।

‘मीडिया नीति- 2020’ के बारे में

  • केंद्र शासित प्रदेश के प्रशासन ने इस महीने की शुरुआत में ‘मीडिया नीति- 2020’ को मंजूरी दी थी। नीति में उल्लेखित ‘‘फर्जी सूचना’’ के प्रावधानों का पीसीआई ने स्वत: संज्ञान लिया है क्योंकि यह मामला प्रेस के स्वतंत्र कार्यों को प्रभावित करता है। इस नीति के तहत जम्मू-कश्मीर सरकार ने अधिकारियों को अधिकृत किया है कि वे प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और अन्य मीडिया में ‘‘फर्जी सूचना’’ की विषय वस्तु पर निर्णय करेंगे और पत्रकारों तथा मीडिया संगठनों के खिलाफ आगे की कार्रवाई करेंगे।
  • इस नीति के तहत प्रयास होगा कि फर्जी सूचना, गलत खबर को दूर किया जाए और ऐसी व्यवस्था बनाने का प्रयास किया जाए कि सार्वजनिक शांति, संप्रभुता और देश की अखंडता को कमतर करने के लिए मीडिया के इस्तेमाल के किसी प्रयास को प्रति सचेत किया जा सके।

:: अर्थव्यवस्था ::

विश्व निवेश रिपोर्ट 2020

चर्चा में क्यों

  • हाल ही में संयुक्त राष्ट्र के व्यापार एवं विकास सम्मेलन (UNCTAD) ने ‘विश्व निवेश रिपोर्ट 2020’ को जारी की।

विश्व निवेश रिपोर्ट 2020 के प्रमुख निष्कर्ष

  • संयुक्त राष्ट्र के व्यापार एवं विकास सम्मेलन (UNCTAD) ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि COVID-19 महामारी के बाद भारत में कोविड-19 के बाद कमजोर लेकिन सकारात्मक आर्थिक वृद्धि होने और एक व्यापक बाजार के रूप में भारत निवेश को आकर्षित करता रहेगा।
  • भारत को 2019 में विदेशी निवेश में 51 बिलियन अमरीकी डालर प्राप्त हुए और यह 2019 में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश (FDI) का 9 वाँ सबसे बड़ा प्राप्तकर्ता था।
  • पिछले वर्ष 2018 में भारत को 42 अरब डॉलर का एफडीआई प्राप्त हुआ था और तब भारत एफडीआई पाने वाले शीर्ष 20 देशों में 12वें नंबर पर था।
  • विकासशील एशिया क्षेत्र में भारत सबसे ज्यादा एफडीआई प्राप्त करने वाले शीर्ष पांच देशों में शामिल है।
  • रिपोर्ट में कहा गया है कि वैश्विक FDI प्रवाह 2020 में 2019 के मूल्य $1.54 ट्रिलियन से 40% तक घटने का अनुमान है।
  • रिपोर्ट में कहा गया है भारत में डिजिटल अर्थव्यवस्था अधिक निवेश आकर्षित करेगी जबकि रियल एस्टेट और संपत्ति विकास की मांग और वित्तपोषण की कमी से महत्वपूर्ण दबावों का सामना करेगी।

संयुक्त राष्ट्र के व्यापार एवं विकास सम्मेलन (UNCTAD)

  • संयुक्त राष्ट्र व्यापार और विकास सम्मेलन (UNCTAD) की स्थापना 1964 में की गई थी, अंकटाड का मुख्यालय जेनेवा में है।
  • अंकटाड के द्वारा व्यापार एवं विकास रिपोर्ट, अल्पविकसित देशों की रिपोर्ट तथा विश्व निवेश रिपोर्ट इत्यादि का प्रकाशन किया जाता है।
  • अंकटाड का उद्देश्य अल्पविकसित देशों के त्वरित आर्थिक विकास हेतु अंतरराष्ट्रीय व्यापार को प्रोत्साहित करना, व्यापार को प्रोत्साहित करना, व्यापार व विकास नीतियों का निर्माण एवं क्रियान्वयन करना, व्यापार व विकास के सम्बंध में संयुक्त राष्ट्र परिवार की विभिन्न संस्थाओं के मध्य समन्वय की समीक्षा व संवर्द्धन करना तथा सरकारों एवं क्षेत्रीय आर्थिक समूहों की व्यापार व विकास नीतियों में सामंजस्य लाना है।

विश्व प्रतिस्पर्धात्मकता सूचकांक

चर्चा में क्यों

  • हाल ही में इंस्टीट्यूट फॉर मैनेजमेंट डेवलपमेंट (IMD) ने विश्व प्रतिस्पर्धात्मकता सूचकांक को जारी किया है। इस सूचकांक में 63 देशों को रैंकिंग प्रदान की गई है।

सूचकांक के मुख्य बिंदु

  • सिंगापुर ने इस सूची में शीर्ष प्राप्त किया है।
  • इस सूचकांक में डेनमार्क एवं स्विजरलैंड को क्रमशः द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त हुआ है।
  • इस सूचकांक में भारत की स्थिति भारत की रैंकिंग 43 रही। ब्रिक्स राष्ट्रों में भारत, चीन (20वां स्थान) के बाद दूसरे स्थान पर है, इसके बाद रूस (50 वां), ब्राजील (56 वां) और दक्षिण अफ्रीका (59 वां स्थान) है।

विश्व प्रतिस्पर्धात्मकता सूचकांक के बारे में

  • प्रतिवर्ष यह सूचकांक स्विट्जरलैंड में स्थित इंस्टीट्यूट फॉर मैनेजमेंट डेवलपमेंट (IMD) संस्थान के द्वारा जारी किया जाता है। इसमें देश के अंदर 337 प्रतिस्पर्धात्मक पैरामीटर पर प्रतिस्पर्धा का मापन किया जाता है। इस रैंकिंग को जारी करने में विभिन्न आर्थिक रिपोर्ट, अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्रोतों समेत सभी हितधारकों ( व्यापारिक समुदाय, सरकारी एजेंसियां, शिक्षाविदों) इत्यादि का सहारा लिया जाता है। इसके साथ ही इसके विभिन्न पैरामीटर को नवीनतम आर्थिक सिद्धांतों के साथ अद्यतन किया जाता है।

मैग्नेटिक महाराष्ट्र 2.0

  • उद्योग विभाग की ओर से मैग्नेटिक महाराष्ट्र 2.0 (भाग दो) का मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और उद्योगमंत्री सुभाष देसाई की प्रमुख उपस्थिति में शुभारंभ किया गया। इस दौरान विविध देशों के वाणिज्यदूत, निवेशक, उद्योगपति ऑनलाइन रूप से उपस्थित थे। विविध 12 देशों के निवेशकों के साथ 16 हजार 30 करोड़ रुपये का सामंजस्य करार इस दौरान किया गया।
  • अमेरिका, चीन, दक्षिण कोरिया, सिंगापुर आदि देशों के एवं कुछ भारतीय निवेशकों के साथ यह करार किए गए है। इस दौरान उद्योगमंत्री सुभाष देसाई, उद्योग राज्यमंत्री अदिती तटकरे, मुख्य सचिव अजोय मेहता, उद्योग विभाग के प्रधान सचिव भूषण गगराणी, वेणूगोपाल रेड्डी और एमआयडीसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. पी. अनबलगन उपस्थित थे। वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सामंजस्य करार पर हस्ताक्षर किए गए।

:: विज्ञान और प्रौद्योगिकी ::

डब्ल्यूईएफ की 2020 के तकनीकी दिग्गजों की सूची

  • विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) द्वारा 2020 के तकनीकी दिग्गजों की सूची में दो भारतीय कंपनियों - जेस्टमनी और स्टेलाएप्स को शामिल किया है। इस सूची में कुल 100 कंपनियों के नाम हैं, जिनके बारे में डब्ल्यूईएफ ने कहा कि भविष्य में इनका बड़ा नाम होगा और ये बेहतरीन प्रौद्योगिकी के जरिए वैश्विक समस्याओं का समाधान मुहैया कराएंगी।
  • जेस्टमनी के बारे में डब्ल्यूईएफ ने कहा कि कंपनी अपनी तकनीक का इस्तेमाल वित्तीय सेवा उद्योग की तस्वीर बदलने के लिए कर रही है, जिसके जरिए लोगों को सस्ते कर्ज की पेशकश की जा रही है। कंपनी किफायती ऋण देने के लिए कृत्रिम मेधा आधारित डिजिटल लैंडिंग प्लेटफार्म का इस्तेमाल करती है और उन लोगों को कर्ज देती है, जिनकी आमतौर पर पारंपरिक वित्तीय संस्थाओं तक पहुंच नहीं है।
  • सूची में शामिल एक अन्य भारतीय कंपनी स्टेलाएप्स डाटा आधारित इंटरनेट सेवा है, जो किसान से उपभोक्ता तक डेयरी आपूर्ति श्रृंखला के डिजिटलीकरण का काम करती है।

ई-ऑफिस एप्लिकेशन

चर्चा में क्यों?

  • केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के अध्यक्ष श्री एम. अजीत कुमार ने पूरे भारत में 500 से भी अधिक सीजीएसटी और सीमा शुल्क कार्यालयों में ई-ऑफिस एप्‍लीकेशन का शुभारंभ किया। ई-ऑफिस एप्लिकेशन को सीबीआईसी के 800 से अधिक वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में दूरस्थ रूप से लॉन्च किया गया।

ई-ऑफिस एप्लिकेशन के बारे में

  • ई-ऑफिस एप्लिकेशन एनआईसी द्वारा विकसित किया जाता है और प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) द्वारा इसमें सहयोग दिया जाता है।
  • ई-ऑफिस का उद्देश्य फाइलों को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने और सरकार के भीतर फैसले लेने की आंतरिक प्रक्रियाओं को स्वचालित या स्‍वत: करके शासन (गवर्नेंस) में बेहतरी सुनिश्चित करना है।
  • ई-ऑफिस एप्लिकेशन का मुख्य मॉड्यूल ‘ईफाइल’ दरअसल डाक प्राप्त करने एवं चिह्नित करने से लेकर फाइल के संचालन, मसौदा पत्र तैयार करने, इसके अनुमोदन/हस्ताक्षर और हस्ताक्षरित पत्र का प्रेषण करने तक के फाइल संबंधी ऑनलाइन कार्यों को सक्षम करता है।
  • ई-ऑफिस दरअसल भारत में राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस के तहत एक मिशन मोड प्रोजेक्ट (एमएमपी) है।

:: विविध ::

विश्व मरुस्थलीकरण और सूखा रोकथाम दिवस: 17 JUNE

  • प्रति वर्ष 17 जून को विश्व मरुस्थलीकरण और सूखा रोकथाम दिवस मनाया जाता है। इस वर्ष 2020 की थीम Food.Feed.Fibre.- Sustainable production and consumption है अर्थात भोजन, चारे एवं रेशों के लिए उपभोग और भूमि के बीच अंतर्संबंधो को रेखांकित करना है। विश्व मरुस्थलीकरण दिवस के अवसर पर तीन मुख्य बातों के द्वारा मरुस्थलीकरण को रोकने के प्रयासों को प्रसारित किया जाता है।

:: प्रिलिम्स बूस्टर ::

  • हाल ही में जारी हुई वैश्विक प्रतिस्पर्धा-क्षमता सूचकांक में कौन सा देश प्रथम एवं द्वितीय स्थान क्रमशः किन देशों का रहा? (सिंगापुर और डेनमार्क)
  • हाल ही में जारी हुई वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता सूचकांक किस संस्था के द्वारा तैयार किया जाता है एवं इस सूचकांक में भारत की रैंकिंग कितनी रहे? (इंस्टिट्यूट आफ मैनेजमेंट डेवलपमेंट,43वें स्थान पर)
  • हाल ही में किस संस्थान के द्वारा विश्व निवेश रिपोर्ट 2020 जारी की गई इस रिपोर्ट के अनुसार भारत प्रत्यक्ष निवेश हासिल करने में विश्व में कौन से स्थान पर है? (अंकटाड, नौवें स्थान पर)
  • हाल ही में विश्व निवेश रिपोर्ट जारी करने से चर्चा में रहे ‘अंकटाड’की स्थापना कब हुई एवं इसका मुख्यालय कहां स्थित है? (1964, जिनेवा- स्विजरलैंड)
  • हाल ही में चर्चा में रहे मैग्नेटिक महाराष्ट्र 2.0 का आयोजन किस उद्देश्य हेतु किया गया था? (महाराष्ट्र में निवेश आकर्षित करने हेतु)
  • हाल ही में उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा श्रमिकों के हितों के संरक्षण हेतु किस आयोग की स्थापना की मंजूरी दी गई है? (कामगार और श्रमिक-सेवायोजन एवं रोजगार, आयोग)
  • भारत सरकार के द्वारा ‘नेपाल-भारत मैत्री: विकास साझेदारी’ के तहत नेपाल के किस मंदिर में स्वच्छता केंद्र के निर्माण की प्रतिबद्धता जताई है? ( (पशुपतिनाथ मंदिर)
  • हाल ही में आयुष मंत्रालय के द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2020 को किस अभियान के तहत मनाए जाने की घोषणा की गई है? (‘घर पर योग, परिवार के साथ योग’)
  • पेपर-लेस ऑफिस की दिशा में केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड द्वारा अपनाए गए ई- ऑफिस एप्‍लीकेशन का विकास किस संस्था के द्वारा किया गया है? (राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र-NIC)
  • आदिवासी संग्रहकर्ताओं के कवरेज को 3 गुना करने से चर्चा में रहे पीएम वन धन योजना कब एवं क्यों शुरू किया गया था? (2018, वन उत्पादों में मूल्य संवर्धन द्वारा जनजातीय लोगों की आजीविका का सृजन)
  • विश्व आर्थिक मंच के द्वारा जारी 2020 के तकनीकी दिग्गज 100 कंपनियों में किन्हीं दो भारतीय कंपनियों को जगह मिली है? (जेस्टमनी और स्टेलाएप्स)

स्रोत साभार: Dainik Jagran (Rashtriya Sanskaran), Dainik Bhaskar (Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara (Rashtriya Sanskaran) Hindustan Dainik (Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times (Hindi & English), PTI, PIB

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