(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (13 मार्च 2020)

दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर


(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (13 मार्च 2020)


:: राष्ट्रीय समाचार ::

आनंद विहार रेलवे स्टेशन को मिला 'ईट राइट स्टेशन' का दर्जा

  • रेलवे स्टेशनों पर मिलने वाले खाने की क्वॉलिटी को लेकर सवाल उठाने वाले लोगों के लिए एक अच्छी खबर है। भारत में खाने-पीने के सामान की क्वॉलिटी के मानकों को तय करने वाली संस्था फूड सेफ्टी स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने दिल्ली के आनंद विहार रेलवे स्टेशन को 5 स्टार रेटिंग के साथ 'ईट राइट स्टेशन' का दर्जा दिया है। यह दर्जा हासिल करने वाला आनंद विहार देश का तीसरा रेलवे स्टेशन, जबकि 5 स्टार रेटिंग हासिल करने वाला पहला रेलवे स्टेशन बन गया है। इससे पहले मुंबई सेंट्रल और मुंबई के ही छत्रपति शिवाजी टर्मिनस स्टेशन को FSSAI ने ईट राइट स्टेशन का दर्जा दिया था।

देश की पहली फ्री डिजिटल लॉकर सेवा

  • भारतीय डाक विभाग के बंगाल सर्किल ने गुरुवार को कोलकाता में देश की पहली डिजिटल लॉकर सेवा शुरू की है। डाक विभाग ने अपनी सेवा को और उन्नत करने को लेकर यह कदम उठाया है। इसका पूरा नाम डिजिटल पार्सल सर्विस रखा गया है जो देश में प्रथम है। इसकी पायलेट परियोजना के रूप में गुरुवार को कोलकाता मे साल्टलेक के पोस्ट आफिस में शुरू की गई है। यह सेवा राजारहाट न्यूटाउन के डाक घर में भी शुरू हुई है। इस सर्विस के तहत कस्टमर्स पोस्ट ऑफिसेज से अपना पार्सल अपनी सुविधा के हिसाब से कलेक्ट कर सकेंगे। यह सुविधा यूरोपीय देशों में काफी लोकप्रिय है, लेकिन भारत में पहली बार शुरू हो रही है।

कैसे करेगा काम:

  • यह सुविधा अपनाने वाले कस्टमर्स को इंडिया पोस्ट की ओर से जहां भी पार्सल ड्रॉप किया जाएगा, उसके एड्रेस के लिए एक खास लॉकर नंबर दिया जाएगा। इस डिजिटल पार्सल लॉकर में पार्सल ड्रॉप कर दिया जाएगा और कस्टमर को एक ओटीपी मैसेज किया जाएगा। कस्टमर्स पार्सल ड्रॉप होने के अगले सात दिनों तक लॉकर में ओटीपी को कोड के रूप में इस्तेमाल कर अपना पार्सल ले सकेंगे।

एक करोड़ से अधिक आबादी वाले शहरों में पिंक बसों की पहल पर विचार

  • केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने गुरूवार को लोकसभा में कहा कि एक करोड़ से अधिक आबादी वाले शहरों में महिलाओं के लिए विशेष पिंक बसें चलाने पर विचार किया जा सकता है। उत्तर प्रदेश में पिंक बसें शुरू की गयी हैं और सफलतापूर्वक चल रही जिनमें चालक और परिचालक महिलाएं होती हैं। सरकार द्वारा सार्वजनिक परिवहन की बसों में पैनिक बटन और कैमरे लगाने के प्रावधान कए गए हैं। निर्माताओं को इसके निर्देश दिये गये हैं और अब जो बसें आएंगी, उनमें पैनिक बटन और कैमरे लगे होंगे।

सैन्‍य अभ्‍यास मिलन-2020

  • विशाखापत्तनम में नौसेना द्वारा 18 से 28 मार्च तक आयोजित होने वाले सबसे बड़े बहुपक्षीय अभ्यास 'मिलन-2020' को भी एहतियात के तौर पर अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया है। इसके अलावा भारत और मिस्त्र के बीच संयुक्त विशेष बल अभ्यास 2020 को भी टाल दिया गया है, जो 11 से 13 मार्च के बीच जोधपुर में होने वाला था।

:: अंतर्राष्ट्रीय समाचार ::

कोरोना के चलते अमेरिकी रक्षा मंत्री का भारत दौरा स्थगित

  • कोरोना वायरस के खतरे के कारण अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर की 15-16 मार्च को होने वाली भारत यात्रा स्थगित कर दी गई है। इस यात्रा के दौरान एस्पर अपने भारतीय समकक्ष राजनाथ सिंह से मिलने वाले थे।

वर्ष 2019 में धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकारों पर अमेरिकी रिपोर्ट

  • अमेरिका ने धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकारों पर अपनी रिपोर्ट जरी कर दी है। इस संसदीय रिपोर्ट को विदेश मंत्री माइक पोंपियो ने सार्वजनिक किया है।

रिपोर्ट के मुख्य बिंदु

  • धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकारों पर अमेरिकी रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत में धार्मिक अल्पसंख्यक हिंसा और भेदभाव का निशाना बन रहे हैं। वर्ष 2019 में धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकारों पर आई रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत सरकार के प्रयास के बावजूद सरकारी मशीनरी में जिम्मेदारी का अभाव है। यह स्थिति प्रशासन के सभी स्तरों पर है। जिसे दंड मिलना चाहिए, उसे दंड नहीं मिल रहा।
  • रिपोर्ट में भीड़ द्वारा की गई हत्या की घटनाओं, हिरासत में हत्याओं, हिरासत में उत्पीड़न और जेलों की चिंताजनक स्थिति का उल्लेख है।
  • इसमें चीन, ईरान, वेनेजुएला और क्यूबा में मानवाधिकारों की स्थिति पर चिंता जताई है।

ईरान ने आइएमएफ से मांगी मदद

  • ईरान ने कोरोना वायरस से मुकाबले के लिए अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आइएमएफ) से करीब 58 साल बाद आर्थिक मदद मांगी है। वर्ष 1962 के बाद पहली बार इस तरह की मदद मांगी गई है। जबकि स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि मुल्क में 75 और मौत के साथ कोरोना से मरने वालों की संख्या 429 हो गई है। संक्रमित लोगों का आंकड़ा दस हजार के पार पहुंच गया है।
  • ईरान के सेंट्रल बैंक के प्रमुख अब्दोलनसर हेम्मती ने बताया कि आइएमएफ से पांच अरब डॉलर (करीब 36 हजार करोड़ रुपये) का आपात कर्ज मांगा गया है। इसके लिए आइएमएफ प्रमुख को आग्रह पत्र लिखा गया है। इस अंतरराष्ट्रीय संगठन ने मदद का भरोसा दिया है, जबकि ईरान के विदेश मंत्री जावद जरीफ ने ट्वीट के जरिये आइएमएफ से आग्रह पत्र पर त्वरित जवाब देने की अपील की।

अमेरिका ने 30 दिनों के लिए निलंबित कीं यूरोप की यात्राएं

  • कोरोना वायरस के हाहाकार के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि हम अगले 30 दिनों के लिए यूरोप से संयुक्त राज्य अमेरिका की सभी यात्राओं को निलंबित कर देंगे। नए नियम शुक्रवार आधी रात को लागू हो जाएंगे। बता दें कि इस संक्रमण पर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने चिंता व्यक्त की है। संगठन ने बुधवार को घोषणा की कि वैश्विक कोरोना वायरस संकट अब एक महामारी है।

विदेशी पर्यवेक्षकों की निगरानी में होगा श्रीलंका में संसदीय चुनाव

  • श्रीलंका में 25 अप्रैल को होने वाले संसदीय चुनाव विदेशी पर्यवेक्षकों की निगरानी में कराए जाएंगे। श्रीलंका के चुनाव आयोग ने संसद की 225 सीटों पर होने वाले चुनाव की निगरानी के लिए विभिन्न विदेशी संस्थाओं को न्योता दिया है। इनमें यूरोपीय यूनियन और राष्ट्रमंडल देशों के अलावा एशियन नेटवर्क फॉर फ्री इलेक्शन (एएनएफआरईएल) जैसे एनजीओ शामिल हैं।

:: भारतीय राजव्यवस्था ::

दिवालिया संशोधन बिल

  • दिवालिया कंपनियों को खरीदने वाले निवेशकों को आपराधिक मुकदमों से सुरक्षा प्रदान करने वाला दिवालिया संशोधन विधेयक (इंसॉल्वेंसी एंड बैंक्रप्सी अमेंडमेट बिल, 2020) बृहस्पतिवार को राज्यसभा ने ध्वनिमत से मंजूरी दे दी। लोकसभा इसे पहले ही पारित कर चुकी है। इस बिल ने अध्यादेश का स्थान लिया है।

पृष्ठभूमि

  • सबसे पहले यह बिल 2016 में लाया गया था। तबसे अब तक इसमें तीन बार संशोधन हो चुके हैं।

बिल से लाभ

  • घर खरीदने वालों के हितों ध्यान
  • रियल्टी फर्मो को फालतू मुकदमेबाजी से बचाने के लिए आइबीसी में खरीदारों की न्यूनतम संख्या की शर्त को शामिल किया जाना
  • दिवालिया घोषित करने की प्रक्रिया को सुसंगत बनाना
  • दिवालिया फर्म को खरीदने वाली नई कंपनी को दिवालिया फर्म के कृत्यों की सजा से बचाने के उपाय

खनिज कानून (संशोधन) विधेयक 2020

  • राज्यसभा ने लोकसभा से पहले ही पारित हो चुके खनिज कानून (संशोधन) विधेयक 2020 को भी बहुमत से पारित कर दिया।

बिल से लाभ

  • इससे अब देश-विदेश की तमाम कंपनियों को भारत में कोयले के खनन के साथ अंतिम उपयोग की शर्त के बिना कोयले की नीलामी में भाग लेने का अधिकार मिल गया है।
  • इससे कोयला व खनन क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआइ) बढ़ने के साथ अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
  • सालाना 2.7 लाख करोड़ रुपये के कोयला आयात में कमी आएगी।
  • घरेलू कोयला उत्पादन बढ़ने से बिजली उत्पादन भी बढ़ जाएगा।
  • आपको बता दे सरकार ने कोल इंडिया लिमिटेड (सीआइएल) को 2023-24 तक एक अरब टन कोयले के उत्पादन का लक्ष्य दिया है।

पोस्टर विवाद में तीन जजों की बेंच करेगी सुनवाई

  • पोस्टर विवाद पर आज उच्चतम न्यायालय ने उत्तर प्रदेश सरकार की याचिका पर सुनवाई की। याचिका में इलाहाबाद उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती दी गई थी। बहस के बाद अदालत ने मामले को विस्तृत सुनवाई के लिए तीन जजों की पीठ के पास भेज दिया है। हालांकि उच्च न्यायालय के फैसले पर रोक नहीं लगाई है। अदालत में योगी सरकार ने अपने फैसले का बचाव करते हुए कहा कि जो लोग खुलेआम बंदूक लहरा रहे हैं उनकी कैसे निजता हो सकती है।

पृष्ठभूमि

  • गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश सरकार ने लखनऊ में सड़कों पर सीएए विरोधी प्रदर्शनों के दौरान तोड़फोड़ करने के आरोपियों के पोस्टर लगाए थे। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने नौ मार्च को उत्तर प्रदेश सरकार को उन पोस्टरों को हटाने का आदेश दिया था, जिसे उत्तर प्रदेश सरकार ने उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी है।

:: भारतीय अर्थव्यवस्था ::

जनवरी में औद्योगिक उत्पादन की वृद्धि दर दो फीसद

  • देश की औद्योगिक उत्पादन (IIP) की वृद्धि दर जनवरी में बढ़कर दो फीसद पर पहुंच गई। एक साल पहले इसी महीने में यह 1.6 फीसद थी। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) की ओर से गुरुवार को जारी आंकड़ों के अनुसार मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के कमजोर प्रदर्शन की वजह से औद्योगिक उत्पादन की वृद्धि की रफ्तार सुस्त बनी हुई है।
  • आंकड़ों के अनुसार जनवरी में मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र का उत्पादन 1.5 फीसद बढ़ा। एक साल पहले समान महीने में मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र की वृद्धि दर 1.3 फीसद थी।
  • इसी तरह बिजली उत्पादन 3.1 फीसद बढ़ा। जनवरी, 2019 में बिजली क्षेत्र का उत्पादन 0.9 फीसद बढ़ा था। जनवरी, 2020 में खनन क्षेत्र की वृद्धि दर 4.4 फीसद रही। एक साल पहले समान महीने में इस क्षेत्र का उत्पादन 3.8 फीसद बढ़ा था।
  • चालू वित्त वर्ष के पहले दस माह (अप्रैल, 2019 से जनवरी, 2020) के दौरान औद्योगिक उत्पादन की वृद्धि दर घटकर 0.5 फीसद पर आ गई है। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में औद्योगिक उत्पादन 4.4 फीसद बढ़ा था।

फरवरी महीने में खुदरा महंगाई दर 6.58 फीसद के स्तर पर

  • फरवरी में देश की खुदरा महंगाई दर 6.58 फीसद रही। जनवरी महीने में खुदरा महंगाई 7.59 फीसद थी। 12 मार्च को इसे लेकर आंकड़े जारी किए गए। फरवरी में महंगाई दर 4.1 फीसद रही जो जनवरी में 4.8 फीसद थी।
  • खाद्य मूल्य फरवरी में 10.81 फीसद रहा, जो एक महीने पहले 13.63 फीसद था। फरवरी में सब्जियों की महंगाई दर जनवरी में 50.19 फीसद के मुकाबले 31.61 फीसद पर आ गई। अनाज और उत्पादों की महंगाई दर फरवरी में 5.23 फीसद रही जो जनवरी में 5.25 फीसद थी।
  • दलहन और उत्पादों में फरवरी में महंगाई दर 16.61 फीसद दर्ज की गई, एक महीने पहले 16.71 फीसद थी। जनवरी में 10.5 फीसद के मुकाबले फरवरी में मांस और मछली की कीमतें 10.2 फीसद पर आ गईं।
  • ईंधन और हल्की श्रेणी में महंगाई फरवरी में 6.36 फीसद देखी गई, जो जनवरी में 3.66 फीसद थी। फरवरी की नीति समीक्षा में आरबीआई ने रेपो दर में कोई बदलाव नहीं किया।
  • RBI ने 2019-20 की अंतिम तिमाही के लिए CPI महंगाई प्रोजेक्शन को संशोधित कर 6.5 फीसद कर दिया, 2020-21 की पहली छमाही के लिए 5.4-5 फीसद और 2020-21 की तीसरी तिमाही के लिए 3.2 फीसद कर दिया।
  • सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, 2019 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में भारत का सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) 4.7 फीसद बढ़ा है। पिछली तिमाही में जीडीपी की वृद्धि को संशोधित कर 5.1 फीसद किया गया था।

ऐतिहासिक गिरावट के साथ बंद हुआ शेयर बाजार

  • सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन यानी गुरुवार को शेयर बाजार में इतिहास की सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई। ना सिर्फ भारत, बल्कि दुनियाभर के बाजारों की हालत खस्ता है। कोरोनावायरस के कहर से बाजार में कोहराम मच गया है। दिनभर के कारोबार के बाद बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स 2,919.26 अंक यानी 8.18 फीसदी की जबरदस्त गिरावट के बाद 32,778.14 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 825.30 अंक यानी 7.89 फीसदी की गिरावट के बाद 9,633.10 के स्तर पर बंद हुआ। आज के कारोबार में चौतरफा बिकवाली दिखी।
  • शेयर बाजार के पतन के चलते निवेशकों के 11.42 लाख करोड़ रुपये डूब गए। बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण बुधवार को कारोबार खत्म होने पर 137 लाख करोड़ रुपये था, जो गुरुवार को घटकर 126 लाख करोड़ रुपये रह गया।
  • फीसदी के हिसाब से 2008 के बाद पहली बार कारोबार के दौरान सेंसेक्स में इतनी बड़ी गिरावट दिखाई दी। पिछले सात दिनों में सेंसेक्स करीब 15 फीसदी नीचे आया है। वहीं 2017 के बाद यह पहला मौका है, जब निफ्टी 9,600 के स्तर से नीचे पहुंचा।

गिरावट के बड़े कारण

  • विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने कोरोना को विश्वव्यापी महामारी घोषित कर दिया है। डब्ल्यूएचओ के प्रमुख ने कहा कि कोविड-19 को पैनडेमिक (विश्वव्यापी महामारी) माना जा सकता है।
  • टूरिस्ट वीजा निलंबित : सरकार ने 15 अप्रैल तक सभी देशों के पर्यटक वीजा निलंबित कर दिए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका शुक्रवार से (स्थानीय समयानुसार) 30 दिन के लिए यूरोप से सभी यात्राएं रद्द करने जा रहा है। इस दौरान किसी तरह के यातायात को इजाजत नहीं दी जाएगी। ब्रिटेन को इसमें शामिल नहीं किया गया है।
  • भारी गिरावट से वैश्विक आर्थिक मंदी की आशंका गहरा गई है। कच्चे तेल की कीमतों में भी गिरावट का रुख है। ब्रेंट क्रूड वायदा पांच फीसदी टूटकर 34 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया है। क्रूड में आई करीब तीन दशक की तेज गिरावट ने भी दुनिया के शेयर बाजारों का मूड बिगाड़ दिया है।
  • विदेशी फंड के लगातार बाहर जाने के चलते निवेशकों की भावनाओं पर प्रतिकूल असर पड़ा। शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक विदेशी संस्थागत निवेशकों ने बुधवार को सकल आधार पर 3,515.38 करोड़ रुपये की इक्विटी बेची। मासिक आधार पर देखें तो अब तक विदेशी निवेशकों ने 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक रकम भारतीय बाजार से निकाल लिए हैं।

:: पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी ::

वर्ष 2019 में वैश्विक जलवायु की स्थिति: संयुक्त राष्ट्र

  • संयुक्त राष्ट्र की एक ताज़ा व व्यापक जलवायु परिवर्तन रिपोर्ट में कहा गया है कि जलवायु परिवर्तन पर्यावरण के सभी पहलुओं पर बहुत बड़ा असर डाल रहा है, साथ ही जलवायु संकट दुनिया भर की आबादी के स्वास्थ्य और रहन-सहन को भी बड़े पैमाने पर प्रभावित कर रहा है.
  • इस रिपोर्ट का नाम है वर्ष 2019 में वैश्विक जलवायु की स्थिति जिसे संयुक्त राष्ट्र की मौसम संस्था विश्व मौसम संगठन ने तैयार किया है. इस रिपोर्ट में बड़ी संख्या में साझीदारों के नेटवर्क से आँकड़े पेश किए गए हैं.
  • रिपोर्ट में जलवायु परिवर्तन के प्रभाव के भौतिक चिन्हों का लेखा-जोखा तैयार किया गया है. मसलन - ज़मीनी और समुद्री सतहों पर बढ़ती गर्मी, समुद्रों का जल स्तर बढ़ना और हम पर्वतों का पिघलना - साथ ही सामाजिक व आर्थिक विकास, मानव स्वास्थ्य, प्रवासन और विस्थापन, खाद्य सुरक्षा, और भूमि व जल परिस्थितिकि तंत्रों पर इसके प्रभाव.

1.5 डिग्री सेल्सियस के लक्ष्य से भटकाव

  • संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने इस रिपोर्ट की प्रस्तावना में लिखा है कि विश्व अभी इस सदी के आख़िर तक तापमान वृद्धि को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक या जैसाकि पेरिस समझौते में कहा गया है कि 2 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने के लक्ष्य को पाने में रास्ते से बहुत भटका हुआ है.
  • याद रहे कि सदस्य देशों ने 2015 में पेरिस समझौते को मंज़ूर किया था जिसमें वैश्विक औसत तापमान वृद्धि को दो डिग्री सेल्सियस से नीचे रखने का आहवान किया गया है.
  • रिपोर्ट कहती है कि हाल के वर्षों और दशकों में तापमान के अनेक रिकॉर्ड टूटे हैं. रिपोर्ट में पुष्टि की गई है कि वर्ष 2019 रिकॉर्ड पर दूसरा सबसे गरम वर्ष था, और 2010-2019 रिकॉर्ड सबसे गर्म दशक दर्ज किया गया.
  • 1980 के बाद से सभी दशक लगातार गरम होते देखे गए हैं जबकि 1850 के बाद से सभी दशक उतने ज़्यादा गरम नहीं थे.
  • विश्व मौसम संगठन के महासचिव पैट्टरी तालस का कहना है कि सबसे गरम वर्ष अभी तक 2016 रहा लेकिन ये रिकॉर्ड भी जल्द ही टूटने की संभावना है. "ग्रीन हाउस गैसों का स्तर चूँकि लगातार बढ़ रहा है, तापमान वृद्धि भी जारी रहेगी.
  • हाल ही में दशक के मौसम के पूर्वानुमान में कहा गया है कि अगले पाँच वर्षों के दौरान वैश्विक स्तर पर तापमान का एक नया रिकॉर्ड सामने आ सकता है. ये केवल समय की बात है कि कब होगा."
  • पैट्टरी तालस ने यूएन न्यूज़ के साथ एक बातचीतम में रकहा कि समाजों में ये समझ व्यापक रूप से बढ़ रही है - वित्तीय क्षेत्र से लेकर युवाओं तक में - कि जलवायु परिवर्तन आज के दौर में मानव जाति के सामने नंबर एक समस्या है. "इसलिए अनेक अच्छे संकेत भी हैं कि हमने सही दिशा में आगे बढ़ना शुरू कर दिया है."
  • "पिछले वर्ष विकसित देशों में अर्थव्यवस्था में वृद्धि के बावजूद उत्सर्जन में गिरावट दर्ज की गई थी, इसलिए हम ये साबित होता है कि आर्थिक विकास को ग्रीन हाउस गैसों के उत्सर्जन में बढ़ोत्तरी से अलग किया जा सकता है.
  • बुरी ख़बर ये है कि बाक़ी दुनिया में, उत्सर्जन में पिछले साल बढ़ोत्तरी हुई. इसलिए हमें अगर इस समस्या को हल करना है तो हमें सभी देशों को साथ लेकर चलना होगा."
  • पैट्टरी तालस का कहना था कि बहुत से देश अब भी अपनी प्रतिबद्धताएँ पूरी तरह नहीं निभा रहे हैं जो उन्होंने 2015 में हुए पेरिस समझौते को मंज़ूरी देकर की थीं.
  • "इसके कारण विश्व के सामने इस शताब्दी के अंत तक तापमान वृद्धि चार से पाँच डिग्री सेल्सियस तक होने का जोखिम पैदा हो गआ है: अगर हम जलवायु परिवर्तन के प्रभाव कम करने के प्रति गंभीर हैं तो महत्वकांक्षाओं का स्तर बढ़ाने की सख़्त ज़रूरत है."

भड़की कार्बन डाइऑक्साइड

  • पैट्टरी तालस ने ध्यान दिलाते हुए कहा कि वर्ष 2020 का जनवरी महीना अभी तक का किसी भी वर्ष का सबसे ज़्यादा गरम जनवरी महीना रिकॉर्ड किया गया है. साथ ही उत्तरी गोलार्द्ध में बीती सर्दी का मौसम असाधारण रूप से नरम रहा.
  • अंटार्कटिका के प्रिंस गुस्ताव चैनल में 28 किलोमीटर लंबी हिम चादर हुआ करती थी. हाल के वर्षों और दशकों में ये हिम चादरें पिघल गई हैं.
  • अंटार्कटिका में जारी मौजूदा गर्मी के कारण बहुत बड़े पैमाने पर हिम पर्वत पिघल रहे हैं और हिमनदों (ग्लेशियरों) में दरारें पड़ रही हैं. परिणामस्वरूप समुद्रों का जल स्तर बढ़ रहा है. इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया के जंगलों में लगी भीषण आगों के कारण कार्बनडाय ऑक्साइड में उछाल आया और दुनिया भर में धुआँ और प्रदूषक तत्व बड़े पैमाने पर फैले.
  • ऑस्ट्रेलिया में 2018-2019 के दौरान ग्रीष्म मौसम अभी तक की सबसे ज़्यादा गरम दर्ज की गई. 18 दिसंबर को वहाँ का तापमान 41.9 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच गया.
  • ऑस्ट्रेलिया ही एक मात्र ऐसा देश नहीं था जो अत्यधिक गर्मी या भीषण जंगली आग से प्रभावित हुआ. अनेक यूरोपीय देशों में भी तापमान वृद्धि के रिकॉर्ड टूटे जिनमें फ्रांस, जर्मनी और ब्रिटेन जैसे देश भी शामिल थे.
  • यहाँ तक कि नॉर्डिक्स देशों भी रिकॉर्ड तापमान दर्ज किया गया जिनमें फ़िनलैंड भी शामिल था, जहाँ राजधानी हेलसिंगी में 33.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया. नॉर्डिक्स देशों में मुख्य रूप से डेनमार्क, फ़िनलैंड, आइसलैंड, नॉर्वे और स्वीडन नामक देश शामिल हैं.
  • साइबेरिया और अलास्का सहित उच्च अक्षांश वाले अनेक क्षेत्रों में ऊँचे स्तर वाली आग संबंधी गतिविधियाँ देखी गईं. ऐसा ही आर्कटिक के कुछ हिस्सों में भी देखा गया जबकि इससे पहले वहाँ ऐसा आमतौर पर नहीं देखा जाता था.
  • इंडोनेशिया और पड़ोसी देशों में 2015 में अनेक स्थानों पर अनेक बार आग लगी, दक्षिण अमेरिका में भी 2010 के बाद से आग संबंधी गतिविधियाँ उच्च स्तर पर रही हैं.

समुद्र के गरम होने के विशाल प्रभाव

  • वर्ष 2019 के दौरान ग्रीन हाउस गैसों का उत्सर्जन लगातार बढ़ता रहा, जिससे समुद्रों में भी तापमान वृद्धि हुई, और इस तरह की गतिविधियों से समुद्रों का जल स्तर भी बढ़ रहा है. इससे समुद्र की लहरों में बदलाव हो रहा है, तैरते हिम पहाड़ पिघल रहे हैं, और सुमुद्री जीवन के पारिस्थितिकि तंत्र में नाटकीय बदलाव हो रहे हैं.
  • समुद्रों में रसायनों की मात्रा बढ़ी है और ऑक्सीजन की मात्रा घट रही है जिसका समुद्री जीवन पर नकारात्मक प्रभाव हो रहा है, साथ ही जो लोग समुद्री पारिस्थिकि तंत्र पर निर्भर करते हैं, उनके रहन-सहन पर भी असर पड़ रहा है.
  • धुर्वों पर समुद्रों में हिम कम हो रहा है और ग्लेशियर 32वें वर्ष में लगातार सिकुड़ रहे हैं.
  • वर्ष 2002 से 2016 के बीच ग्रीनलैंड में लगभग 260 गीगाटन प्रतिवर्ष की दर से हिम ख़त्म हो गया है. सबसे ज़्यादा वर्ष 2011-2020 के दौरान लगभग 458 गीगाटन हम पिघला था. वर्ष 2019 में 329 गीगाटन बर्फ़ बिघला है जोकि औसत से ज़्यादा था.

अभूतपूर्व बाढ़ और सूखा

  • वर्ष 2019 में दुनिया भर में चरम मौसम की अनेक घटनाएँ हुईं जो अपने आप में बहुत बड़े पैमाने की थीं. भारत, नेपाल, बांग्लादेश और म्याँमार में मॉनसून के मौसम में इतनी बारिश हुई कि वो लंबे समय के भी औसत से ज़्यादा थी.
  • दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में जनवरी में बाढ़ आई, जबकि ईरान में मार्च और अप्रैल आई बाढ़ ने भारी तबाही मचाई. संयुक्त राज्य अमेरिका में बाढ़ से लगभग 20 अरब डॉलर का नुक़सान आँका गया जबकि कुछ अन्य क्षेत्रों में पानी की भारी क़िल्लत देखी गई.
  • ऑस्ट्रेलिया में 2019 रिकॉर्ड पर सबसे ज़्यादा सूखा रहा, और दक्षिण अफ्रीका, मध्य अमेरिका व दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में बहुत कम बारिश हुई.

मानवीय नुक़सान

  • जलवायु परिवर्तन के कारणों का दुनिया भर की इंसानी आबादी के स्वास्थ्य पर भी भारी असर पड़ रहा है: रिपोर्ट दिखाती है कि वर्ष 2019 में तापमान में अत्यधिक वृद्धि के कारण जापान में 100 से ज़्यादा और फ्रांस में 1462 लोगों की मौतें हुईं.
  • वर्ष 2019 में तापमान वृद्धि के कारण डेंगु वायरस का फैलाव भी बढ़ा जिसके कारण मच्छरों को कई दशकों से बीमारियों का संक्रमण फैलाना आसान रहा है.
  • भुखमरी में अनेक वर्षों तक गिरावट दर्ज किए जाने के बाद अब इसमें बढ़ोत्तरी देखी गई है और इसका मुख्य कारण जलवायु परिवर्तन व चरम मौसम की घटनाएँ हैं: वर्ष 2018 में भुखमरी से लगभग 82 करोड़ लोग प्रभावित हुए थे.
  • हॉर्न ऑफ़ अफ्रीका के देश वर्ष 2019 में विशेष रूप में ज़्यादा प्रभावित हुए, जहाँ की ज़्यादातर आबादी पर जलावायु संबंधी चरम घटनाओं, विस्थापन, संघर्ष व हिंसा का बड़ा असर पड़ा.
  • उस क्षेत्र में भीषण सूखा पड़ा और उसके बाद वर्ष के आख़िर में भारी बारिश हुई. इसी कारण टिड्डियों का भी भारी संकट पैदा हुआ जो पिछले लगभग 25 वर्षों में सबसे भीषण था.
  • दुनिया भर में लगभग 67 लाख लोग प्राकृतिक आपदाओं के कारण अपने घरों से विस्थापित हुए, इनमें विशेष रूप से तूफ़ानों और बाढ़ों का ज़्यादा असर था.
  • विशेष रूप से ईरान, फ़िलीपीन्स और इथियोपिया में आई भीषण बाढ़ों का ज़िक्र करना ज़रूरी होगा. रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि वर्ष 2019 में लगभग दो करोड़ 20 लाख लोगों के देश के भीतर ही विस्थापित होना पड़ा जोकि वर्ष 2018 ये संख्या लगभग एक करोड़ 72 लाख थी.

:: विविध ::

रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज 2020

  • ट्रैफिक नियमों के प्रति लोगों में जागरुकता लाने के इरादे से आयोजित की जा रही रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज 2020 को कोरोना वायरस के खौफ की वजह से बीच में ही रद कर दिया गया।
  • इस टूर्नामेंट में इंडिया, वेस्टइंडीज, श्रीलंका, ऑस्ट्रेलिया, साउथ अफ्रीका के पुराने क्रिकेटर्स हिस्सा ले रहे थे। हर टीम में उस देश के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी खेल रहे थे। इस सीरीज में कुल 11 मैचों का आयोजन किया जाना था जिसमें एक फाइनल मैच भी शामिल था। यानी दस लीग मैचों में से चार मैचों का आयोजन किया जा चुका था और छह लीग मैच अभी खेले जाने थे। इस लीग की शुरुआत एक मार्च को की गई थी और इस मैच में इंडिया लीजेंड्स का सामना वेस्टइंडीज लीजेंड्स के साथ हुआ था। पहले मुकाबले में इंडिया को वेस्टइंडीज पर सात विकेट से जीत मिली थी।

टोक्यो ओलंपिक की मशाल प्रज्वलित

  • टोक्यो ओलंपिक की मशाल को गुरुवार को प्राचीन ओलंपिया में प्रज्ज्वलित किया गया. गुरुवार को स्थानीय समयानुसार 12.10 पर ग्रीस अभिनेत्री जांथी जियोर्जियोउ ने प्राचीन ग्रीक हाई प्रीस्टेस की भूमिका अदा करते हुए कॉन्केव मिरर का उपयोग करते हुए सूर्य की किरणों से इस लौ को प्रज्जवलित किया.
  • कोरोनावायरस के बढ़ते खतरे के कारण इस समारोह में किसी को शामिल होने की इजाजत नहीं थी. प्राचीन ओलंपिया से यह लौ आठ दिनों तक ग्रीस की यात्रा करेगी और फिर इसे टोक्यो 2020 के आयोजकों के हवाले कर दिया जाएगा.
  • यह समारोह 19 मार्च को पानाथेनिएक स्टेडियम में होगा, जहां पहला आधुनिक ओलंपिक खेला गया था. मशाल पूरी दुनिया का सफर तय करते हुए जुलाई के अंत में जापान पहुंचेगी, जहां 24 जुलाई से 9 अगस्त तक ओलंपिक खेलों का आयोजन होगा. जापान इससे पहले 1964 में भी ओलंपिक की मेजबानी कर चुका है.
  • बता दें कि कोरोना वायरस के बढ़ते खतरे के कारण कई खेल आयोजन रद्द कर दिए गए हैं. इसे लेकर ओलंपिक के आयोजन पर भी सवालिया निशान लग गए हैं, जिसका आयोजन इस साल जुलाई-अगस्त में जापान की राजधानी टोक्यो में होना है.

इन्फ्लुएंशियल वूमन इन स्पोर्ट

  • मुंबई इंडियंस क्रिकेट टीम की फ्रैंचाइजी की मालिक नीता अंबानी का नाम 2020 की टेनिस की सुपरस्टार सेरेना विलियम्स और जिम्नास्ट सिमोन माइल्स के साथ खेल जगत के लिए 10 सबसे प्रभावशाली महिलाओं की सूची में शामिल किया गया है।
  • स्पोर्ट्स बिजनेस नेटवर्क, आईस्पोर्टकनेक्ट ने 2020 के लिए अपनी ‘इन्फ्लुएंशियल वूमन इन स्पोर्ट’ सूची जारी करते हुए कहा कि ‘‘मूल सूची में 25 महिलाओं को शॉर्टलिस्ट किए जाने के बाद अब हमारे विशेषज्ञों के पैनल से राय प्राप्त करने के बाद टॉप 10 महिलाओं की फाइनल सूची को तैयार किया गया है।’
  • टेनिस स्टार सेरेना विलियम्स और नाओमी ओसाका भी इस सूची में शामिल हैं। उनके साथ सूची में एली नॉर्मन, डायरेक्टर, मार्केटिंग एंड कम्युनिकेशंस, फॉर्मूला 1, कैथी एंगेलबर्ट, कमिश्नर, डब्ल्यूएनबीए, फातमा समौरा, सैक्रेटरी जनरल, फीफा, मैरी कॉमिस, सीईओ, स्पेशल ओलंपिक्स और क्लेयर कॉनर, मैनेजिंग डायरेक्टर, वुमंस क्रिकेट, ईसीबी शामिल हैं।

विंग्स इंडिया 2020

  • विंग्स इंडिया 2020 का आयोजन हैदराबाद के बेगमपेट एयरपोर्ट पर शुरू हुआ। एयरबस भारत के सबसे बड़े नागरिक विमानन शो – विंग्स इंडिया में अपनी श्रेणी के अग्रणी उत्पादों, तकनीकों और सेवाओं को प्रदर्शित करेगा। कोरोना वायरस के डर से इसमें आम नागरिकों को आने की अनुमति नहीं दी गई है। विंग्स इंडिया 2020 हैदराबाद के बेगमपेट एयरपोर्ट पर 14 मार्च तक चलेगा।

:: प्रिलिम्स बूस्टर ::

  • FSSAI द्वारा फाइव स्टार रेटिंग के साथ ‘ईट राइट स्टेशन’ का दर्जा प्राप्त करने वाला रेलवे स्टेशन कौन है? (आनंद विहार)
  • किस विभाग के द्वारा देश की पहली फ्री डिजिटल लॉकर सेवा शुरू की गई है? (डाक विभाग)
  • देश की पहली फ्री डिजिटल लॉकर सेवा की शुरुआत कहां से की गई है? (कोलकाता)
  • हाल ही में स्थगित किए गए सैन्‍य अभ्‍यास मिलन-2020 का आयोजन कहां होना था? (विशाखापट्टनम)
  • हाल ही में किस देश ने कोरोना वायरस के कारण अपने देश से सभी यूरोप देशों की यात्रा को निलंबित कर दिया है? (अमेरिका)
  • किस संस्थान के द्वारा ‘वर्ष 2019 में वैश्विक जलवायु की स्थिति’ रिपोर्ट जारी की गई है? (विश्व मौसम संगठन)
  • ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूकता फैलाने को लेकर चर्चित रहे रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज 2020 किस खेल से संबंधित है? (क्रिकेट)
  • हाल ही में किस स्थान पर ओलंपिक की मशाल प्रज्वलित की गई? (ओलंपिया ग्रीस)
  • टोक्यो ओलंपिक की मशाल किसके द्वारा प्रज्वलित की गई? (अभिनेत्री जांथी जियोर्जियोउ)
  • हाल ही में जारी हुई ‘इन्फ्लुएंशियल वूमन इन स्पोर्ट’ में किस भारतीय महिला को शामिल किया गया है? (नीता अंबानी)
  • विंग्स इंडिया 2020 का आयोजन कहां किया जा रहा है? (बेगमपेट, हैदराबाद)

स्रोत साभार: Dainik Jagran (Rashtriya Sanskaran), Dainik Bhaskar (Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara (Rashtriya Sanskaran) Hindustan Dainik (Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times (Hindi & English), PTI, PIB

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