(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (09 सितंबर 2019)

दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर


(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (09 सितंबर 2019)


:: राष्ट्रीय समाचार ::

‘‘धारा विकास कार्यक्रम’’

  • हिमालयी पर्वतीय क्षेत्रों में पानी के प्रमुख स्रोतों, जलधाराओं एवं झरनों के सूखने के कारण उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिये जल शक्ति मंत्रालय ने ‘स्प्रिंग रिजुविनेशन प्रोग्राम’ (धारा विकास कार्यक्रम) की पहल की है ताकि इन सूखते जल स्रोतों को जीवित किया जा सके। इस विषय पर ‘स्प्रिंग रिजुविनेशन का ढांचा दस्तावेज’ तैयार किया गया है जिसमें धारा विकास कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की गई है । दस्तावेज के अनुसार, धारा विकास कार्यक्रम के लिये जल शक्ति मंत्रालय समन्वय करने वाली संस्था है ।
  • इस उद्देश्य के लिये उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में धारा विकास एवं पुनर्जीवन के लिये एक पायलट परियोजना का प्रस्ताव किया गया है ।
  • कुछ राज्यों ने इस विषय पर कार्यक्रम शुरू किये हुए हैं । इसमें जहां पर कुछ समानताएं हैं, वहीं ये संबंधित राज्यों की विशिष्ट जलभूगर्भीय, सामाजिक, सांस्कृतिक स्थितियों एवं क्षमताओं के आधार पर विशिष्ट समाधान भी प्रस्तुत करते हैं । ऐसे में इन सभी का समावेश करते हुए समग्र उपाय प्रस्तुत करने की पहल है ।
  • ‘स्प्रिंग रिजुविनेशन के ढांचा दस्तावेज में कहा गया है कि व्यावहारिकता एवं टिकाऊ परिणाम इस कार्यक्रम डिजाइन का मूल तत्व होना चाहिए ताकि दीर्घकाल तक जल सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके । इसमें कहा गया है कि कार्यक्रम में जलभूगर्भीय स्थितियों एवं जल धाराओं पर नियंत्रण का मूल्यांकन करने, जल धाराओं की रिचार्ज क्षमता का पता लगाना, जलधारा की सुरक्षा एवं रखरखाव तथा जल धाराओं से रिचार्ज की प्रभावी तरीके से निगरानी करने पर जोर दिया गया है।
  • दस्तावेज में नीति आयोग द्वारा 2018 में स्प्रिंग रिवाईवल के भारतीय हिमालयी क्षेत्र में जलधाराओं की स्थिति पर रिपोर्ट का भी जिक्र किया गया है। नीति आयोग ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि हिमालय क्षेत्र के प्राकृतिक जल स्रोत खासतौर पर वन क्षेत्रों में स्थित जलधाराएं और झरने सूख रहे हैं । इसमें कहा गया है कि उत्तराखंड से गंगा, यमुना, रामगंगा, काली सहित दर्जनों नदियां निकलती हैं, जो उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिम बंगाल राज्यों को जल आपूर्ति करते है।
  • इन सभी नदियों में जलप्रवाह ग्लेशियर और अन्य जल स्रोतों से आते हैं । वहीं, हिमालय और पानी संरक्षण पर काम करने वाली विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से प्रकाशित “रिपोर्ट ऑफ वर्किंग ग्रुप 1 इनवेंट्री एंड रिवाइवल ऑफ स्प्रिंग्स इन द हिमालयाज फॉर वाटर सिक्योरिटी” के अनुसार, संपूर्ण भारत में 50 लाख धाराएं हैं जिनमें से 30 लाख अकेले भारतीय हिमालय क्षेत्र (आईएचआर) में हैं। 30 लाख में से आधी बारहमासी धाराएं सूख चुकी हैं अथवा मौसमी धाराओं में तब्दील हो चुकी हैं

पूर्वोत्तर परिषद के 68 वें पूर्ण सत्र

  • केंद्रिय गृह मंत्री अमित शाह दो दिन के दौरे असम पहुंचे। राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) की रिपोर्ट जारी होने के बाद अमित शाह की यह पहली असम यात्रा है। उन्होंने गुवहाटी में आयोजित पूर्वोत्तर परिषद के 68 वें पूर्ण सत्र में लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय संविधान का अनुच्छेद 371 एक विशेष प्रावधान है। सरकार अनुच्छेद 371 का सम्मान करती है और इसमें किसी भी तरह से नहीं बदलेगी।
  • बता दें कि जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद पूर्वोत्तर के लोगों को इस बात का डर सता रहा था कि कहीं अनुच्छेद 371 को भी कहीं केंद्र सरकार न हटा दे, लेकिन गृह मंत्री के इस बयान के बाद अब इस पर विराम लग गया है।
  • एनआरसी के अंतिम लिस्ट जारी होने के बाद से राज्य के लोगों में काफी बेचैनी है। इस लिस्ट में तकरीबन 19 लाख लोगों के नाम नहीं हैं। अमित शाह इस दौरे पर गुवाहाटी में नॉर्थ ईस्ट काउंसिल (एनईसी) की बैठक में हिस्सा लेंगे। इसमें वे आठ राज्यों के राज्यपाल और मुख्यमंत्रियों के साथ मुलाकात करेंगे। यह बैठक चार अगस्त को होनी थी, लेकिन इसे स्थगित कर दिया गया था। गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने पांच अगस्त को अनुच्छेद 370 को निरस्त करने का फैसला लिया था। इस वजह से शाह को दौरा रद करना पड़ा था।

क्या है अनुच्छेद 371

  • अनुच्छेद 371 में कई राज्यों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। इनमें से अधिकतर राज्य पूर्वोत्तर के हैं। संविधान का यह अनुच्छेद जनजातीय संस्कृति को संरक्षण प्रदान करने पर केंद्रित है। इसी आधार पर उन्हें इस अनुच्छेद के माध्यम से विशेष दर्जा मिला हुआ है।

समर्थ कार्यक्रम

  • झारखंड के कारीगरों, बुनकरों और शिल्पकारों को राज्य सरकार ने ग्लोबल बाजार मुहैया कराने की दिशा में पहल की है। मुख्यमंत्री रघुवर दास की उपस्थित में राज्य सरकार के उद्योग विभाग और फ्लिपकार्ट के बीच एमओयू (मेमोरंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग) किया गया। इसे 'समर्थ' नाम दिया गया है।
  • यह ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म लोगों को पूरे झारखंड के शिल्प, पारंपरिक कौशल और ज्ञान के साथ एकजुट करेगा। झारखंड सरकार व फ्लिपकार्ट के साथ हुए इस समझौते से राज्य के कलाकार लाभान्वित होंगे। झारखंड के हजारों कारीगरों, बुनकरों और शिल्पकारों को ई-कॉमर्स के पटल पर लाने की तैयारी हो चुकी है। कलाकारों के उत्पाद को बदलते वक्त एवं समय की मांग को देखते हुए ऑनलाइन शॉपिंग के वृहद बाजार में उतारने के लिए झारखंड सरकार और फ्लिपकार्ट ने 'समर्थ' समझौता पर हस्ताक्षर किए हैं।
  • झारखंड में बास, खादी और हथकरघा कारीगरों के समुदाय को लाभ पहुंचाने के लिए सरकार की यह पहल है। सरकार उन सभी कारीगरों को एक मंच देने की पक्षधर है, जो अपने उत्पाद को बेचने में असमर्थ हैं। उन्हें 'समर्थ' नामक यह पहल समर्थ कर समृद्धि की ओर अग्रसर करेगा। फ्लिपकार्ट मोबाइल एप के माध्यम से उपभोक्ता 'समर्थ' टाइप कर झारखंड के कलाकारों के उत्पाद को देख और उसे क्रय कर सकेंगे।

क्या है फ्लिपकार्ट :

  • फ्लिपकार्ट समूह भारत की प्रमुख डिजिटल वाणिज्य संस्थाओं में से एक है और इसमें समूह की कंपनियां फ्लिपकार्ट, मयन्त्रा, जबोंग व अन्य शामिल हैं। 2007 में शुरू हुई, फ्लिपकार्ट ने लाखों उपभोक्ताओं, विक्रेताओं, व्यापारियों और छोटे व्यवसायियों को भारत की ई-कॉमर्स क्रांति का हिस्सा बनने की राह को सुगम बनाया है।
  • 150 मिलियन से अधिक पंजीकृत ग्राहक, 80 मिलियन से अधिक उत्पाद फ्लिपकार्ट को अग्रणी सेवाओं जैसे कैश ऑन डिलीवरी, नो कॉस्ट ईएमआइ और आसान रिटर्न के लिए जाना जाता है। इसने हाल के वषरें में ऑनलाइन खरीदारी को सुगम व सुलभ बना दिया है।

:: अंतराष्ट्रीय समाचार ::

संयुक्त राष्ट्र का 74वें सत्र

  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संयुक्त राष्ट्र महासभा के वार्षिक सत्र को 27 सितंबर को संबोधित करेंगे और करीब एक सप्ताह के न्यूयॉर्क प्रवास के दौरान उनका कई द्विपक्षीय और बहुपक्षीय बैठकों का कार्यक्रम है। संयुक्त राष्ट्र के 74वें सत्र में वैश्विक नेताओं के संबोधन कार्यक्रम की प्रारंभिक सूची में यह जानकारी दी गई है। इसके अनुसार मोदी 27 सितंबर की सुबह एक उच्च स्तरीय सत्र को संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री ने महासभा को पहली बार 2014 में संबोधित किया था।
  • मोदी 24 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में इकोनॉमिक एडं सोशल काउंसिल (ईसीओएसओसी) चैंबर में एक विशेष कार्यक्रम ‘लीडरशिप मैटर्स: रेलीवेंस ऑफ गांधी इन कंटेम्प्रेरी वर्ल्ड’ की मेजबानी करेंगे। यह कार्यक्रम राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है।
  • मोदी 25 सितंबर को आयोजित होने वाले ब्लूमबर्ग ग्लोबल बिजनेस समिट में अहम वक्ता होंगे। सूत्रों के अनुसार मोदी के संबोधन के बाद भारतीय नेता का प्रश्न उत्तर सत्र भी होगा। ब्लूमबर्ग एलपी और ब्लूमबर्ग फिलेन्थ्रॉपीज के संस्थापक माइकल ब्लूमबर्ग इसका संचालन करेंगे। संगठन ने कहा कि इस फोरम में वैश्विक कारोबारी और नेता इकट्ठा होंगे। जिसमें वैश्विक आर्थिक वृद्धि के समक्ष नयी चुनौतियों को हल करने के नवोन्मेषी और साथ मिल कर काम करने के तरीकों पर चर्चा की जाएगी।
  • मोदी ‘गांधी पीस गार्डन’ का भी शुभारंभ करेंगे। यह गार्डन राष्ट्रपिता को समर्पित है। यह एक ऐसी परियोजना है जिसमें लोग अपने प्रियजनों की याद में पेड़ लगाते हैं।
  • संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस 23 सितंबर को जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेंगे जिसमें पेरिस समझौते के क्रियान्वयन पर चर्चा की जाएगी। संयुक्त राष्ट्र 24 और 25 सितंबर को टिकाऊ विकास लक्ष्य शिखर सम्मेलन की भी मेजबानी करेगा।
  • मोदी महासभा के 74वें सत्र के इतर कई उच्च स्तरीय सम्मेलनों में भी शिरकत करेंगे। संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र के लिए न्यूयॉर्क पहुंचने से पहले मोदी के ह्यूस्टन जाने की भी संभावना है जहां वह 22 सितंबर को भारतीय-अमेरिकी समुदाय को संबोधित करेंगे। ह्यूस्टन में टेक्सास इंडियन फोरम ‘हाउडी मोदी’ कार्यक्रम आयोजित कर रहा है।

पाकिस्तान की विकास परियोजनाओं में एक अरब डॉलर का निवेश

  • चीन की योजना पाकिस्तान की विकास परियोजनाओं में एक अरब डॉलर का निवेश करने की है। दोनों देश द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने के लिए कदम उठा रहे हैं।
  • चीन-पाकिस्तान मुक्त व्यापार करार (सीपीएफटीए) को अक्टूबर में अंतिम रूप दिया जाएगा।उसके बाद कृषि और समुद्री खाद्य उत्पादों सहित 90 प्रतिशत पाकिस्तानी निर्यात पर शून्य शुल्क लगेगा। के पहुंच से पाकिस्तान का निर्यात लगभग 3600 करोड़ रुपये बढ़ जाएगा, जिससे द्विपक्षीय व्यापार के बीच असमानता कम होगी।
  • चीनी महिला उद्यमियों को पाकिस्तानी बाजार की जानकारी देने और नेटवर्किंग को बढ़ावा देने के लिए नवंबर में होने वाले पांचवें इस्लामाबाद एक्सपो में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। पाकिस्तान की महिला उद्यमियों को चीन में आयोजित होने वाले एक्सपो में भाग लेने और व्यापार के अवसरों का पता लगाने के लिए चीन भेजा जाएगा।

:: भारतीय राजव्यवस्था और महत्वपूर्ण विधेयक ::

‘‘ रीथिंकिंग गुड गवर्नेंस : होल्डिंग टू अकाउंट इंडियाज पब्लिक इंस्टीट्यूशन्स’’

  • पूर्व नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) विनोद राय ने कहा कि सीबीआई को सरकार से एक निश्चित दूरी बनाकर चलने के लिए तुरंत सशक्त करने की जरूरत है। राय का मानना है कि सीबीआई भले ही डराए धमकाए नहीं लेकिन जांच के लिए कठपुतली बनती दिख रही है। अब यह सरकार की जिम्मेदारी है कि वह इस छवि को सुधारे और इस बात को सुनिश्चित करे कि उसे इस बात के लिये जिम्मेदार नहीं ठहराया जाए कि इन संस्थानों की विश्वसनीयता उसके कार्यकाल के दौरान निचले स्तर पर चली गई।
  • पूर्व कैग मानते हैं कि सतर्क लोक लेखा समिति (पीएसी) की नियमित बैठक कार्यपालिका के कामकाज की लगातार निगरानी के लिए प्रभावी हथियार है और किसी ढिलाई अथवा दुरुपयोग का संकेत मिलने पर यह उसे रेखांकित करेगी। पूर्व आईएएस अधिकारी ने अपनी नई किताब ‘‘ रीथिंकिंग गुड गवर्नेंस : होल्डिंग टू अकाउंट इंडियाज पब्लिक इंस्टीट्यूशन्स’’ में इस बात पर जोर दिया है कि मजबूत और गतिशील लोकतंत्र के आधारस्तंभ के रूप में काम करने के लिये कैसे ये संस्थाएं महत्वपूर्ण हैं। राय ने सुझाव दिया कि सीबीआई में अभियोजकों की भूमिका की नए सिरे से समीक्षा करने की जरूरत है क्योंकि एजेंसी का चर्चित मामलों में सजा दिलाने का रिकॉर्ड उत्साहजनक नहीं रहा है।
  • हुई प्रतीत होती हैं। संभवत: ऐसा इसलिए हो रहा है कि निर्णायक सरकार इसे देख नहीं रही है या देखकर भी इस चेतावनी संकेतों पर कार्रवाई नहीं कर रही है।

लद्दाख को आदिवासी क्षेत्र का दर्जा

  • गृह, विधि और जनजाति मामलों के मंत्रालय सहित अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) लद्दाख के लिए 'आदिवासी इलाके' के दर्जे की अनुशंसा करने वाले एक प्रस्ताव पर 'मोटे तौर पर' राजी है। इस मुद्दे पर चार सितंबर को मंत्रालय और आयोग के प्रतिनिधियों के बीच चर्चा हुई।
  • 'मोटे तौर पर हर कोई लद्दाख के लिए आदिवासी इलाके के दर्जे की अनुशंसा करने वाले प्रस्ताव पर राजी है। बैठक के दौरान पांचवीं और छठी अनुसूची के विभिन्न प्रावधानों पर पर चर्चा हुई। इस मामले पर अंतिम निर्णय 11 सितंबर को लिया जाएगा।' लद्दाख को 'आदिवासी क्षेत्र' का दर्जा देने के लिए क्षेत्र के नेताओं की बढ़ती मांग के बीच यह बैठक हुई है। बता दें कि छठी अनुसूची असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम राज्यों में आदिवासी इलाकों को स्वायत्त जिला और क्षेत्रीय परिषद गठित करके प्रशासन मुहैया कराती है।
  • बता दें कि लद्दाख के लोगों ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद-370 को समाप्त करने और लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश घोषित करने के केंद्र के फैसले का स्वागत किया था। हालांकि साथ ही आशंका जताई थी कि बाहरी लोगों के आने से क्षेत्र की जनसांख्यिकी बदल जाएगी और उनकी संस्कृति तथा पहचान पर खतरा उत्पन्न हो जाएगा।
  • आयोग ने पहले कहा था कि वह यह भी जानना चाहता है कि मुख्यत: आदिवासी आबादी वाले केंद्र शासित प्रदेशों को आदिवासी क्षेत्र क्यों घोषित नहीं किया गया चाहे वह अंडमान-निकोबार हो, लक्षद्वीप हो या दादरा-नगर हवेली हो। आदिवासी मामलों के मंत्री अर्जुन मुंडा को अगस्त में दिए एक ज्ञापन में लद्दाख से भाजपा सांसद जामयांग सेरिंम नांग्याल ने कहा था कि यह क्षेत्र मुख्यत: आदिवासी इलाका रहा है। इसकी 98 फीसद आबादी आदिवासी है। लद्दाख स्वायत्त पर्वतीय विकास परिषद के अध्यक्ष ग्याल पी वांग्याल ने भी मुंडा से कहा था कि 'अब उनकी एक ही मांग है कि लद्दाख को छठी अनुसूची के तहत लाया जाए ताकि उनकी भूमि संरक्षित रहे।'

जम्मू-कश्मीर व लद्दाख के लिए एक ही उच्च न्यायालय

  • जम्मू कश्मीर और लद्दाख केंद्र शासित प्रदेश के लिए एक ही उच्च न्यायालय होगा। 31 अक्टूबर 2019 को जम्मू कश्मीर और लद्दाख अलग-अलग केंद्र शासित प्रदेश बन जाएंगे। स्टेट ज्यूडिशियल एकेडमी के डायरेक्टर राजीव गुप्ता ने यह जानकारी दी।
  • दोनों नए केंद्र शासित प्रदेशों में 108 केंद्रीय कानून लागू होंगे, जबकि 164 राज्य के कानून खत्म हो जाएंगे। वहीं, 166 राज्य के कानून लागू रहेंगे। केंद्र सरकार ने पांच अगस्त को अनुच्छेद 370 को हटा दिया था।
  • संसद में जम्मू कश्मीर पुनर्गठन कानून 2019 पारित हो गया। राष्ट्रपति रामनाथ ने नौ अगस्त को जम्मू- कश्मीर पुनर्गठन कानून 2019 को मंजूरी दे दी। स्टेट ज्यूडिशियल एकेडमी के रिफ्रेशर कोर्स के डायरेक्टर ने जम्मू- कश्मीर पुनर्गठन कानून 2019 के प्रभावों और लंबित मामलों के पहलुओं को उजागर किया।
  • उन्होंने कहा कि केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर में तो विधानसभा होगी, लेकिन लद्दाख में विधानसभा नहीं होगी। लद्दाख सीधे तौर पर केंद्र के अधीन होगा। दोनों केंद्र शासित प्रदेशों का एक ही उच्च न्यायालय होगा। उच्च न्यायालय के मौजूदा कानून और तरीकाकार पहले जैसे ही रहेंगे। उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश जनक राज कोतवाल ने एवीडेंस एक्ट की जरूरत के विभिन्न पहलुओं का उल्लेख किया।

:: भारतीय अर्थव्यवस्था ::

सातवें क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक भागीदारी (आरसीईपी) की मंत्री स्तरीय बैठक

  • वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल सातवें क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक भागीदारी (आरसीईपी) की मंत्री स्तरीय बैठक, पूर्वी एशिया आर्थिक मंत्रियों के शिखर सम्मेलन और 16वें आसियन भारत आर्थिक मंत्रियों की बैठक में शामिल होंगे। ये बैठकें 8-10 सितंबर को होंगी। वृहत मुक्त व्यापार समझौता आरसीईपी पर बातचीत कर रहे भारत और जापान समेत 16 देशों के व्यापार मंत्रियों की आठ सितंबर को बैंकाक में बैठक होगी।
  • बैठक में दक्षिण पूर्व एशियाई देशों के संगठन (आसियान) के दस सदस्य देशों और आठ पूर्वी एशियाई देशों के आर्थिक मामलों के मंत्री और वरिष्ठ नेता शामिल होंगे।
  • आरसीईपी समझौते पर 10 आसियान सदस्य देश (ब्रुनेई, कम्बोडिया, इंडोनिशया, लाओस, मलेशिया, म्यांमा,, फिलिपीन, सिंगापुर, थाईलैंड और वियतनाम) और आस्ट्रेलिया, चीन, भारत, जापान, कोरिया और न्यूजीलैंड के बीच बातचीत हो रही है।
  • आरसीईपी के लिये बातचीत बुनियादी चरण में पहुंच गया है। सदस्य देशों का नवंबर तक बातचीत को अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचाने का लक्ष्य है।
  • अबतक 27 दौर की बातचीत हो चुकी है लेकिन सदस्य देश इस निष्कर्ष पर नहीं पहुंच पाये हैं कि किन-किन वस्तुओं पर आयात शुल्क खत्म किया जाएगा या उसमें उल्लेखनीय कटौती की जाएगी।

स्विस बैंक ने भारत को सौंपी भारतीय खाताधारकों की जानकारियां

  • स्विस बैंकों में पैसे रखने वाले भारतीयों के खातों से जुड़ी जानकारियां भारत को मिलनी शुरू हो गई हैं। स्विट्जरलैंड ने आटोमेटिक सूचना आदान-प्रदान ढांचे के तहत इस महीने पहली बार कुछ सूचनाएं भारत को उपलब्ध कराई हैं।
  • भारत को मिले पहले दौर की सूचनाओं के विश्लेषण की तैयारी चल रही है और इनमें खाताधारकों की पहचान तय करने के लिए पर्याप्त सामग्री उपलब्ध होने का अनुमान है। बैंकों और नियामकीय संस्थाओं के अधिकारियों ने बताया कि ये सूचनाएं उन खातों से जुड़ी हैं, जिन्हें लोगों ने कार्रवाई के डर से पहले ही बंद करा दिया है।
  • बैंक अधिकारियों ने कहा कि स्विट्जरलैंड की सरकार के निर्देश पर वहां के बैंकों ने डेटा इकट्ठा किया और भारत को सौंपा। इसमें हर उस खाते में लेन-देन का पूरा विवरण दिया गया है, जो 2018 में एक भी दिन सक्रिय रहे हों। उन्होंने कहा कि यह डेटा इन खातों में अघोषित संपत्ति रखने वालों के खिलाफ ठोस मुकदमा तैयार करने में बेहद सहायक साबित हो सकता है। इसमें जमा, हस्तांतरण तथा प्रतिभूतियों एवं अन्य संपत्ति श्रेणियों में निवेश से प्राप्त आय की पूरी जानकारी दी गई है।

कंपनी के प्रबंधन हेतु ई-वोटिंग

  • पूंजी बाजार नियामक सेबी एक मोबाइल एप्लीकेशन विकसित कर रहा है। इस एप की मदद से कंपनी के प्रबंधन में सुधार के फैसलों पर ई-वोटिंग की जाएगी। किसी लिस्टेड कंपनी के खुदरा निवेशक कॉरपोरेट गवर्नेस संबंधी मुद्दों पर इस एप की मदद से अपना वोट डाल सकेंगे। इसके अलावा सेबी इस एप के माध्यम से निवेशकों को जरूरी लिंक उपलब्ध कराएगा। इसके अंतर्गत खुदरा निवेशकों को फैसले लेने में मदद करने के लिए रजिस्टर्ड प्रॉक्सी एडवाइजर जैसी सुविधाएं दी जाएंगी।
  • सेबी के इस प्रयास का मकसद इससे पहले सेबी ने 2018-19 की अपनी वार्षिक रिपोर्ट में वोटिंग के नियमों को आसान बनाने की बात कही थी। सेबी ने कहा था कि ई-वोटिंग के माध्यम से वोट डालने की प्रक्रिया आसान होगी, जिससे अधिक से अधिक निवेशक वोटिंग में भाग ले सकेंगे।
  • सेबी कॉरपोरेट गवर्नेस में सुधार के लिए लगातार कोशिश कर रहा है। चालू वित्त वर्ष में यह पुराने डिस्क्लोजर फ्रेमवर्क पर पुनर्विचार करेगा। सेबी के मुताबिक छोटे निवेशकों का हित साधने के लिए प्रभावी गवर्नेस बहुत जरूरी है। इसके अलावा भारतीय निवेशकों को उनके विदेशी निवेश से संबंधित सुविधाएं भी दी जाएंगी।

सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड (Sovereign Gold Bond)

  • सरकारी योजना Sovereign Gold Bond के तहत 9 सितंबर से 13 सितंबर तक मार्केट कीमत से काफी सस्ते में गोल्ड खरीद सकते हैं। इसकी बिक्री पर होने वाले लाभ पर इनकम टैक्स के नियमों के तहत छूट भी मिलेगी।
  • दरअसल, साल 2015 में मोदी सरकार ने Sovereign Gold Bond योजना की शुरुआत की थी। इस योजना की सीरीज के तहत समय-समय पर लोगों को Gold Bond खरीदने का मौका दिया जाता है। आपको बता दें कि Sovereign Gold Bond में गोल्ड की कीमत RBI तय करता है। Sovereign Gold Bond की यह चौथी सीरीज है।
  • Reserve Bank Of India (RBI) ने बताया कि Sovereign Gold Bond योजना के तहत 3,890 रुपये प्रति ग्राम पर सोना खरीद सकते हैं। अगर आपने ऑनलाइन बुक किया तो आपको 50 रुपये की छूट मिलेगी। यानी फिर कीमत हो जाएगी प्रति ग्राम 3,840 रुपये।
  • बैंकों, डाकघरों, NSE, BSE, के अलावा Stock Holding Corporation Of India Limited जरिए भी खरीद सकते हैं।
  • इस योजना के तहत Gold Bond खरीदने के लिए कुछ शर्तें भी हैं। जिसमे पहली शर्त यह है कि कोई एक व्यक्ति एक साल में 500 ग्राम के Gold Bond खरीद सकता है। वहीं इस Bond में न्यूनतम निवेश एक ग्राम है।
  • Gold Bond की मेच्योरिटी 8 साल की है। जिस पर सालना 2.5 फीसदी की ब्याज मिलती है। बॉन्ड में मिलने वाला ब्याज निवेशक के टैक्स स्लैब के मुताबिक इनकम टैक्स में छूट मिलती है।
  • वहीं अगर Bond को 3 साल बाद और 8 साल के पहले मेच्योरिटी अवधि के पहले बेचा जाता है तो 20 फीसदी की दर से Long capital gain Tax लगेगा। लेकिन मेच्योरिटी के बाद बेचने पर मिलने वाले ब्याज में कोई टैक्स नहीं लगेगा।

:: विज्ञान और प्रौद्योगिकी ::

ISRO के आगामी प्रोजेक्ट्स

  • चंद्रयान 2 के लैंडर विक्रम से ISRO का संपर्क टूट गया हो लेकिन अभी भी ISRO के हौंसलों में कमी नहीं आई है। इसरो ने अगले मून मिशन पर काम करने की योजना बनाई है। इसरो का अगला मिशन मून पहले के मुकाबले बड़ा होगा।
  • कहा जा रहा है कि इस मिशन के जरिए चांद के ध्रुवीय क्षेत्र के सैंपल लाने का काम किया जाएगा। इस मिशन के लिए इसरो जापान की अंतरिक्ष एजेंसी जाक्सा के साथ मिलकर काम करेगा। दरअसल, इन दोनों देशों की अंतरिक्ष एजेंसी चांद के ध्रुवीय क्षेत्र में रिसर्च करने के लिए मिलकर एक सैटेलाइट बनाने पर काम कर रहे हैं।
  • चंद्रयान 2 मिशन के लिए पहले रूस की अंतरिक्ष एजेंसी रॉसकॉमोस के साथ मिलकर काम करने की योजना थी। हालांकि, ये उस वक्त की बात है जब इसकी मंजूरी पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने दी थी। इस मिशन के लिए रूस स्पेस एसेंसी लैंडर उपलब्ध करवाने वाली थी।

गगनयान

  • इस परियोजना का उद्देश्य तीन सदस्यीय चालक दल को कम से कम सात दिनों के लिए अंतरिक्ष में भेजना है और ये वर्ष 2022 के लिए निर्धारित किया गया है। इस परियोजना की घोषणा पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने स्वतंत्रता दिवस के भाषण में की थ।
  • अंतरिक्ष यान, जिसे भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) द्वारा विकसित किया जा रहा है, में एक सर्विस मॉड्यूल और एक क्रू मॉड्यूल है, जिसे सामूहिक रूप से ऑर्बिटल मॉड्यूल के रूप में जाना जाता है।
  • भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी ने इस साल की शुरुआत में बेंगलुरु स्पेस एक्सपो के 6 वें संस्करण में गगनयान क्रू मॉडल और ऑरेंज स्पेस सूट प्रदर्शित किए। अंतरिक्ष सूट का विकास विक्रम साराभाई अंतरिक्ष केंद्र, तिरुवनंतपुरम में किया गया था। गगनयान 10,000 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट था।

शुक्रयान मिशन

  • इसरो की दूसरी बड़ी योजना शुक्रयान है। ये परियोजना शुक्र ग्रह की खोज के लिए है। इसरो शुक्र के वातावरण का अध्ययन करने के लिए एक ऑर्बिटर मिशन भेजा जाएगा। जो मुख्य रूप से कार्बन डाइऑक्साइड से होगा। मिशन को 2023 में लॉन्च किया जाएगा।

भारत का अपना अंतरिक्ष स्टेशन बनाना

  • इसरो सबसे महत्वपूर्ण योजनाओं में से एक भारत का अपना अंतरिक्ष स्टेशन बनाने पर भी काम कर रहा है। प्रस्तावित स्टेशन का वजन 15-20 टन होगा और यह 15-20 दिनों के लिए लोगों की मेजबानी कर सकेगा। इसरो अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करने की अपनी योजना के बारे में भारत सरकार को एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा, जिसके बाद अनुमान लगाने में पाँच से सात साल तक लग सकते हैं। यह गंगनयान परियोजना का विस्तार है।

मंगलयान 2

  • भारत ने PSLV-C25 रॉकेट का इस्तेमाल करते हुए 5 नवंबर, 2013 को अपना पहला मार्स ऑर्बिटर मिशन (MOM) लॉन्च किया था। अगले MoM में, मंगलयान 2 लाल ग्रह की सतह, आकृति विज्ञान, खनिज विज्ञान और उसके वातावरण का अध्ययन करने के लिए निर्धारित है। 2024 में भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन द्वारा मंगल ग्रह के प्रक्षेपण के लिए दूसरे इंटरप्लेनेटरी मिशन की योजना बनाई गई है।

आदित्या 1

  • आदित्य या आदित्य-एल 1 सूर्य का अध्ययन करने के लिए एक अंतरिक्ष यान मिशन है।आदित्य-एल 1 अंतरिक्ष यान पृथ्वी से 1.5 मिलियन किमी दूर कक्षा में जाएगा। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के प्रमुख के सिवन ने इस साल जून में घोषणा की कि सूर्य का अध्ययन करने के लिए भारत अपना पहला मिशन शुरू कर सकता है। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिकों को सूर्य के बारे में बहुत कुछ सीखना बाकी है, और आदित्य-एल 1 मिशन के जरिए कुछ सवालों के समाधान की उम्मीद है।

अफ्रीकी ‘स्वाइन फीवर’

  • फिलीपीन के अधिकारियों ने कहा है कि प्रयोगशाला परीक्षण में मनीला के पास कम से कम सात गांवों में सुअरों के ‘स्वाइन फीवर’ की वजह से मरने की पुष्टि हुई है। साथ ही उन्होंने कहा कि संक्रामक रोग आगे नहीं फैले, यह सुनिश्चित करने के लिए एक बहु-एजेंसी निकाय का गठन किया जाएगा।
  • कृषि मंत्री विलियम डार ने सोमवार को कहा कि ब्रिटिश प्रयोगशाला भेजे गए रक्त के 20 में से 16 नमूनों में इस बीमारी की पुष्टि हुई है। हालांकि वायरस कितना शक्तिशाली है इसका पता लगाने के लिए कुछ और परीक्षण किए जाने हैं। वायरल संक्रमण की चपेट में आने से दो प्रांतों के गांवों में 7,000 से अधिक सुअरों को मारा गया है।

बिहेवियर पोर्टल

  • इंटरनेट व ऑनलाइन गेम की लत मानसिक बीमारी का कारण बन रही है। खासतौर पर छात्रों में यह समस्या अधिक देखी जा रही है। इसके मद्देनजर एम्स के बिहेवियरल एडिक्शन क्लीनिक (बीएसी) ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के साथ मिलकर एक डिजिटल पोर्टल तैयार किया है। जिसे बिहेवियर नाम दिया गया है। एम्स के डॉक्टर कहते हैं कि यह पोर्टल लोगों को इंटरनेट के अत्यधिक इस्तेमाल के कारण होने वाली मानसिक बीमारियों के प्रति जागरूक करने और उसकी रोकथाम में मददगार होगा।
  • यह एक ऐसा पोर्टल है, जहां इस उभरती बीमारी की रोकथाम व निदान की पूरी जानकारी ली जा सकती है। इस पोर्टल पर बताया गया है कि गेम एडिक्शन क्या है, इसकी पहचान कैसे की जा सकती है। इसके पहले स्कूलों के शिक्षक व काउंसलरों के लिए एक ऑनलाइन पाठ्यक्रम की शुरुआत की गई थी। उसका इस्तेमाल सामान्य व्यक्ति नहीं कर सकता है, लेकिन नए पोर्टल से हर कोई फायदा उठा सकता है।

चंद्रयान-2 / लैंडर विक्रम: इसरो

  • भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र (इसरो) ने चंद्रयान-2 के लैंडर विक्रम का पता लगाने में सफलता हासिल की है। इसरो के चेयरमैन डॉ. के सिवन ने रविवार को बताया कि चंद्रमा पर विक्रम लैंडर का पता लग चुका है। ऑर्बिटर ने लैंडर की कुछ तस्वीरें (थर्मल इमेज) ली हैं। विक्रम से संपर्क की कोशिशें जारी हैं। हालांकि, ऑर्बिटर के द्वारा ली गईं लैंडर की तस्वीरें इसरो तक पहुंचना बाकी हैं।
  • इसरो लैंडर विक्रम से संपर्क साधने की कोशिशों में जुटा है। लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि दोबारा संपर्क स्थापित करने का वक्त गुजर चुका है और इसकी संभावनाएं बहुत कम हैं। मिशन से जुड़े वैज्ञानिकों ने कहा कि यह अच्छा संकेत है कि विक्रम सोलर पैनल की मदद से बैटरी चार्ज कर उर्जा पैदा कर लेगा। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि अगर चांद की सतह पर विक्रम की हार्ड लैंडिंग हुई है तो इससे उसे नुकसान पहुंचने की आशंका है। वह अपने चार लेग पर उतरा होगा, इसकी संभावना बहुत कम है।
  • इसरो 7 सितंबर को अंतरिक्ष विज्ञान में इतिहास रचने के करीब था, लेकिन चंद्रयान-2 के लैंडर विक्रम का लैंडिंग से महज 69 सेकंड पहले पृथ्वी से संपर्क टूट गया। चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर लैंडर विक्रम की शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात 1 बजकर 53 मिनट पर लैंडिंग होनी थी। इसके बाद सिवन ने कहा कि भारतीय मिशन करीब 99% सफल रहा। सिर्फ आखिरी चरण में लैंडर से संपर्क टूटा था।
  • सिवन ने बताया था, ‘‘लैंडर विक्रम की लैंडिंग प्रक्रिया एकदम ठीक थी। जब यान चांद के दक्षिणी ध्रुव की सतह से 2.1 किमी दूर था, तब उसका पृथ्वी से संपर्क टूट गया। हम ऑर्बिटर से मिल रहे डेटा का विश्लेषण कर रहे हैं। हमने आखिरी चरण में सिर्फ लैंडर से संपर्क खोया है। अगले 14 दिन संपर्क साधने की कोशिश करेंगे।’’

आगे क्या?

  • जिस ऑर्बिटर से लैंडर अलग हुआ था, वह अभी भी चंद्रमा की सतह से 119 किमी से 127 किमी की ऊंचाई पर घूम रहा है। 2,379 किलो वजनी ऑर्बिटर के साथ 8 पेलोड हैं और यह 7 साल तक काम करेगा। यानी लैंडर और रोवर की स्थिति पता नहीं चलने पर भी मिशन जारी रहेगा। 8 पेलोड के अलग-अलग काम होंगे...
  1. चांद की सतह का नक्शा तैयार करना। इससे चांद के अस्तित्व और उसके विकास का पता लगाने की कोशिश होगी।
  2. मैग्नीशियम, एल्युमीनियम, सिलिकॉन, कैल्शियम, टाइटेनियम, आयरन और सोडियम की मौजूदगी का पता लगाना।
  3. सूरज की किरणों में मौजूद सोलर रेडिएशन की तीव्रता को मापना।
  4. चांद की सतह की हाई रेजोल्यूशन तस्वीरें खींचना।
  5. सतह पर चट्टान या गड्ढे को पहचानना ताकि लैंडर की सॉफ्ट लैंडिंग हो।
  6. चांद के दक्षिणी ध्रुव पर पानी की मौजूदगी और खनिजों का पता लगाना।
  7. ध्रुवीय क्षेत्र के गड्ढों में बर्फ के रूप में जमा पानी का पता लगाना।
  8. चंद्रमा के बाहरी वातावरण को स्कैन करना।

गट बैक्टीरिया

  • अमेरिका के सिएटल स्थित इंस्टीट्यूट फॉर सिस्टम बायोलॉजी (आइएसबी) के वैज्ञानिकों ने गट बैक्टीरिया यानी आंत में पाए जाने वाले बैक्टीरियाओं की विविधता का पता लगाने का एक नया तरीका विकसित किया है। शोधकर्ताओं ने व्यक्ति के रक्त में कुछ रसायनों की जांच करके रक्त में मौजूद मॉलीक्यूल और कुछ गट बैक्टीरियाओं की संख्या के बीच एक कड़ी का अध्ययन किया है। इससे किसी भी व्यक्ति को बीमार होने से बचाया जा सकता है। जिसके परिणाम नेचर बायोटेक्नोलॉजी नामक पत्रिका में प्रकाशित हुए हैं।
  • अध्ययन के मुताबिक, शोध के परिणामों ने ऐसे व्यक्ति की पहचान करने के लिए एक तेज, सस्ता और विश्वसनीय परीक्षण का तरीका विकसित करने के संभावना पैदा की है जिनकी आंतों में बैक्टीरियाओं की विविधता कम पाई जाती है। एक व्यक्ति के पाचन तंत्र में कई प्रकार के बैक्टीरिया पाए जाते हैं। इनमें से कुछ शरीर को सुरक्षा प्रदान करते हैं तो कुछ बीमारियों का कारण भी बनते हैं।
  • वर्ष 2018 में ब्रिटिश मेडिकल जर्नल में प्रकाशित हुए एक अध्ययन में कहा गया है कि बावेल सिंड्रोम जैसी बीमारियां कुछ विशेष बैक्टीरियाओं जैसे बिफिडोबैक्टीरियम का अनुपात कम होने से जुड़ी होती हैं। अमेरिका के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल के मुताबिक क्लॉस्टिडियम डिफिसाइल (सी. डिफ) जैसे कुछ बैक्टीरियाओं को लोगों के लिए घातक माना जाता है। ये बैक्टीरिया यदि आंत में अनुपात से बाहर निकलते हैं तो व्यक्ति की मौत तक हो जाती है।

:: विविध ::

यूएस ओपन 2019

  • यूएस ओपन 2019) के फाइनल मुकाबले में स्पेन के राफेल नडाल ने रुस के दानिल मेदवेदेव को हरा दिया।
  • नडाल ग्रैंड स्लेम जीतने के मामले में अब रोजर फेडरर से सिर्फ एक कदम पीछे हैं। फेडरर ने 20 ग्रैंडस्लैम खिताब जीते हैं। यह नडाल के करियर का 27वां ग्रैंड स्लैम फाइनल था।
  • कनाडा की 19 साल की युवा खिलाड़ी बियान्का एंड्रेस्कू (Bianca Andreescu) ने साल के अंतिम ग्रैंड स्लैम यूएस ओपन में पूर्व नंबर एक सेरेना विलियम्स को हरा खिताब अपने नाम किया है। बियान्का ने फाइनल मुकाबले में सीधे सेटों में अमेरिकी स्टार को हराकर अपना पहला ग्रैंड स्लैम जीता। बियान्का यह खिताब जीतने वाली कनाडा की पहली टेनिस खिलाड़ी बन गई हैं।
  • कनाडा की इस टेनिस स्टार ने महज 19 साल की उम्र में ग्रैंड स्लैम खिताब जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित किया है। बियान्का अब रूस की मारिया शारापोवा के बाद यह खिताब जीतने वाली सबसे कम उम्र की खिलाड़ी बन गई हैं। साल 2006 में शारापोवा ने यूएस ओपन के खिताब पर कब्जा जमाया था।

राम जेठमलानी

  • क्रिमिनल लायर के तौर पर मशहूर राम जेठमलानी का रविवार की सुबह 95 साल की उम्र में उनका निधन हो गया। बतौर क्रिमिनल लॉयर राम जेठमलानी की अपनी अलग ही पहचान थी। आज के समय के नए वकीलों के लिए राम जेठमलानी एक आदर्श है।

:: प्रिलिमिस बूस्टर ::

  • हिमालयी पर्वतीय क्षेत्रों में सूखती हुई जलधाराओं एवं झरनों के विकास हेतु जल शक्ति मंत्रालय द्वारा कौन से प्रोग्राम की शुरुआत की गई है? (‘स्प्रिंग रिजुविनेशन प्रोग्राम’)
  • हाल ही में पूर्वोत्तर परिषद के 68 वें पूर्ण सत्र का आयोजन कहां किया गया? (गुवाहाटी)
  • कारीगरों, बुनकरों और शिल्पकारों को ग्लोबल बाजार मुहैया कराने हेतु किस राज्य के द्वारा समर्थ कार्यक्रम की शुरुआत की गई है? (झारखंड)
  • झारखंड सरकार के द्वारा कारीगरों, बुनकरों और शिल्पकारों को ग्लोबल बाजार मुहैया कराने हेतु किस इ कॉमर्स कंपनी के साथ समझौता किया गया है? (फ्लिपकार्ट)
  • ‘लीडरशिप मैटर्स: रेलीवेंस ऑफ गांधी इन कंटेम्प्रेरी वर्ल्ड’ का आयोजन कहां किया जा रहा है? (संयुक्त राष्ट्र न्यूयॉर्क)
  • ‘हाउडी मोदी’ कार्यक्रम का आयोजन कहां किया जा रहा है? (ह्यूस्टन-अमेरिका)
  • हाल ही में किस देश के द्वारा पाकिस्तान में एक अरब डालर के निवेश की घोषणा की गई है? (चीन)
  • ‘‘ रीथिंकिंग गुड गवर्नेंस : होल्डिंग टू अकाउंट इंडियाज पब्लिक इंस्टीट्यूशन्स’’ पुस्तक किसके द्वारा लिखी गई है? (विनोद राय)
  • सातवें क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक भागीदारी (आरसीईपी) की मंत्री स्तरीय बैठक का आयोजन कहां किया जा रहा है? (बैंकाक)
  • हाल ही में किस देश में ‘स्वाइन फीवर’ रोग के फैसले की पुष्टि हुई है? (फिलीपींस)
  • इंटरनेट व ऑनलाइन गेम की मानसिक बीमारी से निपटने हेतु कौनसे पोर्टल को विकसित किया गया है? (बिहेवियर)
  • बिहेवियर पोर्टल का विकास किन संस्था के द्वारा संयुक्त रूप से मिलकर किया गया है? (अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान और विश्व स्वास्थ्य संगठन)
  • यूएस ओपन 2019 के पुरुष संवर्ग का खिताब किसने जीता? (राफेल नडाल)
  • यूएस ओपन 2019 के महिला संवर्ग का खिताब किसने जीता? (बियान्का एंड्रेस्कू)

स्रोत साभार: Dainik Jagran (Rashtriya Sanskaran), Dainik Bhaskar (Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara (Rashtriya Sanskaran) Hindustan Dainik (Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times (Hindi & English), PTI, PIB

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