(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (08 दिसंबर 2019)

दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर


(दैनिक समसामयिकी और प्रिलिम्स बूस्टर) यूपीएससी और सभी राज्य लोक सेवा आयोग परीक्षाओं के लिए हिंदी में समाचार पत्रों का संकलन (08 दिसंबर 2019)


:: राष्ट्रीय समाचार ::

देश का पहला 150 मेगावाट का फ्लोटिंग सोलर प्लांट

  • देश का पहला 150 मेगावाट का फ्लोटिंग सोलर प्लांट रांची के रूक्का डैम में लगाया जाएगा। झारखंड बिजली वितरण निगम एवं ज्रेडा के सहयोग से यह कार्य सोलर इनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (सेकी) कर रहा है। अब तक केवल केरल में महज 2 मेगावाट और महाराष्ट्र में 500 किलोवाट का फ्लोटिंग सोलर प्लांट थे। उसमें भी केरल का प्लांट दो साल पहले बाढ़ में बह गया था।
  • फलोटिंग सोलर प्लांट लगाने के पीछे मुख्य वजह जमीन है। इतना बड़ा प्रोजेक्ट लगाने के लिए हजारों एकड़ जमीन की जरूरत होगी। पानी में इसे लगाने से जलाशयों का पानी वाष्प बनकर नहीं उड़ेगा जो गर्मी के दिनों में अधिक होता है।

रेलवे 'रेलवायर' वाई-फाई 5500 रेलवे स्टेशनों में लाइव हुआ

  • रेलवे ने देश भर के 5500 स्टेशनों पर मुफ्त सार्वजनिक वाई-फाई उपलब्ध कराने का काम सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। पूर्व मध्य रेलवे जोन का महुआ मिलन रेलवे स्टेशन देश का 5500 वां स्टेशन बन गया है, जिसमें मुफ्त सार्वजनिक वाई-फाई है। यह एक अनोखी पहल है क्योंकि यह वाई-फाई नेटवर्क दुनिया के सबसे बड़े वाई-फाई नेटवर्क में से एक है।

पृष्टभूमि

  • रेलवे स्टेशनों को डिजिटल समावेश के केंद्र में बदलने के लिए, भारतीय रेल ने रेलवे स्टेशनों पर मुफ्त हाई-स्पीड वाई-फाई उपलब्ध कराने के लिए, रेल मंत्रालय के तहत एक मिनीरत्न पीएसयू, रेलटेल को अधिदेशित किया। भारत की आर्थिक राजधानी - मुंबई सेंट्रल स्टेशन से जनवरी 2016 में इसकी शुरूआत हुई थी और 46 महीनों के अंतराल में रेलवे ने देश भर के 5500 स्टेशनों पर वाई-फाई सफलतापूर्वक उपलब्ध करा दिया है। सभी रेलवे स्टेशनों (हाल्ट को छोड़कर) में वाई-फाई उपलब्ध कराने का लक्ष्य है। इस हेतु रेलटेल ने परियोजना के कुछ हिस्सों के लिए गूगल, टाटा ट्रस्ट, पीजीसीआईएल जैसे भागीदारों की सेवाएं लीं और 200 स्टेशनों के लिए दूरसंचार विभाग यूएसओएफ से वित्त पोषण भी प्राप्त किया। वाई-फाई रेलवायर के ब्रांड नाम के तहत उपलब्ध कराया जा रहा है।
  • अक्टूबर 2019 के महीने में सभी स्टेशनों पर ‘रेलवायर’ वाई-फाई सेवाओं में कुल 1.5 करोड़ उपयोगकर्ता लॉगिन हुए जिन्होंने 10242 टीबी डेटा का उपभोग किया। हाई-स्पीड वाई-फाई तक फ्री एक्सेस से ग्रामीण और शहरी भारत के बीच डिजिटल विभाजन को पाटने में मदद मिलेगी। अध्ययन सामग्री डाउनलोड करने के लिए अपने प्रतीक्षा समय का उपयोग करने वाले छात्र, डिजिटल भुगतान लेनदेन के लिए सेवा का उपयोग करने के लिए वाले वेन्डर, नए कौशल सीखने या नेट सर्फिंग करने के द्वारा स्टेशनों पर अपने समय का उपयोग करने वाले दैनिक यात्रियों के लिए मुफ्त वाई-फाई एक वरदान रहा है जो अन्यथा निम्न कनेक्टिविटी मुद्दों से जूझते रहते हैं।
  • उपयोगकर्ताओं को सर्वश्रेष्ठ इंटरनेट अनुभव प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया रेलवे स्टेशनों पर स्थित रेलवायर वाई-फाई ऐसे किसी भी उपयोगकर्ता के लिए उपलब्ध होगा, जिसके पास काम-काजी मोबाइल कनेक्शन के साथ स्मार्टफोन होगा। वाई-फाई का उपयोग करने के लिए उपयोगकर्ता को स्मार्टफोन पर वाई-फाई मोड पर स्विच ऑन करना होगा और रेलवायर वाई-फाई नेटवर्क का चयन करना होगा। रेलवायर होमपेज स्वचालित रूप से स्मार्टफोन पर दिखाई देता है। उपयोगकर्ता को इस होमपेज पर अपना मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा। उपयोगकर्ता को संदेश बॉक्स में एसएमएस के रूप में वन-टाइम पासवर्ड (ओटीपी) मिलेगा जो रेलवायर के होम पेज में दर्ज किया जाना है। ओटीपी दर्ज करने के बाद उपयोगकर्ता हाई स्पीड इंटरनेट का उपयोग कर पाएंगे और इंटरनेट ब्राउज़िंग शुरू कर सकते हैं।

:: अंतर्राष्ट्रीय समाचार ::

टॉप 100 सिटी डेस्टिनेशंस- 2019

  • हांगकांग भले ही इन दिनों सियासी उठापटक के दौर से गुजर रहा हो, लेकिन दुनियाभर के घुमक्कड़ों के लिए यह पहली पसंद है। यह बात लंदन स्थित मार्केट रिसर्च फर्म यूरोमॉनिटर इंटरनेशनल लिमिटेड की टॉप 100 सिटी डेस्टिनेशंस 2019 की रिपोर्ट में सामने आई है। रिपोर्ट में उन गंतव्यों के बारे में बताया गया है, जो दुनियाभर के पर्यटकों को कई कारणों से लुभाता है।
  • यूरोमॉनिटर इंटरनेशनल लिमिटेड की टॉप 100 सिटी डेस्टिनेशंस 2019 की रिपोर्ट के मुताबिक, हांगकांग के बाद, बैंकॉक और लंदन क्रमश: दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं, जो पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। वहीं, भारत की राजधानी दिल्ली को इस सूची में 11वां स्थान दिया गया है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि यह साल खत्म होने तक एशियाई महानगरों में करीब 2.6 करोड़ अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के आने का अनुमान है।
  • दुनिया के सबसे ज्यादा विजिट किए जाने वाले शीर्ष 20 शहरों की सूची में भारत के दो शहरों दिल्ली और मुंबई ने स्थान बनाया है। यही नहीं वर्ल्‍ड ट्रेवल एंड टूरिज्म प्रतिस्पर्धा इंडेक्स में भारत की रैंकिंग में काफी सुधार हुआ है। भारत ने दो सालों में छह स्थान की छलांग लगाई है। 2017 में भारत की 40वीं रैंक थी, वहीं 2019 में भारत 34वें स्थान पर पहुंच गया।

पाक ने एफएटीएफ को सौंपी आतंकियों पर कार्रवाई की रिपोर्ट

  • पाकिस्तान ने शनिवार को 22 बिंदुओं पर कार्रवाई की प्रगति रिपोर्ट एफएटीएफ को सौंप दी। आतंकवादी संगठनों और संगठित अपराधी गिरोहों के अर्थतंत्र पर नजर रखने वाली संस्था फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) ने पाकिस्तान को आतंकी संगठनों के खिलाफ 27 बिंदुओं पर सख्त कदम उठाने का निर्देश दिया है। लेकिन पाकिस्तान 22 पर ही काम कर सका।

पृष्टभूमि

  • अक्टूबर में हुई एफएटीएफ की बैठक में पाकिस्तान के आतंकी संगठनों के खिलाफ कुछ खास न कर पाने पर सदस्य देशों ने असंतोष जताया था और उसे ब्लैक लिस्ट में डालने का प्रस्ताव तैयार किया था। लेकिन पाकिस्तान के मित्र चीन, मलेशिया और तुर्की ने उसे ब्लैक लिस्ट में जाने के बचा लिया। इसके बाद सदस्य देशों ने पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट में बनाए रखने का फैसला किया था। एफएटीएफ ने फरवरी 2020 में होने वाली अपने वृहत बैठक से पहले पाकिस्तान को आतंकी संगठनों के खिलाफ 27 बिंदुओं पर कार्य करने का मौका दिया है। साथ ही चेतावनी दी कि अगर पाकिस्तान एक बार फिर विफल रहा तो उसे ब्लैक लिस्ट में डाल दिया जाएगा। एफएटीएफ की प्लेनरी बैठक फरवरी 2020 में होगी। उसमें पाकिस्तान पर भी चर्चा होगी। इस रिपोर्ट को दाखिल करने के बाद पाकिस्तान ने खुद को ग्रे लिस्ट से निकालने की मांग की है, जिससे उसकी छवि में सुधार आए और उसके यहां विदेशी पूंजीनिवेश गति पकड़ सके।

इंटरनेट (साइबर) कोर्ट : ई-कोर्ट

  • एक तरफ जहां भारत की अदालतों में न्यायिक मामलों का बोझ सुर्खियों में है, वहीं चीन ने ई-कोर्ट खोलकर मिसाल पेश की है। इसके लिए ब्लॉकचैन, क्लाउड कंप्यूटिंग, सोशल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। चीन के हेंगझाऊ शहर में अगस्त 2017 में पहले इंटरनेट (साइबर) कोर्ट की स्थापना की गई थी। पहले ही महीने में 12074 मामले आए थे, जिनमें से 10391 का फैसला हो गया। इस कोर्ट में जज आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस तकनीक पर काम करते हैं।
  • यानी, जज एक मशीन या रोबोट हैं, जिसके सामने वादी-प्रतिवादियों को पेश होना है। ये पेशी भी वीडियो चैट के जरिए हो सकती है। सुनवाई, जिरह पूरी होने के बाद फैसला भी ऑनलाइन ही मिलता है। इस इंटरनेट कोर्ट में ऑनलाइन कारोबार के विवाद, कॉपीराइट के मामले, ई-कॉमर्स प्रोडक्ट लायबिलिटी दावों के मामले सुने जा रहे हैं। सबसे ज्यादा मामले मोबाइल भुगतान और ई-कॉमर्स से जुड़े हैं। इसके अलावा किसी भी सिविल विवाद से जुड़े शिकायतकर्ता को अपनी शिकायत ऑनलाइन रजिस्टर्ड कराने और बाद में लॉगइन करके अदालती सुनवाई में शामिल होने की सुविधा है। एआई से लैस वर्चुअल जज मामले की सभी प्रक्रियाओं पर नजर रखते हैं।
  • हेंगझाऊ में इंटरनेट कोर्ट की स्थापना के बाद बीजिंग और गुआंगझाऊ में भी इसी तरह के चेंबर खोले गए। इन तीनों अदालतों में मिलाकर 1,18,764 मामले दर्ज किए गए जिनमें से 88,401 मामले निपटा दिए गए हैं। चीन के सोशल मीडिया मैसेजिंग प्लेटफॉर्म वी-चैट पर मोबाइल कोर्ट का भी विकल्प है, यानी चीन ने अपने नागरिकों को अदालत में शारीरिक रूप से हाजिर हुए बिना मामले की फाइलिंग, सुनवाई और सुबूत पेश करने की सुविधा देता है।

:: भारतीय अर्थव्यवस्था ::

को-ऑपरेटिव बैंकों का विनियमन

  • भारतीय रिजर्व बैंक सामान्य बैंकिंग संस्थाओं की तरह को-ऑपरेटिव बैंकों के विनियमन का भी पूरा अधिकार चाहता है। पंजाब एवं महाराष्ट्र सहकारी (पीएमसी) बैंक में भारी घोटाले की बात सामने आने के बाद को-ऑपरेटिव बैंकों पर नियंत्रण को लेकर आवाजें उठ रही हैं। इस सेक्टर पर लगाम कसने और बेहतर निगरानी के लिए उच्च स्तर पर विमर्श भी चल रहा है। इसी दिशा में कदम बढ़ाते हुए रिजर्व बैंक ने अब इस सेक्टर की लगाम अपने हाथ में लेने का प्रस्ताव दिया है। केंद्रीय बैंक ने वित्त मंत्रालय को इस संबंध में पत्र लिखकर सहकारी बैंकों का पूरा नियंत्रण देने को कहा है।
  • वित्त मंत्रालय के रुख से भी ऐसा लग रहा है कि वह आरबीआइ के इस प्रस्ताव के पक्ष में है। उम्मीद है कि संसद के आगामी बजट सत्र में मौजूदा बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट में बड़े संशोधन कर शहरी सहकारी बैंकों के नियमन की पूरी जिम्मेदारी आरबीआइ को सौंप दी जाए। भारतीय रिजर्व बैंक ने यह स्पष्ट किया है कि दोहरे रेगुलेशन की मौजूदा व्यवस्था के चलते शहरी सहकारी बैंकों की निगरानी में कई तरह की समस्याएं आ रही हैं। इन्हें दूर करने का एक ही तरीका है कि देश के दूसरे बैंकिंग सेक्टर की तरह ही इसकी बागडोर भी आरबीआइ को सौंप दी जाए।

वर्तमान व्यवस्था

  • वर्तमान व्यवस्था में शहरी क्षेत्र के को-ऑपरेटिव बैंकों पर आरबीआइ के साथ-साथ राज्यों का भी नियंत्रण है। ऐसा होने से रिजर्व बैंक इनकी पूरी निगरानी करने में सक्षम नहीं हो पाता है। इस दोहरी व्यवस्था को सहकारी बैंकों में होने वाली गड़बड़ियों की एक बड़ी वजह माना जाता है।
  • भारतीय रिजर्व बैंक की तरफ से केंद्र सरकार को भेजे गए नोट में कहा गया है कि उसे शहरी सहकारी बैंकों के प्रबंधन की सारी गतिविधियों पर नजर रखने का अधिकार मिले। केंद्रीय बैंक ने जरूरत पड़ने पर प्रबंधन में बदलाव या प्रबंधन को निरस्त कर उसकी जगह अपने अधिकारियों को नियुक्त करने से लेकर इनकी अन्य वाणिज्यिक गतिविधियों को भी अपने अधिकार में देने की बात कही है। अभी जब शहरी सहकारी बैंक पूरी तरह से विफल हो जाते हैं, तभी आरबीआइ उनके प्रबंधन में हस्तक्षेप करता है, जैसा पंजाब एवं महाराष्ट्र सहकारी (पीएमसी) बैंक बैंक के मामले में हुआ है।

:: विज्ञान और प्रौद्योगिकी ::

पहला बंदर-सुअर प्रजाति का जीव

  • देश-दुनिया के वैज्ञानिक नित नई खोज में लगे रहते हैं। इसी दिशा में चीन के वैज्ञानिकों ने बंदर और सुअर के जीन्स का प्रयोग करते हुए एक नई ब्रिड के जानवर पैदा किए, इनको पहला बंदर-सुअर प्रजाति नाम दिया गया। चीन के वैज्ञानिकों ने बंदर और सुअर के जीन्स को लेकर ये नया प्रयोग किया है। उन्होंने ऐसे सिर्फ दो बच्चे पैदा किए थे। बच्चे में जानवरों के दिल, यकृत, प्लीहा (spleen), फेफड़े और त्वचा में सिनोमोलगस बंदरों से आनुवंशिक सामग्री थी। एक सप्ताह के दौरान इन दोनों बंदरों की मौत हो गई। सन, डेलीमेल जैसे कुछ प्रमुख साइटों ने इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया है।
  • बीजिंग की स्टेट सेल की प्रमुख प्रयोगशाला और प्रजनन जीवविज्ञान में ये प्रयोग किया गया। यहां के वैज्ञानिक तांग हाइ ने बताया कि यह पूरी तरह से बंदर-सुअर की पहली रिपोर्ट है। उन्होंने बताया कि जो दोनों बंदर-सुअर के बच्चे मर गए। उन पांच-दिवसीय पिगलेट भ्रूण में बंदर की स्टेम कोशिकाएं थीं, जोकि एक समृद्ध प्रोटीन का उत्पादन करने के लिए उसमें समायोजित की गई थीं, जिससे शोधकर्ताओं को यह पता लगाने में मदद मिली कि कोशिकाएं कहां समाप्त हुईं। वैज्ञानिकों ने कहा कि यह स्पष्ट नहीं था कि इन दोनों बंदर-सुअर की मृत्यु क्यों हुई। उनका कहना है कि इनकी मौत आइवीएफ प्रक्रिया में किसी तरह की समस्या की वजह से रही होगी।

वैज्ञानिक समुदाय ने नैतिक चिंता जताई

  • वैज्ञानिक समुदाय के कुछ सदस्यों ने इस तरह के प्रयोग पर चिंता जाहिर की है। उनका कहना है कि ये प्रयोग नैतिक आधार पर नहीं किए गए हैं। इससे कई नैतिक चिंताएं पैदा हो रही हैं। कनाडा के किंग्स्टन में क्वीन्स यूनिवर्सिटी में न्यूरोसाइंटिस्ट डगलस मुनोज ने कहा कि इस तरह की शोध परियोजनाएं वास्तव में मुझे नैतिक रूप से डराती हैं। उन्होंने कहा कि हमें इस तरह से जीवन के कार्यों में हेरफेर नहीं करना चाहिए। यदि कोई प्रयोग किया भी जा रहा है तो उसमें इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि वो किस वर्ग के लाभ के लिए होगा।

पृष्टभूमि

  • इससे पहले चीन ने बंदरों पर मानव के दिमाग को लगाने के लिए एक प्रयोग शुरू किया था, उनका इस तरह का प्रयोग करने का उद्देश्य अल्जाइमर जैसे रोगों पर रिसर्च करना था मगर उस पर भी रोक नहीं लगी। येल विश्वविद्यालय के स्टेम सेल विशेषज्ञ अलेजांद्रो डी लॉस एंजिल्स ने लिखा है कि मानव रोग को प्रोत्साहित करने के लिए एक बेहतर पशु मॉडल की खोज दशकों से बायोमेडिकल शोध का एक विषय रहा है।
  • जनवरी 2017 में सैन डिएगो के सल्क इंस्टीट्यूट में एक मानव-सुअर संकर भ्रूण बनाया गया था, लेकिन 28 दिन बाद उसकी मृत्यु हो गई। यह आशा है कि अनुसंधान अंग दान के लिए एक विकल्प प्रदान कर सकता है। यूके में औसतन तीन लोग रोजाना और यूएस में 12 लोगों की मौत इसी वजह से हो जाती है क्योंकि उनको लगाए जाने वाले अंग समय पर नहीं मिल पाते हैं।

:: पर्यावरण और पारिस्थितिकी ::

टाइगर रिजर्व में पर्यटन स्थलों पर नहीं रुक सकेंगे टूरिस्ट

  • अब देशभर के टाइगर रिज़र्व में स्थित पर्यटन स्थलों पर टूरिस्ट रात्रि विश्राम नहीं कर सकेंगे। इससे देश-विदेश से जंगल में प्रवास के लिए आने वाले पयर्टकों को निराश होना पड़ेगा। राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) ने जंगल के कोर एरिया में पर्यटकों के रात में ठहरने पर प्रतिबंध लगाने का आदेश जारी कर दिया है। वजह, रात में जंगल में लाइट जलाने या मानवीय गतिविधियों से वन्यजीव असहज होते हैं।
  • राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण का मानना है कि कोर एरिया बाघों का वास स्थल होता है। ऐसे में वहा पर पर्यटकों को ठहराया जाना अनुचित है। इसलिए एनटीसीए ने देश भर के सभी टाइगर रिजर्व को यह आदेश जारी कर दिया है कि कोर एरिया में पर्यटकों की ठहराने की व्यवस्था खत्म की जाए। इस बाबत अक्टूबर में पत्र जारी किया गया।

:: विविध ::

साउथ एशियन गेम्स महिला क्रिकेट टूर्नामेंट

  • साउथ एशियन गेम्स महिला क्रिकेट टूर्नामेंट में तीसरे स्थान के लिए खेले गए प्लेऑफ मुकाबले में नेपाल के खिलाफ मालदीव महिला क्रिकेट के 10 बल्लेबाज खाता भी नहीं खोल पाए, और पूरी टीम हुई 8 पर ऑल आउट हो गयी। इस आठ रन में से सिर्फ एक रन ही बल्ले से बन पाया और सात रन एक्स्ट्रा के रहे।

:: प्रिलिम्स बूस्टर ::

  • देश का पहला 150 मेगावाट का फ्लोटिंग सोलर प्लांट कहां स्थापित किया जाएगा? (रूक्का डैम-रांची)
  • मुफ्त सार्वजनिक वाईफाई उपलब्ध कराने वाला देश का 5500 वां स्टेशन कौन है? (पूर्व मध्य रेलवे जोन- -महुआ मिलन रेलवे स्टेशन)
  • टॉप 100 सिटी डेस्टिनेशंस- 2019 के अनुसार पर्यटकों का शीर्ष गंतव्य स्थल कौन है? (हांगकांग)
  • टॉप 100 सिटी डेस्टिनेशंस- 2019 के अनुसार भारत का कौन सा शहर पर्यटकों को आकर्षित करने में शीर्ष गंतव्य स्थल रहा? (दिल्ली)
  • किस देश के द्वारा पहली बार बंदर और सूअर के जींस का प्रयोग करते हुए एक नए प्रजाति के जानवर को पैदा किया गया है? (चीन)
  • हाल ही में किस संस्था के द्वारा जंगल के कोर एरिया में पर्यटकों के रात में ठहरने पर प्रतिबंध लगाने दिया गया है? (राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण -एनटीसीए)
  • साउथ एशियन गेम्स में किस देश की महिला क्रिकेट टीम मात्र 8 रन पर ऑल आउट हो गई ? (मालदीव)
  • एफएटीएफ ने आतंकी संगठनों के पाकिस्तान को कितने बिंदुओं पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है? (27)

स्रोत साभार: Dainik Jagran (Rashtriya Sanskaran), Dainik Bhaskar (Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara (Rashtriya Sanskaran) Hindustan Dainik (Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times (Hindi & English), PTI, PIB

<< मुख्य पृष्ठ पर वापस जाने के लिये यहां क्लिक करें